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Delhi में हर दिन 2 लड़कियों का होता है रेप, राजधानी के बारे में ये बातें हैं बहुत डरावनी

Crime With Women: एनसीआरबी ने हाल ही में महिलाओं के साथ होने वाले अपराध से जुड़े कुछ आंकड़े जारी किए हैं।   
Updated:- 2022-08-30, 11:31 IST
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Crime With Women: भारत के अलग-अलग हिस्सों के लोग दिल्ली में शिक्षा और रोजगार जैसे मकसद से आते हैं। बावजूद इसके दिल्ली की सड़के बहुत असुरक्षित हैं। ऐसा हम नहीं बल्कि हाल ही में जारी हुए आंकड़ों का कहना है। 

नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) की रिपोर्ट के मुताबिक दिल्ली में रोजाना 2 लड़कियां रेप का शिकार होती हैं। आइए जानते हैं ताजा रिपोर्ट में सामने आए आंकड़ों के बारे में। 

40 फीसदी बढ़े अपराध के मामले

rape case in india

नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो के मुताबिक दिल्ली में महिलाओं के साथ होने वाले अपराध 40 प्रतिशत बढ़ गए हैं। 2020 में महिलाओं के साथ अपराध के कुल 9,872 मामले दर्ज किए गए थे। वहीं 2021 में मामलों की संख्या बढ़कर 13,892 हो गई है। मेट्रो शहरों में होने वाले अपराधों में दिल्ली के साथ-साथ मुबंई, बेंगलुरु, हैदराबाद, जयपुर और लखनऊ का भी नाम शामिल हैं। ('बेटियों के साथ होने वाले अपराधों के लिए जिम्मेदार है प्रशासन'-निर्भया की मां)

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जानें मेट्रो शहरों में दर्ज मामलों की संख्या 

  • दिल्ली - 13, 987
  • मुंबई -  5,543
  • बेंगलुरु - 3,127
  • हैदराबाद - 3,050
  • जयपुर - 2,827
  • लखनऊ - 2,161 

दिल्ली में होते हैं सबसे ज्यादा अपराध

rape case increase in delhi

देश की राजधानी में महिलाओं के खिलाफ अपराध के सबसे ज्यादा मामले दर्ज किए गए हैं। पिछले साल दिल्ली में अपहरण के 3948, पतियों की क्रूरता के 4674 और नाबालिग बच्चियों से साथ दुष्कर्म के कुल 833 मामले दर्ज किए गए हैं। इन आंकड़ों के अनुसार दिल्ली में रोजाना 2 लड़कियों के साथ रेप की घटना घटती है। 

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हत्या के 454 मामले आए सामने 

दिल्ली में हत्या के मामले में मामूली सी गिरावट देखने को मिली है। 2020 में हत्या के 461 मामले और 2021 में 454 सामने आए हैं। वहीं 2020 में हत्या के 500 मामले दर्ज किए गए थे। इस मामले के पीछे की वजह संपत्ति से जुड़े विवाद, परिवार से जुड़े विवाद और प्रेम प्रसंग जैसे कारण शामिल हैं। (निर्भया जैसे रेप केस आखिर क्यों और कब तक?)

ओडिशा में भी हुई वृद्धि 

एनसीआरबी के आंकड़ों के मुताबिक ओडिशा में भी महिलाओं के खिलाफ होने वाले अपराध में 23% वृद्धि हुई है। राज्य में प्रति एक लाख महिलाओं की अपराध दर बढ़कर 137.8 हो गई है। 2020 में यह दर 112.9 थी।

एनसीआरबी की हाल ही में 'क्राइम इन इंडिया 2021' नाम से रिपोर्ट प्रकाशित की है। इसी रिपोर्ट में यह सारी जानकारी दी गई है। आंकड़े साफ दिखाते हैं कि महिलाओं की सुरक्षा के लिए अभी भारत को बहुत काम करने की आवश्यकता है। 

 

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Photo Credit: Freepik, shutterstock

 

 


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