पीरियड्स हर महिला की जिंदगी का एक खास हिस्सा है। और इसी प्रक्रिया के बंद हो जाने को मेनोपॉज कहते हैं। ऐसा महिलाओं में 40-55 की उम्र के आस-पास होता है। यह अवस्था जीवन में अचानक नहीं आती है, इसको आने में चार-पांच साल लग जाते हैं। मेनोपॉज में महिला की बॉडी में कई तरह के शारीरिक और मानसिक पविर्तन होने लगते है। अक्‍सर ये परिवर्तन इतनी धीमी गति से होते है और इतने कम होते है कि महिला को कोई प्रॉब्‍लम नहीं होती है। लेकिन कुछ महिलाओं को विशेष कष्‍ट होता है। मेनोपॉज स्वयं को कई तरह से प्रस्तुत करता है। इसका सबसे उल्लेखनीय लक्षण है, पीरियड्स का धीरे-धीरे कम हो जाना। हालांकि इसके शुरू होने से पहले ही कुछ ऐसे लक्षण प्रकट होते हैं, जो यह बताते हैं कि मेनोपॉज अब पास ही है। आइए मेनोपॉज के लक्षणों के बारे में विस्‍तार से जानें।
 
इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) के अध्यक्ष डॉक्‍टर के.के. अग्रवाल ने इस बारे में कहा, 'मेनोपॉज के लक्षण हर किसी में अलग होते हैं, जिनमें अनियिमित अत्यधिक ब्‍लीडिंग, अनिद्रा, रात को पसीना आना, खराब पीएमएस, माइग्रेन, वेजाइनल ड्राइनेस और पेट का मोटापा बढ़ना आदि समस्याएं होती हैं। इसके अलावा महिलाओं के मेंटल हेल्‍थ में भी बदलाव आते हैं।'

उन्होंने कहा, 'हार्मोन में बदलाव से बेचैनी, डिप्रेशन, चिड़चिड़ापन और तेजी से मूड बदलने जैसे लक्षण हो सकते हैं। कई महिलाओं को सीने में दर्द जैसी समस्याएं होती हैं। ऐसा लगातार होने पर डॉक्टर से सलाह लेना आवश्यक होता है।'

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हॉट फ्लशैस
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कई महिलाओं में मेनोपॉज के दौरान हॉट फ़्लैश (गर्माहट) महसूस होना सबसे पहला लक्षण है। ये आपको आपकी बॉडी के ऊपरी हिस्से या पूरी बॉडी में महसूस हो सकता है। आप चेहरे और गर्दन पर लालिमा का अनुभव करते हैं और पसीना अधिक आता है। ये हॉट फ़्लैश कभी कभी इतनी तेज होती है कि आपको नींद से भी जगा सकती है। अधिकतर महिलाओं को मेनोपॉज के बाद 1-2 सालों तक इस लक्षण का अनुभव होता है।

यूटीआई इंफेक्‍शन

मेनोपॉज के दौरान कुछ महिलायें कुछ ज्यादा ही यूटीआई इंफेक्‍शन का अनुभव करती हैं। इस समय एस्ट्रोजेन का कम लेवल और यूरीन मार्ग में परिवर्तन आपको इन्फेक्शन के योग्य बनाते हैं। इन्फेक्शन होने पर बिना देरी किये डॉक्टर से संपर्क करें।

नींद न आना

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अच्‍छी नींद के लिए 7-8 घंटे की नींद बहुत जरूरी है लेकिन मेनोपॉज के दौरान नींद न आना आम समस्या है। कभी कभी आप जल्दी उठ जाती हैं या सोने के समय नींद ही नहीं आती। इसलिए जितना हो सके एक्‍सरसाइज करें और खुद को बिजी रखें। सोते समय सेलफोन को दूर रखें क्योंकि उसकी लाइट नींद न लाने का बहुत बड़ा कारण है। सोने से पहले नहाने, पढ़ने, मधुर संगीत सुनने से अच्छी नींद आती है।

मानसिक बदलाव

यूं तो मूड में बदलाव पीएमएस के दौरान भी होते हैं लेकिन ये मेनोपॉज के साथ भी संबंधित हैं। आपको रोना आ सकता है, चिढ़चिढ़ी हो सकती है, अत्‍यधिक खुशी या दुखी महसूस कर सकती है। आपकी मनोदशा कुछ भी हो, मेनोपॉज के दौरान आपकी मूड एक सिरे से दूसरे सिरे के बीच में अचानक बदल सकती है। ध्यान रहे कि इन हार्मोन परिवर्तनों के कारण आपका ब्रेन भी प्रभावित हो सकता है जो कि आपके लिए बहुत हानिकारक साबित हो सकता है। इस अवस्था से बचें!

लगातार यूरीन आना
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मेनोपॉज के दौरान अपने ब्‍लैडर पर कंट्रोल कम होना बहुत आम बात है। आपको ब्‍लैडर पूरा भरने से पहले ही यूरीन करने की इच्‍छा करने लगती है इस दौरान दर्द भी होता है। ऐसा मेनोनॉज के कारण होता है क्योंकि इसमें आपका वेजाइना और ब्‍लैडर लचीलापन छोड़ देते हैं और आसपास की पेल्विक मसल्‍स भी कमजोर हो जाती हैं। लगातार यूरीन आने की समस्या से आराम पाने के लिए अधिक शराब के सेवन से बचें, हाइड्रेटेड रहें और किगल एक्सरसाइज की हेल्‍प से पेल्विक मसल्‍स को मजबूत रखें। 

थकान

हालांकि थकान कई अन्य परिस्थितियों का भी लक्षण है, परंतु दिए गए उपरोक्त लक्षणों के साथ अगर आपको थकान भी होती है तो ये मेनोपॉज की ओर इशारा करता है। थकान को सामान्य थकान, अच्छी तरह नींद पूरी होने के बावजूद थकान, और रोज़मर्रा के कामों को करने में भी थकान महसूस होना, इस तरह परिभाषित किया जा सकता है।

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वेजाइना में ड्राईनेस
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प्राकृतिक लुब्रिकेशन जो योनि की दीवारों पर होता है और जो कामोत्तेजना के दौरान बढ़ जाता है, मेनोपॉज के दौरान इसकी मात्रा कम हो सकती है। बॉडी में हॉर्मोन का लेवल बदलता है और एस्ट्रोजन की मात्रा कम हो जाती है, इस कारण वेजाइना बहुत ड्राई हो जाती है और बहुत असहज महसूस होता हैं।

सेक्‍स में कम रुचि

मेनोपॉज के समय सेक्स के प्रति रुचि कम होना नॉर्मल है क्योंकि यह एस्ट्रोजेन के लेवल में कमी के कारण होता है। कुछ महिलाओं को इस दौरान सेक्स में अधिक रुचि हो सकती है लेकिन अगर आपकी कामेच्छा में कमी किसी और वजह से है जैसे की सेक्स के दौरान दर्द होना आदि तो आपको डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।

इन लक्षणों के दिखने पर समझ जाना चाहिए कि आपको मेनोपॉज होने वाला है।

  • Pooja Sinha
  • Her Zindagi Editorial