Maa Durga ki Aarti 2025: शारदीय नवरात्रि में हर दिन करें मां दुर्गा जी की आरती, मिलेगा सुख-समृद्धि का आशीर्वाद

शारदीय नवरात्रि का त्योहार बेहद खास होता है। इन दिनों में माता रानी घरों में विराजती हैं और उनकी पूजा की जाती है। नवरात्रि के सांतवे दिन काल की पूजा होती है। इससे आपके बिगड़े काम पूरे हो जाएंगे। इसलिए आपको भी माता रानी की रोजाना आरती करनी चाहिए, जिससे मां दुर्गा प्रसन्न हो सके। आइए आर्टिकल में बताते हैं कौन सी आरती आप नवरात्रि के दिनों में रोजाना पाठ खत्म होने के बाद रोजाना करें।
शारदीय नवरात्रि में मां दुर्गा की आरती
जय अम्बे गौरी, मैया जय श्यामा गौरी ।
तुमको निशदिन ध्यावत, हरि ब्रह्मा शिवरी ॥
ॐ जय अम्बे गौरी..॥
मांग सिंदूर विराजत, टीको मृगमद को ।
उज्ज्वल से दोउ नैना, चंद्रवदन नीको ॥
ॐ जय अम्बे गौरी..॥
कनक समान कलेवर, रक्ताम्बर राजै ।
रक्तपुष्प गल माला, कंठन पर साजै ॥
ॐ जय अम्बे गौरी..॥
केहरि वाहन राजत, खड्ग खप्पर धारी ।
सुर-नर-मुनिजन सेवत, तिनके दुखहारी ॥
ॐ जय अम्बे गौरी..॥

कानन कुण्डल शोभित, नासाग्रे मोती ।
कोटिक चंद्र दिवाकर, सम राजत ज्योती ॥
ॐ जय अम्बे गौरी..॥
शुंभ-निशुंभ बिदारे, महिषासुर घाती ।
धूम्र विलोचन नैना, निशदिन मदमाती ॥
ॐ जय अम्बे गौरी..॥
चण्ड-मुण्ड संहारे, शोणित बीज हरे ।
मधु-कैटभ दोउ मारे, सुर भयहीन करे ॥
ॐ जय अम्बे गौरी..॥
ब्रह्माणी, रूद्राणी, तुम कमला रानी ।
आगम निगम बखानी, तुम शिव पटरानी ॥
ॐ जय अम्बे गौरी..॥

चौंसठ योगिनी मंगल गावत, नृत्य करत भैरों ।
बाजत ताल मृदंगा, अरू बाजत डमरू ॥
ॐ जय अम्बे गौरी..॥
तुम ही जग की माता, तुम ही हो भरता,
भक्तन की दुख हरता । सुख संपति करता ॥
ॐ जय अम्बे गौरी..॥
भुजा चार अति शोभित, खडग खप्पर धारी ।
मनवांछित फल पावत, सेवत नर नारी ॥
ॐ जय अम्बे गौरी..॥
कंचन थाल विराजत, अगर कपूर बाती ।
श्रीमालकेतु में राजत, कोटि रतन ज्योती ॥
ॐ जय अम्बे गौरी..॥
श्री अंबेजी की आरति, जो कोइ नर गावे ।
कहत शिवानंद स्वामी, सुख-संपति पावे ॥
ॐ जय अम्बे गौरी..॥
जय अम्बे गौरी, मैया जय श्यामा गौरी ।
मां दुर्गा की आरती कैसे करें?
मां दुर्गा की आरती करने के लिए, एक थाली में घी का दीपक जलाएं, फूल, धूप और अक्षत रखें, फिर आरती की थाली को देवी की प्रतिमा के चरणों में चार बार, नाभि पर दो बार, मुखमंडल पर एक बार और फिर पूरे शरीर पर सात बार घुमाकर जय अम्बे गौरी गाएं। इसके बाद इस आरती की थाली को पूरे घर में घुमाएं। इससे आपकी आरती पूरी हो जाएगी।
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मां दुर्गा की आरती करने का महत्व
- मां दुर्गा की जय अम्बे गौरी आरती करने का महत्व यह है कि इससे पूरे घर में सकारात्मक ऊर्जा आती है।
- इस आरती को रोजाना करने से सुख-समृद्धि प्राप्त होती है।
- मां दुर्गा की इस आरती को करने से मन को शांति और सकारात्मक ऊर्जा प्राप्त होती है।
- इस आरती को करने से जीवन में आने वाली बाधाओं से मुक्ति पाने का रास्ता मिलता है।
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आप भी शारदीय नवरात्रि के दिनों में मां दुर्गा की इस आरती को जरूर करें। इसे आप सुबह और शाम दोनों समय में कर सकते हैं। इसके बाद ही अपनी पूजा को पूरा करें। इससे माता रानी का आशीर्वाद आपके ऊपर हमेशा बना रहेगा।
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