2021 के गणतंत्र दिवस के फंक्शन से एक रात पहले इस साल के पद्म अवॉर्ड्स पाने वाले लोगों की लिस्ट जारी कर दी गई थी। राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने 119 पद्म अवॉर्ड्स विजेताओं का नाम लिस्ट में रखा है। इस लिस्ट में 7 पद्म विभूषण, 10 पद्म भूषण और 102 पद्म श्री अवॉर्ड्स शामिल हैं। इनमें से 29 महिलाएं हैं और इस लिस्ट में 10 फॉरेनर्स, 16 लोगों की मौत हो चुकी है और 1 ट्रांसजेंडर अवॉर्डी है। 

पद्म अवॉर्ड्स हर साल इसी समय घोषित किए जाते हैं और पद्म श्री, पद्म भूषण और पद्म विभूषण पाने वाले लोग अलग-अलग विधाओं में देश के लिए बहुत बड़ा योगदान देते हैं। सोशल वर्क, विज्ञान, मनोरंजन, इंजीनियरिंग, मेडिसिन और अन्य विधाओं से इन्हें चुना जाता है। 

पद्म अवॉर्ड्स चुनने का प्रोसेस क्या है?

पद्म विभूषण- ये अवॉर्ड्स उन लोगों को दिए जाते हैं जो अपने कार्यक्षेत्र में सबसे ऊंचा काम कर देश का नाम पूरे विश्व में रौशन करते हैं। 

पद्म भूषण- ये उनके नाम जाता है जिनका काम बहुत ऊंचा होता है और अन्य लोगों से अलग। 

पद्मश्री- ये उन लोगों को दिया जाता है जो अपनी फील्ड में कुछ अलग कर दिखाते हैं। 

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आज हम आपको 29 महिलाओं के बारे में कुछ बताने जा रहे हैं जिन्हें पद्म अवॉर्ड्स मिले हैं-

1. कृष्णण नायर शांतिकुमारी चित्रा

अवॉर्ड- पद्म विभूषण

कर्नाटक म्यूजिक को अपनी जिंदगी समर्पित करने वाली प्लेबैक सिंगर के एस चित्रा को उनके रीजनल म्यूजिक में योगदान के लिए ये अवॉर्ड मिला है। 

2. सुमित्रा महाजन

अवॉर्ड- पद्म विभूषण 

भारतीय पॉलिटीशियन सुमित्रा महाजन 2014-2019 तक लोक सभा स्वीकर रह चुकी हैं और उन्हें 2021 में देश के तीसरे सबसे बड़े सिविलियन अवॉर्ड से सम्मानित किया गया है।  

sumitra mahajan padma

3. पी अनीता

अवॉर्ड- पद्मश्री 

चेन्नई की पी अनीता भारतीय महिला नेशनल बास्केटबॉल टीम की कैप्टन हैं और उनके नाम 30 से ज्यादा मेडल जीतने का रिकॉर्ड भी है।  

4. भूरी बाई

अवॉर्ड- पद्मश्री 

भील आर्ट को पूरे देश में प्रसिद्ध करने वाली मध्यप्रदेश की भूरी बाई को ये सम्मान मिला है। भूरी आर्ट्स की दुनिया में एक जाना माना नाम हैं जो झाबुआ की रहने वाली हैं।  

5. लखीमी बरुआ

अवॉर्ड- पद्मश्री 

लखमिनी बरुआ असम की एक महिला बैंकर हैं जिन्हें महिला सशक्तिकरण और महिलाओं की जिंदगी में एक सफल बदलाव लाने के लिए ये अवॉर्ड दिया गया है।  

6. रजनी बेक्टर

अवॉर्ड- पद्मश्री 

पंजाब, लुधियाना की रजनी बेक्टर जो अपने छोटे किचन को एक बड़े बिक्सिट और ब्रेड प्रोडक्शन बिजनेस में तब्दील कर चुकी हैं। 79 साल की रजनी कई महिलाओं के लिए रोल मॉडल हैं।  

rajni bactor padma

7. संघखुमी बौलचुआक 

अवॉर्ड- पद्मश्री 

मिज़ोराम की सोशल वर्कर संघखुमी ने मीज़ो सोसाइटी के लिए काम किया और उनके लिए कई पॉलिसीज के लिए लड़ाई की।  

