• ENG
  • Login
  • Search
  • Close
    चाहिए कुछ ख़ास?
    Search

Hariyali Teej 2022: जानें किस दिन पड़ेगी हरियाली तीज, पूजा का शुभ मुहूर्त और महत्व

हिंदू धर्म में हरियाली तीज का विशेष महत्व है। ऐसा माना जाता है कि इस दिन माता पार्वती और भगवान शिव का पूजन करने से मनोकामनाओं की पूर्ति होती है।   
author-profile
Published -12 Jul 2022, 12:16 ISTUpdated -12 Jul 2022, 16:53 IST
Next
Article
hariyali teej  shubh muhurat kab hai

हमारे देश में सभी त्योहारों का अलग महत्व है। हिंदू धर्म के सभी पर्व अलग तरीके से मनाने की प्रथा सदियों से चली आ रही है। इन्हीं त्योहारों में से प्रमुख है सावन के महीने में पड़ने वाली हरियाली तीज। यह तीज भारत में हिंदू महिलाओं के द्वारा मनाए जाने वाले तीन सबसे महत्वपूर्ण तीज में से एक है।

इनमें से अन्य दो प्रमुख तीज कजरी तीज और हरतालिका तीज हैं जो सावन और भादो के महीने में होती हैं। लेकिन सबसे पहले पड़ने वाली हरियाली तीज सर्वप्रमुख माना जाता है। यह तीज सावन महीने के शुक्ल पक्ष की तृतीया को मनाई जाती है। आइए ज्योतिषाचार्य एवं वास्तु विशेषज्ञ डॉ आरती दहिया जी से जानें इस साल कब मनाया जाएगा हरियाली तीज का त्योहार। 

हरियाली तीज की तिथि और शुभ मुहूर्त 

hariyali teej shubh muhurat

  • इस साल हरियाली तीज श्रावण मास के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को मनाई जाएगी। इस साल तृतीया तिथि 31 जुलाई, रविवार के दिन पड़ेगी।   
  • हरियाली तीज पूजा का शुभ मुहूर्त प्रातः 6:30 मिनट से 8:33 मिनट तक है। 
  • प्रदोष काल में इसकी पूजा का सही समय सायं 6:33 मिनट से रात 8:51 मिनट तक है। 
  • हरियाली तीज में पूजा प्रदोष काल में की जाती है और इसका विशेष महत्व होता है। 

हरियाली तीज की पूजा विधि 

sawan hariyali teej puja vidhi

  • हरियाली तीज के दिन प्रातः जल्दी उठकर स्नान करें और हरे वस्त्र धारण करके पूजन की तैयारी करें। इस दिन घर के बड़ों को हरे वस्त्र और हरे रंग की चूड़ियों के साथ श्रृंगार का सामान दान देने की प्रथा है। 
  • यदि आप हरियाली तीज व्रत रखती हैं तो भगवान शिव और माता पार्वती का ध्यान करते हुए व्रत का संकल्प करें। यदि आप व्रत नहीं रख पा रही हैं तब भी आप यदि इस दिन श्रद्धा से माता पार्वती और शिव का पूजन करती हैं तो ये विशेष रूप से फलदायी होता है। 
  • शिवलिंग की पूजा बेलपत्र, धतूरा, सफ़ेद फूलों आदि से करें और माता पार्वती को सिन्दूर चढ़ाएं और श्रृंगार का सामान चढ़ाएं।
  • माता पार्वती का पूजन करते हुए अपने सुहाग की दीर्घायु की कामना करते हुए व्रत एवं पूजन करें। 
  • पूरे दिन व्रत का पालन करें और फलाहार लें। 

Recommended Video

हरियाली तीज का महत्व

hariyali teej significance

हरियाली तीज के दिन को माता पार्वती और भगवान शिव के पूजन के लिए मुख्य माना जाता है। ऐसा माना जाता हैं कि इस दिन ही भगवान शिव ने माता पार्वती को अपनी पत्नी के रूप में स्वीकार किया था। इसी वजह से यह व्रत मुख रूप से शादी शुदा स्त्रियों के लिए ख़ास होता है। इस व्रत का कुंवारी लड़कियों के लिए भी विशेष महत्व है क्योंकि इस व्रत के प्रभाव से उन्हें अच्छे वर की प्राप्ति होती है। 

इस प्रकार हरियाली तीज का विशेष महत्व है और इस दिन पूरी श्रद्धा से पूजन करना चाहिए। अगर आपको यह आर्टिकल अच्छा लगा हो तो इसे शेयर जरूर करें। इसी तरह के अन्य लेख पढ़ने के लिए आपकी अपनी वेबसाइट हरजिन्दगी के साथ जुड़ी रहें।

Image Credit: Freepik

Disclaimer

आपकी स्किन और शरीर आपकी ही तरह अलग है। आप तक अपने आर्टिकल्स और सोशल मीडिया हैंडल्स के माध्यम से सही, सुरक्षित और विशेषज्ञ द्वारा वेरिफाइड जानकारी लाना हमारा प्रयास है, लेकिन फिर भी किसी भी होम रेमेडी, हैक या फिटनेस टिप को ट्राई करने से पहले आप अपने डॉक्टर की सलाह जरूर लें। किसी भी प्रतिक्रिया या शिकायत के लिए, compliant_gro@jagrannewmedia.com पर हमसे संपर्क करें।