जब स्किन पर रैशेज होते हैं तो ऐसे में स्किन का टेक्सचर और कलर चेंज होने लगता है। इसके अलावा इससे स्किन रूखी, खुजलीदार और इरिटेटिड हो जाती है। रैशेज स्किन पर कहीं पर भी हो सकते हैं और उस समय यही माना जाता है कि ऐसा बीमारी के कारण होता है। हालांकि यह जरूरी नहीं है कि हर बार स्किन रैशेज किसी ना किसी बीमारी के कारण ही होता है। कई बार स्किन पर रैशेज होने के अन्य भी कई कारण होते हैं जैसे ज़्यादा देर तक धूप में रहना या फ़िट न होने वाले तंग कपड़े पहनना आदि।

हो सकता है कि आपको भी स्किन पर बार-बार रैशेज की समस्या का सामना करना पड़ता हो और आप इनसे निजात पाना चाहती हों। लेकिन इनसे छुटकारा पाने से पहले आपको इसके कारणों को भी जानना होगा। तो चलिए आज इस लेख में हम आपको रैशेज होने के कुछ कारणों और उनसे निजात पाने के उपायों के बारे में बता रहे हैं-

ड्राई और सेंसेटिव स्किन

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अगर आपकी स्किन ड्राई और सेंसेटिव है तो ऐसे में स्किन पर रैशेज होने की संभावना काफी बढ़ जाती है। तापमान में गिरावट होने पर भी रूखी त्वचा पर रैशेज होने लग जाते हैं। इसलिए इस समस्या से बचने के लिए नहाने के तुरंत बाद मॉइस्चराइज़र का इस्तेमाल करें। साथ ही हाइड्रेटेड रहने के लिए बहुत सारे तरल पदार्थों का सेवन करें। इसके अलावा आप इस बात का ध्यान रखें कि आप ऐसे स्किनकेयर उत्पादों का उपयोग करें जिसमें हार्श केमिकल्स ना हों।

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हीट

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गर्मी और उमस भरे मौसम में हीट रैशेस होना बेहद आम है। हीट के कारण रैशेज होने पर स्किन पर छाले, बहुत अधिक खुजली और रेड लम्पस आदि शामिल हैं। आमतौर पर अगर इन रैशेज पर कुछ सूदिंग फार्मूला अप्लाई किया जाए तो कुछ ही दिनों में रैशेज खुद ब खुद ठीक हो जाते हैं। सूदिंग इफेक्ट के लिए आप एलोवेरा जेल आदि लगा सकती हैं। यह आपकी स्किन को स्वाभाविक रूप से हाइड्रेट करता है और उसे शांत करता है।

बैक्टीरियल इंफेक्शन

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बग काटने या एक्जिमा के कारण होने वाले फंगल और बैक्टीरियल संक्रमण से भी एक्ने हो सकते हैं। इस स्थिति में ड्राई, पैचेस और बम्पी रैशेज नजर आत हैं। अगर बैक्टीरियल इंफेक्शन के कारण आपको रैशेज होते हैं तो ऐसे में रैशेज से राहत पाने के लिए एक एंटी-बैक्टीरियल ऑयनमेंट या डस्टिंग पाउडर का उपयोग करें।

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दवाईयों का करें सेवन

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कुछ दवाएं आपकी स्किन में इचिंग का कारण बन सकती हैं और रैशेज की समस्या पैदा कर सकती हैं। आमतौर पर रक्तचाप, एस्ट्रोजन, दर्द निवारक और उच्च कोलेस्ट्रॉल की दवाएं खुजली और स्क्रैच का कारण बन सकती हैं। ऐसा दवाईयों के विपरीत असर के कारण भी हो सकता है। हालांकि यह समस्या खुद ब खुद ठीक हो जाती है। लेकिन अगर आपको बहुत असहज महसूस होता है, तो ऐसे में त्वचा विशेषज्ञ से सलाह लेना उचित रहेगा।

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कपड़ों के कारण

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सुनने में आपको शायद अजीब लगे, लेकिन कभी-कभी आपके द्वारा पहने जाने वाले कपड़े भी आपके लिए स्किन रैशेज का कारण बन सकते हैं। मसलन, अगर आप फैशन के चक्कर में बहुत अधिक तंग कपड़ों को पहनती हैं तो इससे स्किन पर रगड़ लगती है, जिससे स्किन में खुजली व रैशेज की समस्या उत्पन्न होती है। इसके अलावा, कपड़ों में मौजूद केमिकल या डाई के कारण भी स्किन पर रिएक्शन हो जाता है और स्किन रैशेज हो जाते हैं। ऐसे में बेहतर होगा कि आप ऐसे कपड़े ही पहनें, जिसमें आपकी स्किन सांस ले सके। साथ ही वह अगर आपको किसी कपड़े से स्किन में रिएक्शन होता है तो उसे पहनना अवॉयड करें।

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