लंबे, घने और काले बाल किसी की भी खूबसूरती में चार-चांद लगा सकते हैं। लेकिन लाइफस्‍टाइल से जुड़ी आदतों, बालों की अच्‍छी तरह से देखभाल न करने, खान-पान में लापरवाही आदि के कारण बाल बेजान होकर झड़ने लगते हैं। ऐसे में सुंदर बाल पाना आजकल एक सपना बनाकर रह गया है। लेकिन आपको परेशान होने की जरूरत नहीं है क्‍योंकि कुछ उपायों को अपनाकर इस सपने को साकार किया जा सकता है। 

जी हां अगर आप झड़ते बालों से परेशान हैं और उन्‍हें खूबसूरत बनाना चाहती हैं तो अपनी लाइफस्‍टाइल में बदलाव और डाइट में पोषक तत्‍वों को शामिल करने के साथ-साथ आपको बालों की देखभाल के लिए नेचुरल चीजों को चुनना होगा। इसलिए आज हम आपको एक नेचुरल शैंपू बनाने का तरीका बता रहे हैं जिसे आप आसानी से घर पर बना सकती हैं।       

बालों के लिए इस प्राकृतिक शैंपू को इस्‍तेमाल करने की सबसे अच्छी बात यह है कि यह केमिकल्‍स और सुगंधों से मुक्त होता है। बाजार में उपलब्ध हेयर केयर प्रोडक्‍ट्स में इस्तेमाल किया जाने वाला इत्र या खुशबू टॉक्सिन होते हैं। इसके अलावा बाजार में मिलने वाले शैंपू में इस्‍तेमाल किए जाने वाले एसएलएस और पैराबेंस आपके बालों को नुकसान पहुंचा सकते हैं और बालों के झड़ने का कारण बनते हैं। 

इसलिए अगर आप अपने बालों के लिए नेचुरल शैंपू की तलाश में हैं तो इस आर्टिकल में बताया आयुर्वेदिक शैंपू निश्चित रूप से आपको बेहद पसंद आएगा। साथ ही घर में नेचुरल चीजों से बना यह शैंपू बाजार में मिलने वाले शैंपू की तुलना में बेहद ही सस्‍ता है और पर्यावरण के अनुकूल भी है। तो देर किस बात की आइए इस शैंपू को बनाने, इस्‍तेमाल के तरीके और फायदों के बारे में जानते हैं।

herbal shampoo for hair fall inside

आयुर्वेदिक शैंपू के लिए सामग्री

  • रीठा - 10-12
  • शिकाकाई- 1/4 कप
  • आंवला- 1/4 कप

शैंपू बनाने का तरीका नंबर-1

  • शैंपू बनाने के लिए सबसे पहले रीठ को लेकर अच्‍छी तरह से क्रश करके उसमें से बीजों को निकाल लें। 
  • फिर क्रश रीठा के टुकड़ों के साथ शिकाकाई और आंवले को एक सॉस पैन में मिलाएं। 
  • अब इसमें 2 कप पानी मिलाकर पानी को उबालें। 
  • फिर इस घोल को ठंडा होने दें और एक महीन कपड़े से सारी चीजों को अच्‍छी तरह से निचोड़ दें। 
  • इसे गीले स्‍कैल्‍प पर शैंपू की तरह लगाएं और पानी से साफ कर लें। 
  • अगर आपके बाल ड्राई हैं तो शैंपू में लाइट हेयर ऑयल जैसे आर्गन ऑयल या नारियल तेल या फ्रेश एलोवेरा जैल को मिलाएं।
herbal shampoo for hair fall inside

