1 ट्रिप, 5 शक्तिपीठ! जानिए हिमाचल प्रदेश में कम समय और कम बजट में कैसे करें दर्शन?

घूमने फिरने का शौक भला किसे नहीं है। कोई पहाड़ों पर जाना पसंद करता है, तो कुछ बीच पर चिल करने जाना पसंद करते हैं। वहीं कुछ ऐसे भी लोग हैं जिन्हें धार्मिक यात्रा करनी होती है। ऐसे में अगर आप माता कं मंदिरों के दर्शन करना चाहती हैं और कम समय में फेमस शक्तिपीठों की यात्रा करनी है तो हिमाचल प्रदेश आपके लिए सही रहेगा। हिमाचल में मुख्य रूप से पांच प्रमुख शक्तिपीठ हैं।
ऐसे में अगर आप पंजाब, चंडीगढ़, दिल्ली या उत्तर भारत के आसपास रहती हैं तो रोड ट्रिप के जरिए इस यात्रा को प्लान करना आपके लिए आसानप रहेगा। बजट कम रखना है तो हर मंदिर के लिए अलग होटल लेने के बजाय बीच के किसी बड़े शहर में रुककर आसपास के मंदिरों को कवर किया जा सकता है। इससे आपकी एक ही ट्रिप में सब कवर हो जाएगा। आज हम आपको अपने इस लेख में पूरी जानकारी दे रहे हैं। आइए जानते हैं-
हिमाचल में इन शक्तिपीठों के करें दर्शन
हिमाचल के प्रमुख शक्तिपीठों में नैना देवी, चिंतपूर्णी, ज्वालाजी, ब्रजेश्वरी देवी और चामुंडा देवी मंदिर शामिल हैं। आप इन सभी मंदिरों के दर्शन एक ट्रिप में कर सकती हैं।
1. सबसे पहले जाएं नैना देवी मंदिर
आप अपने ट्रिप की शुरुआत बिलासपुर जिले के नैना देवी मंदिर से कर सकती हैं। यह मंदिर पहाड़ों पर स्थित है और हिमाचल के प्रमुख शक्तिपीठों में इसकी गिनती होती है। यहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते हैं। नैना देवी मंदिर की एक खास बात यह है कि यहां से आसपास का पहाड़ी इलाका, गोबिंद सागर लेक और भाखड़ा डैम का नजारा बहुत सुंदर लगता है। अगर आप चंडीगढ़ की तरफ से आ रही हैं तो सबसे पहले नैना देवी के दर्शन करें। इसके लिए सुबह जल्दी मंदिर पहुंचने की कोशिश करें। इससे दर्शन के बाद आप दूसरे मंदिर जा सकेंगी।
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Image Credit- Naina devi mandir official website
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2. अब करें चिंतपूर्णी माता के दर्शन
नैना देवी के बाद आप चिंतपूर्णी जा सकती हैं। यह हिमाचल के ऊना जिले में स्थित प्रसिद्ध देवी मंदिर है और यह भी प्रमुख शक्तिपीठों में शामिल है। बताया जाता है कि यहां माता की पिंडी के रूप में पूजा होती है। अगर आप बजट में यात्रा करना चाहती हैं तो मंदिर के आसपास महंगा होटल लेने के बजाय पहले से किसी किफायती कमरे की बुकिंग कर सकती हैं।
3. श्री ज्वालामुखी माता शक्तिपीठ के करें दर्शन
इसके बाद आप कांगड़ा रूट से होते हुए ज्वालाजी मंदिर जिसे ज्वालामुखी माता मंदिर भी कहा जाता है, जा सकती हैं। यह हिमाचल के ज्वालामुखी शहर में है। इसकी सबसे खास बात यहां जलती हुई प्राकृतिक ज्योति है। मंदिर के गर्भगृह में चट्टान से निकलने वाली प्राकृतिक गैस की लौ को श्रद्धालु देवी ज्वाला का रूप मानते हैं। कांगड़ा से ज्वालामुखी करीब 35 किलोमीटर दूर है। यानी अगर आप कांगड़ा में रुक रही हैं तो ज्वालाजी जाना आपके लिए सही रहेगा।
