यूं तो योग सभी उम्र के लिए उपयोगी है। इसलिए आप हर उम्र में योग का अभ्यास कर सकती हैं। उचित तो यह होगा कि उम्र बढ़ने के साथ आप योग का अभ्यास करती रहें। यह मस्तिष्क की ताजगी के साथ जोश बनाए रखने के लिए जरूरी है। इससे शरीर स्वस्थ रहता है। हमारे शरीर का हार्मोन संतुलन बना रहता है। उम्र बढ़ने के साथ योग के अभ्यास में केवल एक बात का ध्यान रखें कि आपका जोर योगाभ्यास की गुणवत्ता पर हो योग के अभ्यास की मात्रा ज्यादा मायने नहीं रखती है।

40 की उम्र छूने पर भी आप सारे आसन कर सकती हैं। हां, कोई शारीरिक व्याधि हो तो अलग बात है। इन 3 योगासनों को अपने एक्‍सरसाइज रुटीन में जरूर शामिल करें। इन योगासन के बारे में हमें योग संस्थान के डायरेक्‍टर डॉक्‍टर हंसाजी जयदेव योगेंद्र जी बता रहे हैं।

1. विपरीतकर्णी आसन

yoga asanas for women under  inside

आप रजोनिवृत्ति (मेनोपॉज) की तरफ बढ़ रही हैं, इसलिए आवश्यक है कि आप यह अर्धपलट आसन करें। इससे प्रजनन सिस्टम में ब्‍लड सर्कुलेशन होगा और सेहत में सुधार होगा। इस आसन को करने के लिए सबसे पहले फर्श पर लेट जाएं। फिर पैरों को सीधा और हाथों को शरीर से सटाकर रखें। धीरे-धीरे पांव और पीठ के पिछले हिस्से को उठाएं। अब पीठ के पिछले हिस्से को हाथों से सहारा दे सकते हैं। पांव को ऊपर उठाते हुए अंगूठे को आंखों की सीध में लाएं। 5-6 बार सामान्य तरीके से सांस लेकर शरीर को ढीला छोड़ दें।

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2. पर्वतासन

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यह आसन 40 की उम्र की महिलाओं को नियमित रूप से करना चाहिए। इस आसन में हाथ ऊपर उठाने से कांख में खिंचाव होता है, जिससे शरीर में हल्कापन और आराम महसूस होता है। इसे करने के लिए सबसे पहले पद्मासन की मुद्रा में बैठ जाएं। दोनों हाथों को नमस्कार की मुद्रा में जोड़ें और सांस लेते हुए उन्हें सिर के ऊपर ले जाएं। शरीर को ऊपर की तरफ खींचें। इसमें फेफड़े फैल जाते हैं। चार-पांच बार गहरी सांस लेने के बाद मुद्रा बदलें।

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3. सुप्त वक्रासन

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जैसे नाम से ही स्पष्ट है कि इस आसन में शरीर टेढ़ा करने से रीढ़ की हड्डी में थोड़ा बल पड़ता है। इस आसन को रेगुलर करने से बॉडी की मसल्‍स की एक्‍सरसाइज होती है। पीठ और पेट की मसल्‍स भी प्रभावित होती हैं। कमर पतली होती है और पीठ के निचले हिस्से की अकड़ कम होती है। इसे करने के लिए फर्श में बैठ जाएं और पांव सामने की तरफ फैला दें। पीठ, गर्दन और सिर फर्श के समानांतर रखें। दोनों हाथ कंधे से फैलाएं और शरीर को हल्‍के से मोड़ें। तीन बार सामान्य तरीके से सांस लेकर सीधे हो जाएं और फिर दूसरी तरफ शरीर को मोड़े। फिर शरीर को ढीला छोड़ दें।

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40 की उम्र के बाद हेल्‍दी रहने के लिए इन बातों पर ध्यान दें

  • कुछ भी हो जाए, लेकिन शरीर पर जरूर ध्यान दें। उसे बिल्कुल नजरअंदाज ना करें। 
  • दिनचर्या में आसन शामिल करें और सुबह शाम आधे घंटे अभ्यास करें।
  • रोजाना टहलना जारी रखें।
  • रोजाना कुछ याद कर अपनी स्मरणशक्ति बढ़ाएं। कोई श्लोक या लतीफा ही याद कर लें।
  • ज्ञान बढ़ाने के लिए यह सही उम्र है। कुछ नया सीखे, जिसका व्यवहारिक जीवन में उपयोग हो और आप आगे बढ़ें।
  • जब-तब क्रोध करने से बचें। अपनी पसंद की चीजों में खुद को व्यस्त रखकर जीवन का विकास करें। 

अगर आप भी 40 की उम्र में खुद को फिट और जवां बनाए रखना चाहती हैं तो इन योगासन को जरूर करें। 

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