• ENG
  • Login
  • Search
  • Close
    चाहिए कुछ ख़ास?
    Search

बैंकिंग फ्रॉड से बचने के लिए कभी ना करें ये गलतियां

Bank Fraud: बैंकिंग धोखाधड़ी से बचने के लिए हमें कुछ बातों का ध्यान रखना चाहिए।   
author-profile
Published -13 Sep 2022, 10:27 ISTUpdated -13 Sep 2022, 11:02 IST
Next
Article
save yourself from bank frauds

Bank fraud: समय के साथ साइबर क्राइम बढ़ रहा है। हम अक्सर इंटरनेट पर होने वाली धोखाधड़ी के बारे में सुनते हैं। खासकर बैंकिंग से जुड़ी घोखाधड़ी कुछ ऐसा है जिससे लोग बहुत परेशान हैं। 

दरअसल हम फोन या लैपटॉप का इस्तेमाल करते वक्त किसी भी लिंक पर क्लिक कर देते हैं जिससे सारी जानकारी धोखेबाजों के पास चली जाती है। इस आर्टिकल में हम आपको बैंकिंग फ्रॉड से बचने के कुछ टिप्स देने वाले हैं। 

सही और गलत के बीच अंतर 

bank fraud

जिस तरह मार्केट में खानपान से जुड़ी असली और नकली दोनों चीजें मिलती हैं, ठीक उसी तरह बैंकिंग क्षेत्र में भी फ्रॉड किए जाते हैं। हालांकि आपको किसी भी जानकारी पर विश्वास करने से पहले उसकी पुष्टि जरूर करनी चाहिए। असली और नकली जानकारी के बीच आपको कुछ ना कुछ अंतर जरूर मिलेगा। 

इसे भी पढ़ेंः SBI Recruitment 2022: 5 हजार पदों के लिए निकली भर्ती, ऐसे करें अप्लाई

किसी भी लिंक पर क्लिक ना करें 

बैंक के नाम का इस्तेमाल करके बहुत बार धोखेबाज लोगों को फेक लिंक भेज देते हैं। यह लिंक आपको मेल, मैसेज या किसी वेबसाइट पर भी मिल सकता है । इन लिंक पर लोग जैसे ही क्लिक करते हैं पासवर्ड समेत सारी जानकारी फॉडर्स के पास चली जाती है और आपका खाता खाली हो जाता है।

पासवर्ड बनाते वक्त ना करें लापरवाही

net banking passowrd

इंटरनेट बैंकिंग करते वक्त पर हम सभी अपना पासवर्ड सेट करते हैं। ऐसे में कुछ लोग अपनी डेट ऑफ बर्थ और 1 से 10 तक के नंबर को अपना पासवर्ड बना लेते हैं। यह गलत है। स्कैमर्स के लिए इस तरह के पासवर्ड के बारे में पता लगाना बहुत आसान होता है। यही कारण है कि पासवर्ड में हर तरह के कैरेक्टर को जोड़ना चाहिए।

इसे भी पढ़ेंः बैंक को हिंदी में क्या कहा जाता है? क्या ऐसे ही सवालों के जवाब दें पाएंगे आप

किसी को ना दें ओटीपी 

किसी गलत इंसान को वन टाइम पासवर्ड यानि ओटीपी देने की वजह से आपकी परेशानियां बढ़ सकती हैं। बहुत से स्टैमर्स लोगों को फोन करके कहते हैं कि वो बैंक से बात कर रहे हैं। ऐसे में लोग उन्हें ओटीपी दे देते हैं। इसके बाद आपके अकाउंट से जुड़ी सारी जानकारी स्कैमर्स के पास चली जाती है। 

बैंक से पुष्टि करें 

इन सब बिंदुओं के अलावा अगर आपको किसी भी कॉल या मैसेज पर शक हो तो आप बैंक में फोन करके पुष्टि कर सकते हैं। आपको मिल रही जानकारी सच है या झूठ बैंक आपको बता देगा। सभी बैंक का हेल्पलाइन नंबर अकाउंट पासबुक और वेबसाइट पर दिया गया होता है।

तो आगे से आप बैंक से जुड़ा कोई भी काम करते वक्त इन बातों का ध्यान जरूर रखें। इससे आप और आपके पैसे दोनों सुरक्षित रहेंगे।

Recommended Video

 

अगर आपको यह लेख अच्छा लगा हो तो इसे शेयर जरूर करें व इसी तरह के अन्य लेख पढ़ने के लिए जुड़ी रहें आपकी अपनी वेबसाइट हरजिन्दगी के साथ।

Photo Credit: Freepik 

 

 

 

 

 

 

 

 

बेहतर अनुभव करने के लिए HerZindagi मोबाइल ऐप डाउनलोड करें

Her Zindagi
Disclaimer

आपकी स्किन और शरीर आपकी ही तरह अलग है। आप तक अपने आर्टिकल्स और सोशल मीडिया हैंडल्स के माध्यम से सही, सुरक्षित और विशेषज्ञ द्वारा वेरिफाइड जानकारी लाना हमारा प्रयास है, लेकिन फिर भी किसी भी होम रेमेडी, हैक या फिटनेस टिप को ट्राई करने से पहले आप अपने डॉक्टर की सलाह जरूर लें। किसी भी प्रतिक्रिया या शिकायत के लिए, compliant_gro@jagrannewmedia.com पर हमसे संपर्क करें।