8. प्रकाश कौर

अवॉर्ड- पद्मश्री 

जालंधर की प्रकाश कौर ने करीब 80 अनाथ और त्याग दी गई लड़कियों की देखरेख की और उन्हें सही दिशा दिखाई। खुद प्रकाश कौर को भी उनके माता-पिता ने छोड़ दिया था।  

9. चुटनी देवी

अवॉर्ड- पद्मश्री 

झारखंड की चुटनी देवी को उनके गांव वालों ने चुड़ैल करार दे दिया था पर उन्होंने हार नहीं मानी और समाज की बुराई के खिलाफ लड़ीं और 55 अन्य लोगों की मदद की।  

chutni devi padma

10. बिरुबाला रभा

अवॉर्ड - पद्मश्री 

असम कि बिरुबाला के साथ भी चुटनी देवी की तरह ही अत्याचार हुआ। बिरुबाला असम में चुड़ैल बनाए जाने की प्रथा और महिलाओं पर अत्याचार के विरुद्ध काम कर रही हैं।  

11. सिंधुताई सपकल

अवॉर्ड - पद्मश्री 

अन्य लोगों द्वारा सिंधुताई को 'माई' नाम से संबोधित किया जाता है। सिंधुताई सपकल करीब 1000 अनाथ बच्चों की मां हैं और यहां तक कि इनके नाम एक डॉक्युमेंट्री भी बन चुकी है।  

sindhutai kapkal padma

12. दुलारी देवी

अवॉर्ड- पद्मश्री 

बिहार की दुलारी देवी को सोशल वर्क के लिए ये अवॉर्ड मिल रहा है। मधुबन जिले के रांटी गांव की दुलारी देवी पढ़ी-लिखी नहीं हैं, लेकिन मधुबनी पेंटिंग को उन्होंने दुनियाभर में शोहरत दिलाई है।  

13. राधे देवी

अवॉर्ड- पद्मश्री

राधे देवी मनीपुर की ट्रेडिशनल ब्राइडल वियर डिजाइनर हैं जो पोटलोई बनाती हैं। इसमें वो मनीपुरी कला का प्रदर्शन करती हैं।  

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14. शांति देवी

अवॉर्ड- पद्मश्री 

ओड़िशा की शांति देवी को कोरापुटिया गांधी के नाम से जाना जाता है। ये विनोबा भावे के आंदोलन से प्रेरित होकर खुद सोशल वर्क में आगे हैं और अनाथ बच्चों और परेशान महिलाओं के लिए काम करती हैं।  

15. अंशू जामसेनप्पा

अवॉर्ड- पद्मश्री 

अंशू जामसेनप्पा एक भारतीय पर्वतारोही हैं और वो पहली महिला हैं जो एक ही सीजन में दो बार माउंट एवरेस्ट की चढ़ाई कर चुकी हैं। साथ ही साथ सबसे तेज़ डबल सम्मिट अडेंड करने वाली पर्वतारोही हैं जिन्होंने ये काम सिर्फ 5 दिनों में किया।  

16. पूर्णमासी जानी

अवॉर्ड- पद्मश्री 

ओड़िशा की पूर्णमासी जानी को कला के क्षेत्र में उनके प्रदर्शन के लिए ये पुरुस्कार मिला है। बिना किसी पढ़ाई के भी 50 हज़ार से ज्यादा भक्ति गीत उन्होंने उड़िया, कुई और संस्कृति में लिखे और गाए हैं।  

17. माता बी. मनजम्मा जोगती

अवॉर्ड- पद्मश्री 

फोक आर्ट्स की दुनिया में मनजम्मा जोगती एक जाना माना नाम हैं। उन्होंने खुद को बतौर ट्रांसजेंडर साबित करने और अपनी पहचान ढूंढने में पूरी जिंदगी बिता दी और अब कर्नाटक जनपदा अकादमी की प्रेसिडेंट हैं।  

18. संजीदा खातून

अवॉर्ड- पद्मश्री 

संजीदा खातून बंगलादेशी म्यूजिकोलॉजिस्ट हैं। वो बंगलादेश मुक्ति संग्रामी शिल्पी संस्था की फाउंडर भी हैं और सोशल वर्क, आर्ट्स और कल्चर के क्षेत्र में जाना माना नाम हैं।  