शैंपू बनाने तरीका नंबर-2

  • अगर आप इस शैंपू में मौजूद जड़ी बूटियों का इस्‍तेमाल पाउडर की रूप में करना चाहती हैं, तो एक ग्लास जार में 1/4 कप रीठा और उसी मात्रा में शिकाकाई पाउडर और आंवला पाउडरमिलाएं। 
  • इसे अच्‍छी तरह से मिक्‍स करें और इसे 3-4 महीने के लिए ठंडी सूखी जगह पर स्टोर करें। 
  • फिर 1-2 बड़े चम्मच लें। पाउडर को गुनगुने पानी या गर्म ग्रीन टी के साथ मिलाएं।
  • गीले बालों पर इसे लगाएं और कुछ देर के बाद बालों को धो लें।  
  • अगर आपके बाल ड्राई हैं तो शैंपू में 1 बड़ा चम्‍मच शहद, कोई भी हेयर ऑयल, या एलोवेरा जैल मिलाएं। 
  • शैंपू जैसी स्थिरता बनाने के लिए इसे अच्छी तरह मिलाएं। 
 

Recommended Video

शैंपू के लिए रीठा, आंवला और शिकाकाई ही क्‍यों?

आंवला

विटामिन्‍स और पोषक तत्वों से भरपूर आंवला बालों की जड़ों को मजबूत बनाने के साथ-साथ सीबम के उत्पादन को संतुलित करने में मदद करता है। यह बालों के पतले होने और बालों की ड्राईनेस को दूर करने वाला एक प्रभावी उपाय है। इस तरह से यह बालों के झड़ने को कम करता है। आंवले को लंबे समय तक इस्‍तेमाल करके आप बालों की हेल्‍दी ग्रोथ को बढ़ावा दे सकती हैं।

amla retha inside

रीठा

रीठे को साबुन की बनावट के कारण हेयर क्‍लींजर के रूप में इस्‍तेमाल किया जाता है। अगर आप नेचुरल शैंपू का इस्‍तेमाल करना चाहती हैं तो होममेड रीठा शैंपू  आपके लिए एक अच्‍छा और सही विकल्प है। रीठे से बना यह आयुर्वेद हेयर शैंपू विटामिन ए, डी, ई और के से भरपूर होता है जो आपके बालों के लिए कई तरह से फायदेमंद होता है। यह हानिकारक केमिकल्‍स और पेराबीन से फ्री होता है। साथ ही यह बालों में वॉल्यूम बढ़ाता है और उन्‍हें शाइनी बनाता है। यह फ्रिजी और ड्राई बालों के लिए बहुत अच्‍छा होता है। रीठे का इस्‍तेमाल आप चाहे तो पाउडर के रूप में या लिक्विड रूप के रूप में कर सकती हैं। इसकी सबसे अच्‍छी बात यह है कि यह बाजार में आसानी से मिल जाता है और बालों को पोषण देने के लिए आप रीठे का इस्‍तेमाल ऐसे ही या अन्य चीजों के कॉम्बिनेशन में कर सेकती हैं।

इसे जरूर पढ़ें:रीठा और शिकाकाई के इस्तेमाल से दूर हो जाती हैं ये 4 हेयर प्रॉब्लम्स

शिकाकाई

शिकाकाई को बालों की देखभाल के लिए सबसे शक्तिशाली आयुर्वेद की जड़ी-बूटियों में से एक है। शिकाकाई में प्राकृतिक सफाई गुण होते हैं जो स्‍कैल्‍प को प्रभावी ढंग से साफ करते हैं और फंगस की ग्रोथ को धीमा करते हैं। यह डैंड्रफ और स्‍कैल्‍प संक्रमण के मुख्य कारणों में से एक है। इसमें एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-फंगल गुण होते हैं जो स्‍कैल्‍प की बीमारियों और बालों के झड़ने की समस्‍या को दूर करने में मदद करते हैं। यह स्‍कैल्‍प को एक्‍सफोलिएट करता है और बिल्ड-अप निकालता है। यह डैंड्रफ के कारण स्‍कैलप में होने वाली खुजली को ठीक करता है।

इन तीनों ही जड़ी-बूटियों को बालों की सेहत के लिए बहुत अच्‍छा माना जाता है और अगर इन 3 चीजों को एक साथ मिला दिया जाए तो इनके फायदे काफी बढ़ जाते हैं। 

अगर आपको यह आर्टिकल अच्छा लगा हो तो इसे शेयर जरूर करें। इसी तरह के अन्य रोचक आर्टिकल पढ़ने के लिए अपनी वेबसाइट हरजिन्दगी के साथ जुड़ी रहें। 

Image Credit: Freepik.com