प्रेग्‍नेंसी के दौरान नियमित रूप से व्यायाम करने से होने वाली मां और उसके बच्चे दोनों को बहुत सारे फायदे होते हैं। इससे शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य में सुधार होता है और अतिरिक्त वजन बढ़ने का जोखिम भी कम होता है। इतना ही नहीं  व्‍यायाम संभवतः प्रसव को आसान बनाता है। इससे एंडोर्फिन नामक हार्मोन रिलीज होता है, मूड-बूस्टर के रूप में काम करता है।

प्रेग्‍नेंसी के दौरान नियमित व्यायाम और शारीरिक गतिविधियों के लाभ:

  • हृदय गति में लगातार वृद्धि और ब्‍लड सर्कुलेशन में सुधार होता है। 
  • मोटापे और इससे संबंधित जटिलताएं, जैसे जेस्टेशनल डायबिटीज और हाइपरटेंशन का जोखिम कम होता है। 
  • कब्ज, वैरिकाज़ नसों, पीठ के दर्द और प्रेग्‍नेंसी की अन्य जटिलताओं को रोकने में मदद मिलती है। 
  • शरीर को लचीला और मजबूत बनाए रखने में मदद मिलती है। 
  • स्वस्थ वजन बढ़ाने और नियंत्रित में सहायता मिलती है। 
  • लेबर पेन और बच्‍चे के जन्म के लिए मांसपेशियों को तैयार करने में मदद मिलती है। 
  • deep vein thrombosis को रोकने में मदद होती है। 
  • नींद और भावनात्मक स्वास्थ्य में सुधार होता है। 

इसके अतिरिक्‍त लाभ: 

  • लेबर पेन कम होता है और दर्द में राहत देने वाली दवाओं का कम सेवन करने में मदद मिलती है। 
  • प्रीटर्म और सिजेरियन डिलीवरी का जोखिम कम होता है। 
  • डिलीवरी के बाद रिकवरी अधिक तेजी से होती है। 

शोध बताते हैं कि शिशु के लिए भी व्‍यायाम के  कुछ लाभ हो सकते हैं, जैसे:

  • फेटल की हार्ट रेट कम होती है। 
  • बर्थ वेट हेल्‍दी होता है। 
  • फैट मास कम होता है। 
  • तनाव को सहने की क्षमता बेहतर होती है। 
  • नर्वस सिस्‍टम के विकास को बढ़त मिलती है। 

प्रेग्‍नेंसी के दौरान आपको कितना व्यायाम करना चाहिए?

वर्तमान दिशानिर्देश प्रेग्‍नेंट महिलाओं को हफ्ते में कम से कम 150 मिनट व्‍यायाम करना चाहिए या फिर नियमित रुप से 30 मिनट हल्‍का-फुल्‍का व्‍यायाम करना चाहिए। 

जहां तक हार्ट और सामान्‍य स्‍वास्‍थ्‍य का सवाल है, दिनभर में 3 बार 10 मिनट के लिए वॉक करने से भी प्रेग्‍नेंट महिलाओं को लाभ मिलेगा। इसलिए महिलाओं को अपने हिसाब से जो उनके लिए बेस्‍ट हो उस तरह का व्‍यायाम अपने लिए प्‍लान करना चहिए। 

इसके अलावा खड़े हो कर घर के काम करना और वह गतिविधियां करना, जिसके लिए आपको वॉक करनी पड़े, वह भी लाभकारी हो सकती है। 

इसे जरूर पढ़ें: प्रेग्नेंसी में योगा को लेकर महिलाओं के मन में होते हैं कई मिथ्स, एक्सपर्ट से जानिए इनकी सच्चाई

Staying fit during pregnancy

क्या प्रेग्‍नेंट होने पर व्यायाम करने के कोई जोखिम हैं?

अधिकांश महिलाएं प्रेग्‍नेंसी के दौरान हल्‍की-फुल्‍की फिटनेस गतिविधियों का आनंद ले सकती हैं, लेकिन अपने डॉक्‍टर से आपको व्‍यायाम करने के तरीके और रूटीन पर चर्चा अवश्‍य करनी चाहिए। डॉक्‍टर आपको आपकी मेडिकल हिस्‍ट्री के आधान पर व्‍यायाम करने के लिए गाइड करेगा। 

जो महिलाएं प्रेग्‍नेंट होने से पहले ही रनिंग जैसी जोरदार गतिविधि कर रही थीं वह इस रूटीन को जारी रख सकती हैं, लेकिन इसके लिए भी वह एक बार अपने डॉक्‍टर से परामर्श जरूर लें। 

गर्भवती होने के लिए सबसे अच्छा कार्डियो व्यायाम क्या हैं?

डॉक्‍टर के परमार्श के बाद आप जब एक्‍सरसाइज को रूटीन में लाती हैं तो यह निम्‍नलिखित एक्‍सरसाइज आपकी ब्‍लड सर्कुलेशन को बढ़ाने, मांसपेशियों को टोन रखेने और धीरज बढ़ाने में मदद करती हैं- 

  • तैराकी
  • वॉक करना 
  • दौड़ना और टहलना
  • समूह नृत्य या एरोबिक एक्‍सरसाइज करना 
  • हल्‍की-फुल्‍की वेट लिफ्टिंग करना 
  • पिलाटेज 
  • योगा 

अतिरिक्त गतिविधियां हैं:

  • स्क्वाट्स 
  • बटरफ्लाई एक्‍सरसाइज 
  • प्राणायाम
  • सोलफुल चौंटिंग 
  • सकारात्मक साहित्य पढ़ना

Recommended Video

निष्कर्ष

वर्कआउट और फिट रहना माताओं के लिए न केवल उनकी शारीरिक और मानसिक सेहत के लिए फायदेमंद है बल्कि यह बच्चे के अच्‍छे स्‍वास्‍थ्‍य के लिए भी महत्वपूर्ण है। शारीरिक गतिविधियों के लिए अपने चिकित्सक से सलाह लें और वह व्‍यायाम करें आपके लिए सबसे अच्छा काम कर सकते हैं।

विशेषज्ञ की सलाह के लिए डॉ. मित्र सक्सेना (एमडी, डीएनबी, ओबी-गायनी, एफआईसीएमसीएच, एफआईसीओजी। डीआईपी ENDOSCOPY (KIEL)) को विशेष धन्यवाद।