Fri Sep 11, 2026 | Updated 11:54 PM IST

मूड स्विंग्स से हैं परेशान? नेचुरली कंट्रोल करने के लिए रोज करें ये योगासन

मूड स्विंग्स आज की लाइफस्‍टाइल से जुड़ी आम समस्या है, जिसके कारण तनाव और हार्मोनल असंतुलन हो सकते हैं। योग इन समस्याओं को प्राकृतिक रूप से कंट्रोल करने और तन-मन को संतुलित करने का प्रभावी उपाय है।
Updated:- 2026-05-26, 12:36 IST
image
Sakhi

मूड स्विंग्स आज की लाइफस्टाइल से जुड़ी एक आम लेकिन नजरअंदाज नहीं की जाने वाली समस्या है। अचानक गुस्सा, उदासी, चिड़चिड़ापन या बेचैनी, ये सभी मानसिक असंतुलन के संकेत हो सकते हैं। तनाव, हार्मोनल बदलाव, नींद की कमी और अनियमित दिनचर्या इसके प्रमुख कारण हैं। ऐसे में योग एक प्राकृतिक और प्रभावी उपाय है, जो शरीर और मन दोनों को संतुलित करता है। योगासन नर्वस सिस्टम को शांत करते हैं, हार्मोनल संतुलित करने में मदद करते हैं और दिमाग में पॉजिटिव सोच को बढ़ावा देते हैं। आइए मूड स्विंग्‍स को कंट्रोल करने वाले ऐसे ही कुछ योगासन के बारे में जानते हैं।

बालासन

इससे मानसिक थकान दूर होती है और यह ओवरथिंकिंग की समस्या को कंट्रोल करता है। इस आसन को तुरंत रिलैक्सेशन के लिए कर सकते हैं। इसके लिए घुटनों के बल बैठें और सांस छोड़ते हुए आगे की ओर झुकें। अब माथा जमीन से लगाते हुए दोनों हाथ आगे की ओर रखें और आंखें बंद कर सामान्य सांस लें।

सेतु बंधासन

यह तनाव और थकान कम करता है और हार्मोन को संतुलित करने में मददगार है। इसके लिए पीठ के बल लेट जाएं, घुटनों को मोड़ें और पैरों को जमीन पर रखें। हाथ को आगे की ओर रखें और सांस लेते हुए कमर को ऊपर उठाएं। ठुड्डी छाती की ओर रखें, कुछ सेकेंड रुकें और धीरे-धीरे वापस आएं।

bhujangasan

भुजंगासन

इससे हार्मोंस को बैलेंस करने में मदद मिलती है। यह लो मूड और डिप्रेशन के लिए लाभकारी होता है और शरीर की ऊर्जा बढ़ाने में मदद करता है। इसके लिए पेट के बल जमीन पर लेट जाएं, हथेलियों को कंधों के पास रखें। सांस लेते हुए धीरे-धीरे चेस्‍ट ऊपर उठाएं, नाभि जमीन से लगाए रखें। इस पोजिशन में कुछ सेकेंड रुकें और सांस छोड़ते हुए वापस आएं। इस आसन को 5 से 7 बार दोहराएं।

शवासन

यह मानसिक तनाव और नेगेटिव विचारों को कम करता है और दिमाग को पूरी तरह रिलैक्स करता है। इसके लिए पीठ के बल सीधे लेट जाएं, हाथ-पैर ढीले छोड़ दें, आंखें बंद करें और रिलैक्स करते हुए सांस पर ध्यान फोकस करें।

savasana

सुखासन

सुखासन मन को शांत करता है, तनाव और एंग्जायटी कम करता है और भावनात्मक संतुलन बनाए रखता है। इसके लिए पालथी मारकर बैठे, रीढ़ की हड्डी सीधी रखें और दोनों हाथ घुटनों पर रखें। अब आंखें बंद करते हुए गहरी सांस लें और सांस के आने-जाने पर ध्यान केंद्रित करें। इस आसन को 5 से 10 मिनट तक कर सकते हैं।

यह भी पढ़ें- तनाव और एंग्जायटी से चाहिए राहत? रोज करें Box Breathing, मिनटों में मिलेगा सुकून

वज्रासन

इससे पाचन तंत्र को सुधारता है और यह मन को स्थिर करता है। इसे भोजन के बाद भी किया जा सकता है। इसके लिए घुटनों के बल बैठे, पैरों को पीछे रखें और एड़ियों पर बैठ जाएं। अब रीढ़ सीधी रखें और सामान्य सांस लें।

यह भी पढ़ें- प्री-मेनोपॉज के दौरान मूड स्विंग्स को मैनेज करने के लिए फॉलो करें ये टिप्स

योगा एक्सपर्ट नेहा से बातचीत पर आधारित।

डिस्क्लेमर : यहां बताए गए योगासन शुरुआत में किसी एक्सपर्ट की देखरेख में ही करें।

अगर आपको यह स्टोरी अच्छी लगी है, तो इसे शेयर जरूर करें। ऐसी ही अन्य स्टोरी पढ़ने के लिए जुड़ी रहें हरजिंदगी से।

Image Credit: Shutterstock

Disclaimer

हमारा उद्देश्य अपने आर्टिकल्स और सोशल मीडिया हैंडल्स के माध्यम से सही, सुरक्षित और विशेषज्ञ द्वारा वेरिफाइड जानकारी प्रदान करना है। यहां बताए गए उपाय, सलाह और बातें केवल सामान्य जानकारी के लिए हैं। किसी भी तरह के हेल्थ, ब्यूटी, लाइफ हैक्स या ज्योतिष से जुड़े सुझावों को आजमाने से पहले कृपया अपने विशेषज्ञ से परामर्श लें। किसी प्रतिक्रिया या शिकायत के लिए, compliant_gro@jagrannewmedia.com पर हमसे संपर्क करें।