कई लोगों को ये समस्या होती है कि उनकी नींद रात में बार-बार टूट जाती है। ये समय भी ऐसा है कि नींद में खलल पड़ना आम बात लगती है। नींद के खराब होने के कारण हमें थकान भी होती है और स्ट्रेस भी बढ़ता है। सही स्लीप साइकल बहुत जरूरी है ताकि शरीर के बाकी फंक्शन्स ठीक रहें। ऐसे में बार-बार नींद खराब होने की समस्या को ठीक करने के लिए ये जरूरी है कि हम एक्सपर्ट की बताई कुछ चीज़ें जरूर फॉलो करें। 

एक्सपर्ट डायटीशियन और न्यूट्रिशनिस्ट पूजा मखीजा ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर कुछ चीज़ें बताई हैं जो तब काम आएंगी जब आपकी नींद बार-बार टूटती हों। ये नुस्खा खासतौर पर ब्लड शुगर से जुड़ा हुआ है और आपके लिए काफी मददगार साबित हो सकता है। 

क्यों बार-बार खुलती है नींद-

न्यूट्रिशनिस्ट पूजा मखीजा का कहना है कि अगर आप बार-बार रात में उठते हैं तो इसका कारण ब्लड शुगर लेवल का कम होना हो सकता है। जरूरी नहीं कि हर बार यही कारण हो, लेकिन अधिकतर बार ये कारण ही होता है। ये कारण हमें बहुत ज्यादा परेशान कर सकता है और रोज़ाना आधी रात में नींद में खलल डाल सकता है। ये नींद में खलल पड़ना सही नहीं है। 

insomnia and waking up

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इन चीज़ों के बढ़ने और घटने से पड़ता है नींद में खलल-

नींद में खलल पड़ने का अहम कारण ब्लड शुगर लेवल का कम होना, कॉर्टिसोल का बढ़ना और मेलाटोनिन का कम होना होता है। 

दरअसल, ब्लड शुगर लेवल के कम होते ही एड्रानेलिन बढ़ता है जिससे कॉर्टिसोल लेवल बढ़ता है और मेलाटोनिन कम होता है। इसके कारण आपकी नींद खुल जाती है। 

night sleep disturbance

क्या है इससे बचने का तरीका-

इससे बचने का सबसे आसान तरीका ये है कि आप अपने खाने में प्रोटीन, Truptophan, मेलाटोनिन से भरपूर बादाम और कुछ ड्राईफ्रूट्स सोने से कुछ देर पहले खा लें।  

इससे मेलाटोनिन का प्रोडक्शन बढ़ जाता है और साथ ही साथ ये मैग्नीशियम से भी भरपूर रहते हैं। इससे आपकी नींद में खलल नहीं पड़ता और साथ ही साथ आपकी नींद पूरी होती है।  

 
 
 
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इसके अलावा स्लीपिंग पैटर्न में थोड़े से बदलाव करेंगे मदद- 

  • अपना बेड टाइम रूटीन निर्धारित करें। सही समय पर सोना बहुत जरूरी है। 
  • बिना कैफीन वाली स्लीपिंग टी जरूर पिएं। 
  • कमरे का तापमान 1 डिग्री कम कर लें। भले ही आप मोटे पर्दों से ऐसा करें। 
  • सोते समय अपनी आंखों के सामने घड़ी न रखें। 
  • स्मोकिंग से बचें।
  • एक्सरसाइज नियमित रखें। 
  • हर दिन एक समय पर सोने और एक समय पर जागने की कोशिश करें। 
  • दिन में सोने से बचें। 
  • बहुत कोशिश के बाद भी बेड पर लेटने पर नींद नहीं आ रही है तो आप किसी और कमरे में जाकर टहलें या थोड़ा सा वॉक करें।  

अगर आपके स्लीप पैटर्न में बहुत समस्या है या फिर आपको नींद आती ही नहीं है तो आप डॉक्टर से सलाह लें। अगर आपको ये स्टोरी अच्छी लगी तो इसे शेयर जरूर करें। ऐसी ही अन्य स्टोरी पढ़ने के लिए जुड़े रहें हरजिंदगी से।