खस की जड़ से मिलते हैं कौन से हेल्थ बेनिफिट्स, सेलेब्रिटीज न्यूट्रिशनिस्ट रुजुता दिवेकर से जानिए

गर्मियों में तापमान बढ़ने की वजह से कई तरह की हेल्थ प्रॉब्लम्स का सामना करना पड़ता है। इस मौसम में इनडाइजेशन और डीहाइड्रेशन जैसी प्रॉब्लम्स होना आम बात है। इस मौसम में राहत पाने के लिए ज्यादातर महिलाएं घरों के भीतर रहना पसंद करती हैं। हालांकि ठंडे वातावरण में रहने पर राहत तो महसूस होती है, लेकिन शरीर को भीतर से स्वस्थ रखने के लिए हेल्दी और ठंडक देने वाली चीजें लेना बहुत जरूरी है। कुदरती ठंडक का अहसास पाने के लिए खस की जड़ का इस्तेमाल एक बेहतरीन विकल्प है। खस को वाला, वालो, वेटिवर और रामाचाम नाम से भी जाना जाता है। खस में औषधीय तत्व भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं। आयरन, मैंगनीज और विटामिन्स का यह अच्छा स्रोत है। खस में पाए जाने वाले आयरन से ब्लड प्रेशर रेगुलेट करने में मदद मिलती है। गर्मी से अगर आंखें लाल हो जाएं तो खस का पानी पीने से राहत मिलती है। यह पानी एंटीऑक्सिडेंट्स से भी भरपूर होता है, जिससे शरीर को बीमारियों से सुरक्षित रखने में मदद मिलती है। सेलेब्रिटी न्यूट्रिशनिस्ट रुजुता दिवेकर ने अपनी इंस्टाग्राम पोस्ट में इसके फायदे बताए हैं।
रुजुता दिवेकर का मानना है कि खस से पानी को नेचुरल तरीके से ठंडा किया जा सकता है, साथ ही इससे पीसीओडी और लो स्पर्म मोबिलिटी जैसी समस्याओं में भी राहत पाई जा सकती है। रुजुता बताती हैं, 'खस की जड़ के कुछ अहम फायदे इस प्रकार हैं-
- चेहरे की त्वचा को स्मूद बनाता है और कॉम्प्लेक्शन को साफ बनाता है
- यूटीआई और फीवर की रोकथाम करता है
- लंबे समय तक चलने वाले शरीर के दर्द में आराम देता है
इसे जरूर पढ़ें: इन फूड्स को डाइट में शामिल करने से मन रहेगा शांत, दिमाग को मिलेगा सुकून
कहां मिलती है खस की जड़
रुजुता दिवेकर बताती हैं, 'खस की जड़ पूरे भारतवर्ष में कहीं भी मिल जाती है। पहले के समय में इसे मटके का पानी ठंडा करने के लिए रखा जाता था, जिससे चंदन से मिलती-जुलती खुशबू आती थी। गर्म इलाकों में ठंडक पाने के लिए घास से बनी मैट, पर्दे, चटाई आदि का इस्तेमाल किया जाता है, यहां तक कि खस के शर्बत में भी घास का इस्तेमाल किया जाता है। किसान इसे सब्जियों और फलों के साथ उगाते हैं। खस के असर से इनमें कीड़े नहीं लगते और कीट-पतंगे भी दूर बने रहते हैं।'
रुजुता दिवेकर के अनुसार खस के इस्तेमाल का तरीका
खस के फायदे पाने के लिए सबसे पहले जड़ों को साफ कर लेना चाहिए। इसके बाद इन्हें पीने वाले पानी में भिगोकर रख दें। इन्हें आप 3 दिन के लिए रख सकते हैं। इसके बाद इन जड़ों को फिर से सुखा दें। आप इन जड़ों को तीन बार इस्तेमाल कर सकती हैं।
इसे जरूर पढ़ें: रुजुता दिवेकर के इन 5 फूड टिप्स को अपनाने से बच्चे और टीनएज किड्स रहेंगे स्वस्थ
जड़ से बना शर्बत देता है ज्यादा फायदा
गर्मियों में खस का शर्बत ना सिर्फ रिलैक्स करता है, बल्कि इसकी भीनी-भीनी खुशबू मन तरोताजा कर देती है। अगर आप चाहें तो खस का एसेंस अपनी नजदीकी दुकान से खरीद सकती हैं, लेकिन इस तरह के प्रोडक्ट्स में शुगर की मात्रा ज्यादा हो सकती है। ऐसे में अगर आप जड़ से घर पर देसी तरीके से शर्बत बनाकर पिएं तो आपको सुकून भी मिलेगा और हेल्थ बेनिफिट्स भी ज्यादा मिलेंगे।
रुजुता दिवेकर अक्सर अपने इंस्टाग्राम पर हेल्दी लिविंग और फिटनेस से जुड़ी अपडेट्स शेयर करती रहती हैं। रुजुता के देसी तरीके अपनाकर आसानी से हेल्दी लाइफस्टाइल पाई जा सकती है। आप भी रुजुता के बताए तरीके से खस का इस्तेमाल करें और बीमारियों से सुरक्षित रहें। अगर आपको यह जानकारी अच्छी लगी तो इसे जरूर शेयर करें। हेल्थ और न्यूट्रिशन से जुड़ी अपडेट्स पाने के लिए विजिट करती रहें हरजिंदगी।
हमारा उद्देश्य अपने आर्टिकल्स और सोशल मीडिया हैंडल्स के माध्यम से सही, सुरक्षित और विशेषज्ञ द्वारा वेरिफाइड जानकारी प्रदान करना है। यहां बताए गए उपाय, सलाह और बातें केवल सामान्य जानकारी के लिए हैं। किसी भी तरह के हेल्थ, ब्यूटी, लाइफ हैक्स या ज्योतिष से जुड़े सुझावों को आजमाने से पहले कृपया अपने विशेषज्ञ से परामर्श लें। किसी प्रतिक्रिया या शिकायत के लिए, compliant_gro@jagrannewmedia.com पर हमसे संपर्क करें।