जब भी वेट लॉस और हेल्दी खाने की बात होती है तब अधिकतर लोगों का ये कहना होता है कि ब्राउन ब्रेड, होल व्हीट आटा, ब्राउन राइज आदि बहुत फायदेमंद होते हैं। कुछ हद तक ये सही भी है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि ब्राउन राइज भी कई लोगों को परेशान कर सकता है। दरअसल, लोग एक ट्रेंड को फॉलो करने लगते हैं और उसे ही हमेशा इस्तेमाल करते हैं, लेकिन ये सही नहीं है क्योंकि जो चीज़ किसी एक के लिए अच्छी है वही दूसरे के लिए भी अच्छी हो ये जरूरी नहीं है। 

ब्राउन राइस के फायदे और उसके नुकसान दोनों हो सकते हैं और इसे लेकर हम आज बात करते हैं। ब्राउन राइस खाना किन लोगों के लिए अच्छा हो सकता है और किन लोगों के लिए खराब ये जरूर जान लें। 

डायटीशियन और होलिस्टिक न्यूट्रिशनिस्ट और डाइट पोडियम की फाउंडर शिखा महाजन से हमने बात की और इस बारे में और जानने की कोशिश की। उन्होंने विस्तार से हमें ब्राउन राइज और उससे जुड़ी खूबियों और खामियों के बारे में बताया। 

brown rice facts

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क्या है ब्राउन राइस?

ये वो चावल होता है जिसकी आउटर लेयर का कुछ हिस्सा बचाया जाता है। हालांकि, इसे उगाने के तरीके में थोड़ा सा फर्क होता है। इसका टेक्सचर नॉर्मल चावल की तुलना में ज्यादा चिपचिपा होता है और इसमें फ्लेवर भी अलग आता है। क्योंकि इसमें चावल की आउटर लेयर मौजूद रहती है इसलिए इसमें कई विटामिन और मिनरल्स मौजूद होते हैं। इसमें थियामाइन भी होता है जो नर्वस सिस्टम के लिए अच्छा होता है। 

brown rice and making

क्यों वेट लॉस के लिए ब्राउन राइस को माना जाता है बेस्ट?

ब्राउन राइज को वेट लॉस के लिए इसलिए बेहतर माना जाता है क्योंकि इसमें व्हाइट राइज की तुलना में प्रोटीन ज्यादा होता है। इसी के साथ, इसमें फाइबर कंटेंट भी ज्यादा होता है और इसलिए आपको ज्यादा लंबे समय तक पेट भरा होने का अहसास करवाता है। इसलिए बार-बार भूख नहीं लगती और ओवरईटिंग से बचा जा सकता है। साथ ही ब्राउन राइस से पोर्शन कंट्रोल भी हो जाता है। 

ब्राउन राइज से जुड़ा मिथक- 

ब्राउन राइस से जुड़ा एक सबसे बड़ा मिथक ये है कि इसमें कैलोरी व्हाइट राइज की तुलना में कम होती है जबकि ये पूरी तरह से गलत है। इसमें उतनी ही कैलोरी होती है जितनी व्हाइट राइज में होती है। हां ये आपकी हड्डियों को स्ट्रांग रख सकता है क्योंकि इसमें कैल्शियम ज्यादा होता है और स्ट्रेस को कम कर सकता है क्योंकि इसमें पोटेशियम भी होता है।  

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ब्राउन राइस के साइड इफेक्ट्स-

ब्राउन राइस के फायदे और इससे जुड़े मिथकों के बारे में तो हमने आपको बता दिया, लेकिन अब इसके नुकसान के बारे में भी बात कर लेते हैं। शिखा महाजन ने साफतौर पर इसके साइड इफेक्ट्स के बारे में बताया है।  

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Phytic एसिड से भरपूर- 

सबसे बड़ा नुकसान जो ब्राउन राइस का होता है वो ये है कि इसमें काफी मात्रा में फाइटिक एसिड होता है। ये एक एंटी न्यूट्रिएंट है। जिसे एंटी न्यूट्रिएंट्स के बारे में नहीं पता मैं उन्हें बता दूं कि ये पौधों में पाए जाने वाले कंपाउंड होते हैं जो शरीर में कुछ तरह के न्यूट्रिएंट्स को एब्जॉर्ब होने में मुश्किल पैदा करते हैं।  

फाइटिक एसिड शरीर में आयरन, जिंक, मैग्नीशियम जैसे मिनरल्स को एब्जॉर्ब करने में दिक्कत पैदा करता है।  

हेल्थ के लिए हो सकता है नुकसानदेह- 

जैसा कि हम बता चुके हैं कि शरीर के लिए फाइटिक एसिड थोड़ा नुकसानदेह साबित हो सकता है। अगर आपको कुछ खास तरह की बीमारियां हैं और आपकी हेल्थ के लिए आयरन एब्जॉर्ब करना बहुत जरूरी है तो ब्राउन राइज आपके लिए हेल्दी ऑप्शन नहीं साबित होगा। हां, ये वेट लॉस के लिए अच्छा है, लेकिन आपकी हेल्थ के लिए ये अच्छा है या नहीं ये तो आपको डॉक्टर से बात करके ही पता करना होगा।  

अपनी डाइट और हेल्थ से जुड़ा कोई भी फैसला लेने से पहले आपको डॉक्टर से बात कर लेनी चाहिए। आपको अगर ये स्टोरी अच्छी लगी हो तो इसे शेयर जरूर करें। ऐसी ही अन्य स्टोरी पढ़ने के लिए जुड़े रहें हरजिंदगी से।