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4. अब करें ब्रजेश्वरी देवी के दर्शन
ज्वालाजी के बाद आप ब्रजेश्वरी देवी मंदिर जा सकती हैं। यह मंदिर कांगड़ा शहर में ही है। यह मंदिर देवी ब्रजेश्वरी को समर्पित है और उन्हें देवी दुर्गा का एक रूप माना जाता है। आपको बता दें कि कांगड़ा के आसपास कई धार्मिक जगहें पास-पास हैं। यह मंदिर कांगड़ा से करीब 1 किलोमीटर और ज्वालामुखी से करीब 35 किलोमीटर दूर है। इसलिए इन दोनों मंदिरों को एक ही दिन कवर किया जा सकता है।
5. आखिर में जाएं चामुंडा देवी मंदिर
ऊपर बताए गए चारों मंदिरों के दर्शन करने के बाद आप चामुंडा देवी मंदिर की ओर बढ़ सकती हैं। यह मंदिर कांगड़ा इलाके में बनेर नदी के किनारे स्थित है और इसके आसपास की खूबसूरती देखने लायक होती है। धर्मशाला से चामुंडा देवी मंदिर करीब 15 किलोमीटर और कांगड़ा से करीब 24 किलोमीटर की दूरी पर है। दर्शन के बाद आप धर्मशाला या कांगड़ा में रात रुक सकती हैं और अगले दिन अपने शहर के लिए वापस निकल सकती हैं।
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4-5 दिन में कैसे पूरा करें पूरा ट्रिप?
अगर आपके पास 4 से 5 दिन हैं तो यात्रा को कुछ इस तरह प्लान कर सकती हैं।
- दिन 1: अपने शहर से निकलकर नैना देवी जाएं। दर्शन के बाद रात के लिए आसपास रुकें।
- दिन 2: सुबह चिंतपूर्णी के लिए निकलें। दर्शन के बाद कांगड़ा की तरफ बढ़ें और रात कांगड़ा या आसपास रुकें।
- दिन 3: सुबह ज्वालाजी जाएं। इसके बाद वापस कांगड़ा आकर ब्रजेश्वरी देवी के दर्शन करें।
- दिन 4: चामुंडा देवी मंदिर जाएं। इसके बाद धर्मशाला या आसपास रुककर आराम कर सकती हैं।
- दिन 5: सुबह अपने शहर के लिए वापस निकल जाएं।
कम बजट में यात्रा करने के लिए अपनाएं ये तरीके
अगर आपका बजट कम है तो सबसे पहले ट्रांसपोर्ट का खर्च कम करने की कोशिश करें। हर जगह अलग-अलग टैक्सी लेने के बजाय जहां पॉसिबल हो वहां राज्य की बस या शेयर्ड वेहिकल लें। दूसरी बात, हर मंदिर के पास अलग होटल लेने की जरूरत नहीं है। कांगड़ा में आप होटल लेकर सभी मंदिरों को कवर कर सकती हैं। इतना ही नहीं, महंगे होटलों में खाना खाने के बजाय लोकल फूड्स ट्राई करें।
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तो अगर आप भी एक ही ट्रिप में कई शक्तिपीठों के दर्शन करना चाहती हैं, तो ये गाइड आपके लिए सही रहेगा। साथ ही अगर आपको ये स्टोरी अच्छी लगी है, तो इसे शेयर जरूर करें। ऐसी ही अन्य स्टोरी पढ़ने के लिए जुड़ी रहें हरजिंदगी से।
Image Credit- AI
- हिमाचल शक्तिपीठ यात्रा में कितना खर्चा आता है?
- पर्सनल टैक्सी और बजट होटल के साथ 3-4 दिनों का कुल खर्च प्रति व्यक्ति 8,000 से 12,000 आएगा।
- क्या शक्तिपीठों पर VIP दर्शन की सुविधा है?
- हां, चिंतपूर्णी और ज्वाला जी जैसे प्रमुख मंदिरों में ट्रस्ट द्वारा सुगम दर्शन (VIP पास) की सुविधा उपलब्ध है।
- माता के दर्शन के लिए कौन सा दिन बेस्ट है?
- सोमवार से गुरुवार के बीच दर्शन करें, वीकेंड (शनिवार-रविवार) और नवरात्रों में भारी भीड़ मिलती है।
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