जब हम सफाई या डिटॉक्सिंग के बारे में सोचते हैं, तो हम हमेशा सोचते हैं कि हम क्या खाते हैं और इसे कैसे बदल सकते हैं। लेकिन खाना हमारी पांचवी इंद्रियों में से एक है - अन्य चार को साफ करने के बारे में क्या आपने कभी सोचा है? शायद कभी नहीं। इसलिए आज हम आपकी बाकी की चार इंद्रियों यानि आंख, कान, नाक और त्‍वचा को सफाई के टिप्‍स बता रहे हैं। इन टिप्‍स के बारे में हमें आयुर्वेदिक एक्‍सपर्ट नीति सेठ के इंस्‍टाग्राम अकाउंट को देखने के बात पता चला। उनके बताए टिप्‍स को अपनाकर आप भी इन इंद्रियों की सफाई करके खुद को फिट रख सकती हैं।

 
 
 
View this post on Instagram

A post shared by Niti Sheth (@_nitisheth_)

आंखों की सफाई

four senses eyes inside

हमारा लगभग सारा दिन कम्‍प्‍यूटर और लैपटॉप की स्‍क्रीन को देखते हुए गुजरता है। इसलिए अपनी थकी हुई आंखों को स्क्रीन्स से विराम देने के लिए फिजिकल बुक पढ़ें, आंखों के लिए कुछ योगासनों को आज़माएं। इसके अलावा इस बात का भी ध्‍यान रखें जो कुछ भी आप दिनभर में खाती हैं उससे आपकी आंखों को पोषण मिलें। इसके लिए आप अपनी डाइट में पोषक तत्‍वों से भरपूूर हरी सब्जियां को शमिल करें। साथ ही विटामिन ए से युक्त चीजों को भी डाइट में शामिल करें।   

इसे जरूर पढ़ें:मेडिटेशन से मिलती है शांति, घर में इस तरह बनाएं मेडिटेशन रूम

नाक की सफाई

four senses nose inside

गंध की अपनी भावना को साफ करने का मतलब है कि मूल बातों पर वापस जाना - हमें दैनिक आधार पर गंध महसूस होती है। यहां तक कि आर्टिफिशियल चीजों जैसे सुगंधित त्वचा प्रोडक्‍ट्स, परफ्यूम, कमरे में जलने वाली सुगंधित मोमबत्ती, कपड़े धोने की 'स्वच्छ' गंध यहां तक कि फर्श को साफ करने वाले क्‍लीनर और खाने की चीजों से भी गंध महसूस होती हैं। इतने सारे केमिकल्‍स के साथ जिनका हम नाम भी नहीं ले सकते हैं और जो हमारी नाक पर एक संवेदी अधिभार में योगदान करते हैं।

इसलिए इसकी बजाय, अपने आस-पास मौजूद गंध को देखें और कोशिश करें और धीरे-धीरे इन्हें जितना संभव हो उतना प्राकृतिक मूल बनाएं। यह आपको भोजन और आपके डाइजेशन बेहतर संबंध बनाने में भी मदद करेगा। इसलिए आप सिर्फ इसलिए कुछ नहीं खाती हैं क्योंकि इससे अच्छी खुशबू आती है, बल्कि इसलिए खाएं क्योंकि आप वास्तव में भूख लगी हैं।

Recommended Video

कानों की सफाई

four senses ears inside

सभी इंद्रियों को साफ करना दो स्तरों पर हो सकता है: शारीरिक और मनोवैज्ञानिक। हम अपने कानों को एक साधारण तेल मालिशकी मदद से साफ कर सकते हैं या कुछ बूंदें प्रत्येक कान (कर्ण पुराण) में भी डाल सकते हैं, लेकिन अंग को साफ करना जितना महत्वपूर्ण है, उतना ही हम जो इसमें डालते हैं उसकी फ़िल्टरिंग। यह सुनने के लिए एक सचेत प्रयास है जो आपको पोषण और प्रेरित करेगा। उन शब्दों को सुनने से बचना चाहिए जो खुद को या दूसरों को बुरे लगे।

इसेे जरूर पढ़ें:छठी इंद्री और इसे जागृत करने के लिए इन 6 तरीकों के बारे में जानें

त्‍वचा की सफाई

four senses skin inside

हमारी त्वचा हमारे शरीर का सबसे महत्‍वपूर्ण अंग है, जैसे हम भोजन के माध्यम से खुद को डिटॉक्स करते हैं। ऐसे ही हम अपनी त्वचा पर जो कुछ भी लगाते हैं उसे डिटॉक्स करें। धीरे-धीरे अपने सभी स्किन केयर प्रोडक्‍ट्स को नेचुरल चीजों में बदलने के बारे में सोचें - जिन्हें आप महसूस करते हैं कि आपके लिए पर्याप्त सुरक्षित हैं। जो भी आप अपनी त्वचा पर लगाती हैं वह आपके शरीर में सही अवशोषित हो जाता है। आयुर्वेद एक detoxing विधि के रूप में खुद की मालिश के बारे में बात करता है- लेकिन अतिरिक्त कफ दोष के लिए ड्राई ब्रशिंग सबसे अच्‍छा होता है।

आप भी इन चीजों को अपनाकर अपने इन 4 इंद्रियों की अच्‍छी तरह से सफाई कर सकती हैं। इस तरह की और जानकारी पाने के लिए हरजिंदगी से जुड़ी रहें। 

Image Credit: Freepik.com