Sat Sep 12, 2026 | Updated 04:30 AM IST

आभानेरी में स्थित चांद बावड़ी के बारे में कितना जानते हैं आप? 

आभानेरी में स्थित चांद बावड़ी के बारे में बहुत कम लोग जानते हैं। आज हमारे आर्टिकल में आप इस स्थान से जुड़े कुछ शानदार तथ्य जानेंगे।
Updated:- 2021-10-24, 11:00 IST
facts about chand baori in hindi

राजस्थान पूरी दुनिया को अपनी संस्कृति और पारंपरिक खूबसूरती की वजह से लोगों को आकर्षित करता है। यहां कई ऐसे स्थल हैं, जिसकी चर्चा इतिहास में भी की गई है। आपने राजस्थान के जयपुर, उदयपुर आदि स्थानों के बारे में सुना होगा लेकिन आज हम आपको जयपुर में स्थित आभानेरी गांव के बारे में जानकारी दे रहे हैं, जो विश्व भर में चांद बावड़ी की खूबसूरत वास्तुकला के लिए प्रसिद्ध है। तो चलिए जानते हैं चांद बावड़ी से जुड़े कुछ तथ्यों के बारे में..

क्या है इतिहास?

history of chand baori

आभानेरी चांद बावड़ी का इतिहास 9वीं सदी से जुड़ा हुआ है। इस बावड़ी का निर्माण राजा मिहिर भोज ने 9वीं सदी में करवाया था। आपको बता दें कि राजा मिहिर भोज को चांद नाम से भी जाना जाता था। इसलिए इस बावड़ी को नाम चांद बावड़ी के नाम से जाना जाता है। (गुजरात की पूर्व राजधानी के बारे में जानें रोचक तथ्‍य)

कैसी है वास्तुकला?

chand baori

चांद बावड़ी अपनी वास्तुकला के लिए केवल राजस्थान में ही लोकप्रिय नहीं है बल्कि दुनियाभर में भी प्रसिद्ध है। यह दुनिया की सबसे गहरी बावड़ी है। यह चारों ओर से लगभग 35 मीटर चौड़ी है। साथ ही,

इस बावड़ी में ऊपर से नीचे तक 3500 पक्की सीढ़ियां बनाई गई हैं। यह बावड़ी इतनी गहरी है कि अगर इसमें कोई वस्तु गिर गई, तो वह विलुप्त हो जाती है। क्योंकि यह बावड़ी 13 मंजिला है, जिसे बीजापुरी शैली की वास्तुकला का उपयोग करके मोर की प्रकृति के साथ बनाया गया है। इस बावड़ी के नीचे सुरंग भी बनाई गई है।

अगर आप इतिहास को जानने में रुचि रखते हैं, तो इस बावड़ी को एक्सप्लोर करना आपके लिए बेस्ट रहेगा। हालांकि, इस बावड़ी की वास्तुकला काफी खतरनाक है लेकिन फिर भी इसकी संरचना काफी मजबूत और प्रभावशाली है।

क्या है खास?

famous place in abhanari

आभानेरी गांव विभिन्न राजस्थानी लोक नृत्यों के लिए भी प्रसिद्ध है। यहां घूमने के अलावा, आप राजस्थानी संस्कृति और व्यंजनों का भी लुत्फ उठा सकते हैं। यह शहर अपनी हस्तशिल्प कलाओं के बारे लिए भी जाना जाता है। हालांकि, आभानेरी बावड़ियों के लिए प्रसिद्ध है। इन बावड़ियों का उपयोग गर्मियों के लिए बारिश के पानी को इकट्ठा करने के लिए किया जाता था।(उदयपुर की ये 5 जगहें हैं देखने लायक)

यहां मौजूद सभी बावड़ियों में चांद बावड़ी सबसे प्रसिद्ध है। यह व्यापक रूप से अपनी खूबसूरत पत्थर की वास्तुकला के लिए जानी जाती है। यह भारत के सबसे बड़ी और गहरी बावड़ियों में से एक है। आप यहां चांद बावड़ी के अलावा मंदिर में भी एक्सप्लोर कर सकते हैं।

इसे ज़रूर पढ़ें-सीकर में मौजूद हैं यह खूबसूरत जगहें, आप भी घूमने जानिए

आभानेरी घूमने का सही समय

आभानेरी घूमने का सबसे अच्छा समय अक्टूबर और मार्च के बीच है क्योंकि इस दौरान मौसम बहुत अच्छा होता है।

कैसे पहुंचें आभानेरी?

आभानेरी जयपुर से लगभग 95 किमी की दूरी पर स्थित है यहां आप ट्रेन या बस से आसानी से पहुंच सकते हैं।

इसे ज़रूर पढ़ें-पुष्कर की इन जगहों का लेना है असली मजा तो घूमें रात में

जब भी आप राजस्थान की तरफ आए, तो एक बार आभानेरी में स्थित चांद बावड़ी जरूर घूमें। यकीनन यह जगह आपको बहुत पसंद आएगी। आपको लेख पसंद आया हो तो इसे शेयर और लाइक ज़रूर करें, साथ ही, ऐसी अन्य जानकारी पाने के लिए जुड़े रहें हरजिन्दगी के साथ।

Image Credit- (@Freepik and google)

Disclaimer

हमारा उद्देश्य अपने आर्टिकल्स और सोशल मीडिया हैंडल्स के माध्यम से सही, सुरक्षित और विशेषज्ञ द्वारा वेरिफाइड जानकारी प्रदान करना है। यहां बताए गए उपाय, सलाह और बातें केवल सामान्य जानकारी के लिए हैं। किसी भी तरह के हेल्थ, ब्यूटी, लाइफ हैक्स या ज्योतिष से जुड़े सुझावों को आजमाने से पहले कृपया अपने विशेषज्ञ से परामर्श लें। किसी प्रतिक्रिया या शिकायत के लिए, compliant_gro@jagrannewmedia.com पर हमसे संपर्क करें।