Sat Sep 12, 2026 | Updated 02:31 AM IST

Facts Of Ram Setu: आखिर कैसे डूब गया था तैरने वाले पत्थरों से बना राम सेतु

राम सेतु को त्रेता युग में वानरों द्वारा बनाया गया था। माना जाता है कि श्री राम का नाम लिखने से पत्थर तैरने लगे थे और राम सेतु का निर्माण हुआ था। फिर आखिर कैसे तैरने वाले पत्थरों से बना राम सेतु युद्ध के बाद डूब गया था।     
Updated:- 2023-04-27, 16:47 IST
image

Ram Setu Ke Dubane Ka Karan: रामायण में इस बात का उल्लेख मिलता है कि जब श्री राम ने लंका पर चढ़ाई की थी सब समुद्र देव का आशीर्वाद लेने के बाद उन्होंने वानर सेना की सहायता से एक सेतु का निर्माण किया था। यह सेतु राम सेतु के नाम से प्रख्यात हुआ। 

इस सेतु का ढांचा मुख्य रूप से नल और नील ने तैयार किया था। मान्यता है कि राम सेतु जिन पत्थरों से बना था वह कभी न डूबने वाले पत्थर थे क्योंकि उन पर श्री राम का नाम अंकित था फिर आखिर क्यों राम सेतु इसके बावजूद भी डूब गया। आइये जानतें हैं ज्योतिष एक्सपर्ट डॉ राधाकांत वत्स से इस बारे में। 

  • वाल्मीकि रामायण के अनुसार, लंका पर चढ़ाई के दौरान जिस सेतु का निर्माण हुआ था उसे नल के निरीक्षण में वानर सेना ने मात्र 5 दिनों में तैयार कर लिया था।

ram setu ke bare mein

  • रामायण में इस पुल की लंबाई 100 योजन और चौड़ाई 10 योजन बताई गई है। श्री राम (श्री राम के जीजा कौन थे) ने इस सेतु का नाम 'नल सेतु' रखा था। 

यह भी पढ़ें: Gold In Ears Benefits: कान में सोना पहनने से मिलते हैं ये अद्भुत लाभ

  • नल सेतु का जिक्र न सिर्फ रामायण बल्कि महाभारत में भी मिलता है। बाद में नल सेतु का नाम बदलकर राम सेतु रखा गया था। 
  • राम सेतु में त्रेता युग के दौरान भी उच्च तकनीक का इस्तेमाल किया गया था। रामचरितमानस में भी इसका चमत्कार के रूप में जिक्र है। 
  • रामचरितमानस में राम सेतु कोई उच्च तकनीक से बा सेतु नहीं बल्कि श्री राम के चमत्कार से बना सेतु बताया गया है। 
  • वहीं, कालिदास ने ‘रघुवंश’ के 13वें सर्ग में राम के आकाश मार्ग से लौटने का वर्णन किया है। 
  • तब श्री राम ने लौटते समय माता सीता (कौन थे माता सीता के दो भाई) को राम सेतु के निर्माण की विस्तार में जानकारी दी थी। 
  • स्कंद पुराण के तीसरे, विष्णु पुराण के चौथे, अग्नि पुराण के पांचवें से ग्‍यारहवें और ब्रह्म पुराण में भी श्रीराम सेतु का जिक्र मिलता है।

यह भी पढ़ें: Hindu Beliefs: भंडारे में नहीं करना चाहिए भोजन, जानें कारण

  • एक कथा के अनुसार, जब श्री राम लौटकर अयोध्या के लिए आ रहे थे तब विभीषण ने श्री राम से इस पुल को तोड़ने या डुबाने का आग्रह किया था।

ram setu se judi facts

  • तब श्री राम ने विभीषण के अनुरोध पर इस पुल को स्वयं अपने तीरों से डुबाया था ताकि लंका पर किसी अन्य राजा के चढ़ाई का खतरा न रहे।  

 

तो इस कारण से डूब गया था राम सेतु। अगर हमारी स्टोरीज से जुड़े आपके कुछ सवाल हैं, तो वो आप हमें आर्टिकल के नीचे दिए कमेंट बॉक्स में बताएं। हम आप तक सही जानकारी पहुंचाने का प्रयास करते रहेंगे। अगर आपको ये स्टोरी अच्छी लगी है, तो इसे शेयर जरूर करें। ऐसी ही अन्य स्टोरी पढ़ने के लिए जुड़ी रहें हरजिंदगी से। 

Image Credit: pinterest, wikipedia 

Disclaimer

हमारा उद्देश्य अपने आर्टिकल्स और सोशल मीडिया हैंडल्स के माध्यम से सही, सुरक्षित और विशेषज्ञ द्वारा वेरिफाइड जानकारी प्रदान करना है। यहां बताए गए उपाय, सलाह और बातें केवल सामान्य जानकारी के लिए हैं। किसी भी तरह के हेल्थ, ब्यूटी, लाइफ हैक्स या ज्योतिष से जुड़े सुझावों को आजमाने से पहले कृपया अपने विशेषज्ञ से परामर्श लें। किसी प्रतिक्रिया या शिकायत के लिए, compliant_gro@jagrannewmedia.com पर हमसे संपर्क करें।