कई बार हमारे शरीर में कुछ ऐसी समस्याएं होने लगती हैं जिन्हें लेकर हमें डॉक्टर से संपर्क करना पड़ जाता है। कई लोगों का ये सवाल होता है कि वो तो अपनी लाइफस्टाइल हेल्दी रखते हैं फिर ऐसा क्यों होता है कि उन्हें परेशान होना पड़ जाता है या बार-बार वो बीमार रहते हैं। ऐसा सिर्फ किसी बैक्टीरिया या वायरस की वजह से ही नहीं होता बल्कि ऐसा इसलिए भी हो सकता है क्योंकि हमारे शरीर में जरूरी विटामिन और मिनरल्स की कमी हो गई हो। 

यकीनन हम कोशिश करते हैं कि हेल्दी डाइट लें लेकिन कुछ लोगों के शरीर को ज्यादा न्यूट्रिएंट्स की जरूरत होती है और कुछ को कम। ऐसे में क्या करें कि आपकी समस्या कम हो जाए ये जानना जरूरी है। 

हमने इस समस्या को लेकर Aster CMI Hospital की सीनियर डाइटिशियन एड्विना राज से बात की। एड्विना जी का कहना है कि फूड शरीर का ईंधन होता है और अगर हमारा शरीर नेचुरल न्यूट्रिएंट्स नहीं पा रहा है तो ये समस्या को बढ़ा सकता है। मैक्रो और माइक्रो न्यूट्रिएंट्स दोनों ही जरूरी हैं और इसी के साथ, विटामिन्स और मिनरल्स का भी ध्यान रखना चाहिए। 

इसे जरूर पढ़ें- चाय या कॉफी में इस तरह से शक्कर करें कम, ना पड़ेगा स्वाद पर असर ना होगी सेहत के लिए खराब

सभी रंगों को अपनी प्लेट में शामिल करें-

न्यूट्रिएंट्स की भरपूर मात्रा पाने का सबसे आसान तरीका ये है कि आप सभी रंगों के फूड्स को अपनी प्लेट में शामिल करें। सफेद, लाल, हरा, पीला, काला आदि रंग के फूड्स अपने अंदर अलग-अलग न्यूट्रिएंट्स और प्रोटीन लिए होते हैं। ऐसे में ये फूड्स आपको एंटीऑक्सिडेंट्स और मिनरल्स से भरपूर डाइट देंगे। दिन में एक कटोरी मिक्स सलाद खाना सबसे अच्छा ऑप्शन होगा।  

diet and nutrients

इन 5 न्यूट्रिएंट्स को डाइट में जरूर शामिल करें-

अब बात करते हैं उन न्यूट्रिएंट्स की जिनकी शरीर को अधिक मात्रा में जरूरत रहती है। ये ऐसे न्यूट्रिएंट्स होते हैं जो आपके खाने में होने ही चाहिए।

1. कार्ब्स-

शरीर में एनर्जी का मुख्य सोर्स कार्ब्स ही होते हैं और ये अलग-अलग तरह के फूड्स में मिलते हैं। अगर आप लो कार्ब डाइट में भी हैं तो भी ये जरूर कोशिश करें कि थोड़ा-थोड़ा इन्हें डाइट में शामिल करें वर्ना शरीर में कमजोरी हो सकती है। 

2. प्रोटीन-

प्रोटीन की जरूरत शरीर को किस तरह से होती है ये तो आप समझ ही गए होंगे। ये हमारा बिल्डिंग ब्लॉक होता है और शरीर के हर सेल में प्रोटीन मौजूद होता है। इसे रिपेयर करना और नए सेल्स बनाना जरूरी है। अपनी डाइट में फिश, मीट, डेयरी प्रोडक्ट्स, अंडे, बीन्स, नट्स, दाल और अन्य प्रोटीन सोर्स जरूर शामिल करें। 

3. फैट्स-

फैट फ्री डाइट से धोखा ना खाएं क्योंकि शरीर को एनर्जी देने के लिए काफी हद तक फैट्स का होना जरूरी है। आपके हार्मोनल बैलेंस को ये ठीक कर सकता है और सेल ग्रोथ बढ़ा सकता है। ऐसा नहीं है कि सिर्फ फैट से भरपूर खाना ही खाएं, लेकिन इसे इग्नोर ना करें। गुड कोलेस्ट्रॉल के लिए भी फैट जरूरी होता है। एवोकाडो, फिश, चिया सीड्स, डार्क चॉकलेट, नट्स, सनफ्लावर, तिल, कद्दू के बीज आदि बहुत काम के साबित हो सकते हैं।  

colors of diet

 