19. नीरू कुमार

अवॉर्ड- पद्मश्री 

सोशल वर्क के क्षेत्र से जुड़ी नीरू कुमार दिल्ली से हैं। वो लंबे समय से अपने काम के प्रति समर्पित हैं।  

20. लाजवंती

अवॉर्ड- पद्मश्री 

लाजवंती जी 67 साल की हैं और पटियाला के त्रिपुरी जिले में रहती हैं। उन्होंने पंजाबी फुलकारी की कला को जीवंत किया है और उसी क्षेत्र में काम करती हैं।  

21. पप्पाम्मल

अवॉर्ड- पद्मश्री

105 साल की पप्पाम्मल शायद सबसे ज्यादा उम्र की पद्मश्री अवॉर्डी हैं। कोयंबटूर तमिलनाडु से आने वाली पप्पाम्मल खेती के क्षेत्र में बहुत आगे हैं और वो कई पीढ़ियों की रोल मॉडल हैं। वो कई खेती से जुड़े इवेंट्स में भी हिस्सा लेती हैं।  

22. जस्वंतिबेन जमनादास पोपट

अवॉर्ड- पद्मश्री 

लिज्जत पापड़ की एक फाउंडर जस्वंतिबेन को कई लोग जानते हैं। 80 रुपए और 4 पैकेट पापड़ से अपनी 6 सहेलियों के साथ लिज्जत पापड़ की शुरुआत करने वाली जस्वंतिबेन ने अपनी कंपनी शुरू कर दी थी।  

23. बॉम्बे जयश्री रामनाथ

अवॉर्ड- पद्मश्री 

कोलकाता से आने वाली जयश्री 58 साल की हैं और क्लासिकल म्यूजिक और फिल्म वर्ल्ड का जाना माना नाम हैं। उन्होंने 1982 में अपना पहला म्यूजिक कॉन्सर्ट रखा था और उसके बाद से उन्होंने कभी पलट कर नहीं देखा।  

24. सुधा हरी नारायण सिंह

अवॉर्ड- पद्मश्री 

भारतीय एथलीट सुधा हरी नारायण सिंह को भी पद्मश्री अवॉर्ड से सम्मानित किया गया है। वो लॉन्ग डिस्टेंस रनर हैं जो कई नेशनल और इंटरनेशनल कॉम्पटीशन में हिस्सा लेती हैं।  

25. मृदुला सिन्हा

अवॉर्ड- पद्मश्री (मरणोपरांत) 

मृदुला सिन्हा भारतीय लेखिका और राजनीतिज्ञ रह चुकी हैं। वो गोवा की पहली महिला राज्यपाल रह चुकी हैं और बीजेपी महिला मोर्चा की पूर्व प्रेसिडेंट भी।  

26. मौमा दास

अवॉर्ड- पद्मश्री 

टेबल टेनिस प्लेयर मौमा दास को भी इस बार पद्म अवॉर्ड से सम्मानित किया दया है। उन्होंने कई बार भारत को ऊंचाई पर पहुंचाया है और अपने बेहतरीन खेल का प्रदर्शन किया है।  

mouma das padma

27. निदूमुलु सुमथी

अवॉर्ड- पद्मश्री

निदूमुलु एक बहुचर्चित मृदंगवादक हैं और वो ऑल इंडिया रेडियो के साथ भी काम कर चुकी हैं। उन्होंने भारत और विदेशों में कई म्यूजिक कॉम्पटीशन में हिस्सा लिया है और अपने म्यूजिक से देश का नाम रौशन किया है।  

28. ऊषा यादव

अवॉर्ड- पद्मश्री 

कानपुर की ऊषा यादव को लिट्रेचर और एजुकेशन के क्षेत्र में ये अवॉर्ड दिया गया है। वो बतौर लेखिका काफी प्रसिद्ध हैं और कक्षा 9 से ही उनकी लिखी कविताएं प्रकाशित होती आई हैं।  

29. गुरु मां कमली सोरेन

अवॉर्ड- पद्मश्री 

पश्चिम बंगाल की सोशल वर्कर कमली सोरेन को भी इस साल पद्मश्री अवॉर्ड मिला है। वो बेहद गरीब घर से थीं, लेकिन कभी अपने काम से पीछे नहीं हटीं। मालदा के लोगों के लिए कमली सोरेन 'गुरु मां' ही हैं।  

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