पूरा विश्‍व इस वक्‍त कोरोना वायरस (COVID-19) के डर से सहमा हुआ है। दुनिया के 70 से भी ज्‍यादा देशों में कोरोना वायरस के मरीज पाए गए हैं। भारत में भी अब कोरोना के मरीजों का आंकड़ा दिन पर दिन बढ़ता जा रहा है। मौजूदा हालात यह है कि भारत में कोरोना के चपेट में 30 लोग आ चुके हैं। वैसे तो केंद्र सरकार ने इस वायरस से निपटने के लिए कमर कस ली है और लोगों को भी इससे बचने के लिए कुछ उपाय बताए गए हैं। मगर, हर तरह की सावधानी बरतने के साथ ही यह वक्‍त अपने शरीर की इम्‍यूनिटी बढ़ाने का है। आप इसे अच्‍छे खानपान के साथ ही योगा करके भी बढ़ा सकते हैं। 

योग गुरू रामदेव ने कोरोना वायरस से बचने और अपनी इम्‍यूनिटी को बढ़ाने के लिए एक लीडिंग न्‍यूज चैनेल खास बातचीत में 3 प्राणायाम बताए हैं। यह बेहद आसान हैं। बेस्‍ट बात तो यह है कि आप इसे कुछ देर के लिए घर पर ही बैठ कर सकते हैं। चलिए जानते हैं यह 3 प्राणायाम कौन से हैं। 

 इसे जरूर पढ़ें: अस्‍थमा को आसानी से कंट्रोल करते हैं एक्‍सपर्ट के बताये ये 3 योग

restorative yoga poses for immune system

भास्त्रिका प्राणायाम 

भस्त्रिका प्राणायाम को करने के लिए सबसे पहले आपको अपनी कमर, गर्दन और रीढ़ की हड्डी को सीधा करके बैठना है। अब आप अपनी आंखें बंद करें और सांस की गती को बढ़ा दें। आपको तेजी से सांस लेनी है और तेजी से छोड़नी है। जब आप तेजी से सांस लें तब आपका पेट भी साथ में फूलना चाहिए और जब आप तेजी से सांस छोड़ें तो आपका पेट अंदर की ओर जाना चाहिए। ऐसा आप 15 मिनट करें। 

इसे जरूर पढ़ें: क्या छींकने, खांसने से भी फैल रहा है वायरस? जानें खुद को इससे बचाने के असरदार तरीके

आपको बता दें कि इस प्राणायाम से शरीर को प्राणवायु अधिक मात्रा में मिलती हैं जिसके कारण शरीर के अंगों में मौजूद दूषित पदार्थों को बाहर निकल जाते हैं। इस प्राणायाम को करने में आपको ज्‍यादा मात्रा में ऑक्‍सीजन मिलती है और शरीर से ज्‍यादा मात्रा में कार्बन डाईऑक्‍साइड बाहर निकलती है। इससे फेफड़े ज्‍यादा अच्‍छे से काम करते हैं। साथ ही रक्‍त नलिकाएं शुद्ध और मजबूत बन जाती हैं। यह नाक, कान और आंख की सेहत के लिए भी अच्‍छा योग है। ये 5 योग रोजाना 10 मिनट करेंगी तो 50 की उम्र के बाद भी रहेंगी जवां और फिट

कपालभाति 

कपालभाति से भी आप अपनी इम्‍यूनिटी को बढ़ा सकते हैं। कोरोना के लक्षणों में एक लक्षण सांस लेने में दिक्‍कत होना भी है। अगर आप कपालभाति करते हैं तो आपको इसमें कमर, गर्दन और रीढ़ की हड्डी को सीधा करके बैठना है और अपनी हथेलियों को घुटने के उपर रखना होगा। इसके बाद आपको भस्त्रिका आसन की तरह गहरी सांस लेनी हैं। कोशिश करें कि सांस को तेजी से लें और तेजी से छोड़ें और सांस को छोड़ते वक्‍त आपका पेट जितना अंदर जा सके उतना अच्‍छा है। Corona Virus के बारे में आई नई रिपोर्ट

कपालभाति करने से आपके शरीर में रक्‍त का प्रवाह बेहतर होता है। ऐसा होने से शरीर कई तरह की बीमारियों से भी बचता है। आपको इससे हार्ट से जुड़े रोग नहीं होते हैं। साथ ही आपके फेफड़े और श्वसन तंत्र भी डिटॉक्सीफाई हो जाता है। 

इसे जरूर पढ़ें: Coronavirus से बचने के लिए इन 10 देशों के लोगों ने बदली आदतें

Swami Ramdev Coronavirus Yogasana

अनुलोम-विलोम 

अनुलोम-विलोम प्राणायाम करने के लिए आपको कमर, गर्दन और रीढ़ की हड्डी को सीधा करके बैठना है। इस आसन में आपको कंधों को ढीला छोड़ना होगा। हथेलियों को आकाश की ओर खुली मुद्रा में छोड़ना होगा। इसके बाद अपनी तर्जनी और मध्‍यमा उंगलियों को दोनेां भौहों के बीच में रखें। इसके बाद अनामिका और दोटी उंगली को नाक के बाएं ओर नासिका पर रखें वहीं अंगूठे को नाक की दाहिनी और नासिका पर रखे।

Recommended Video

अब बाएं ओर से नासिका को खुला रहने दें और दाएं ओर से अंगूठे से नासिका बंद करें। इसके बाद आप गहरी सांस लें और बाएं ओर से सांस को छोड़ दें। इतना ही नहीं आपको ऐसा दोहराना है आप बाएं ओर नासिका को बंद करके दाएं ओर नासिका से सांस लें और फिर बाएं ओर से सांस को छोड़ दें। ऐसा दिन में कम से कम 20 बार करें। इन बातों का ख्याल रख बनाये अपनी योगा मैट को क्लीन और हाइजीनिक

इस योग के कई फायदे हैं। इससे आपके फेफड़े शक्तिशाली होते हैं। साथ ही आपको सर्दी, जुकाम व दमा की शिकायत से राहत मिलेगी। इतना ही नहीं आपके पूरे शरीर में शुद्ध ऑक्‍सीजन पहुंचेगी। 'अनुलोम-विलोम' रोजाना 10 मिनट करने से महिलाओं को मिलेंगे ये 10 फायदे

नोट: यह तीनों योग केवल इम्‍यूनिटी को बढ़ाने के लिए हैं , कोरोना वायरस संक्रमण को ठीक करने का उपचार नहीं है।  

Image Credit: Swami Ramdev/ Youtube Channel