इसे जरूर पढ़ें- महिलाओं की सेहत से जुड़ी ये 5 निजी बातें हो सकती हैं खतरे की घंटी 

4. विटामिन्स-

अब बात करते हैं उन माइक्रोन्यूट्रिएंट्स की जिनकी शरीर को बहुत जरूरत होती है और जो विटामिन और मिनरल्स के फॉर्म में मिलते हैं। हमारे शरीर को ये 13 विटामिन्स चाहिए होते हैं और इनके सोर्स ये हैं- 

विटामिन A- पीले या नारंगी रंग की सब्जियां और फल जैसे कद्दू, गाजर, शकरकंद, पपीता और उसके अलावा अंडे, मीट, फिश और गहरे रंग की सब्जियां जैसे पालक। 

विटामिन C- अमरूद, टमाटर, पत्ता गोभी, आंवला, सिट्रस फ्रूट्स, शिमला मिर्च आदि। 

विटामिन D- ऑयली फिश जैसे सैल्मन, मैकेरल, रेड मीट, अंडे की जर्दी आदि डाइट में और सूरज की धूप।

विटामिन E- वेजिटेबल ऑयल, नट्स, सीड्स और पालक आदि। 

विटामिन K- वेजिटेबल्स (ब्रोकोली, पत्तागोभी, गोभी, पालक, लेटस), मछलियां, मीट, अंडे और सीरियल्स। 

विटामिन B1- ये थियामाइन विटामिन है जो पिस्ता, लिवर, सूखा दूध, नट्स, ओट्स, संतरे, पोर्क, अंडे, सीड्स, दाल, मटर और यीस्ट से मिलता है। 

विटामिन B2- ये riboflavin विटामिन है जो अंडे, लीन मीट, दूध, सीट्स, एस्पेरेगस, ब्रोकोली, पालक आदि से मिलता है। 

विटामिन B3- ये niacin विटामिन है जो मूंगफली, लिवर, चिकन ब्रेस्ट, टूना, सैल्मन, पोर्ट, बीफ आदि से मिलता है। 

पैन्टोथेनिक एसिड (B5) -  ये फोर्टिफाइड सीरियल्स में भरपूर होता है, इसके अलावा लिवर, बीफ, चिकन ब्रेस्ट, मशरूम, एवोकाडो, डेयरी मिल्क, नट्स और सीड्स आदि में मिलता है। 

बायोटिन (B7)- ये विटामिन अखरोट, मटर, सीरियल्स, दूध, अंडे की जर्दी, मशरूम, गोभी, एवोकाडो, केला और रैस्पबेरी से मिलता है। 

विटामिन B6- ये पोल्ट्री, मूंगफली, सोयाबीन, ओट्स और केले से मिलता है।

विटामिन B12- ये फिश, मीट, पोल्ट्री, अंडे और डेयरी प्रोडक्ट्स से मिलता है। 

फोलेट (फॉलिक एसिड और B9)- हरी पत्तेदार सब्जियां, बीन्स, मूंगफली, ताज़ा फल और फलों के रस 

Recommended Video

5. मिनरल्स-

ऐसे ही आपको कैल्शियम, फास्फोरस, पोटेशियम, सोडियम, क्लोराइड, मैग्नीशियम, आयरन, जिंक, आयोडीन, क्रोमियम, कॉपर और अन्य सभी मिनरल्स को अपनी डाइट में शामिल करना चाहिए। ये सभी आपके लिए बहुत फायदेमंद साबित हो सकते हैं।  

आपके शरीर को किस मिनरल की कमी है और किस तरह से आप डाइट में उसे शामिल कर सकते हैं ये किसी एक्सपर्ट या मेडिकल प्रोफेशनल से सलाह लेने के बाद ही पूरा करें। अगर आपको ये स्टोरी अच्छी लगी है तो इसे शेयर जरूर करें। ऐसी ही अन्य स्टोरी पढ़ने के लिए जुड़े रहें हरजिंदगी से।