पंचगनी हिल स्टेशन: गर्मियों और मानसून के दिनों में घूमने के लिए एक बेहतरीन जगह

16वीं शताब्दी से लेकर 18वीं शताब्दी के मध्य कुछ ऐसी जगहों की खोज हुई जहां गर्मियों के दिनों में रहने और घूमने के लिए एक बेहतरीन जगह के रूप में प्रसिद्ध हुई। मध्यकाल में ब्रिटिश साम्राज्य ऐसी जगहों को एक रिसोर्ट के रूप इस्तेमाल करती थी। लेकिन, आजादी के बाद ऐसी जगहें भारतीय और विदशी लोगों के लिए एक बेहतरीन और अद्भुत जगह के रूप में उभर के निकली। इन्हीं खूबसूरत जगहों में से एक है 'पंचगनी हिल स्टेशन'।
मुंबई से कुछ ही दूरी पर मौजूद है ये हिल स्टेशन। मनोरम दृश्यों और यहां मौजूद खूबसूरत झीलों के आसपास घूमने के बाद यक़ीनन हिमाचल प्रदेश या फिर उत्तराखंड को भूल जाएंगे। समुद्र तल से लगभग 13 सौ से भी अधिक मीटर की ऊंचाई पर मौजूद ये हिल स्टेशन सह्याद्री पर्वत की पांच पहाड़ियों की वजह से सैलानियों के लिए और भी खास है। इस लेख में हम आपको यहां घूमने के लिए कुछ अद्भुत जगहों के बारे में बताने जा रहे हैं, जहां आप गर्मियों के साथ बरसात के मौसम में भी घूमने के लिए जा सकते हैं। तो आइए जानते हैं।
कास पठार

समुद्र तल से लगभग 12 सौ मीटर की ऊंचाई पर मौजूद ये खूबसूरत जगह अनेकों प्रकार के फूलों और तितलियों की कई किस्मों के लिए जानी जाती है। ये जगह कास प्लैट्यू ऑफ़ फ्लावर्स के नाम से भी पूरे विश्व में प्रसिद्ध है। इस पठार के चारों तरफ मौजूद झील इस जगह को सैलानियों के लिए और भी खास बनाती है। (खूबसूरत Flower Valleys) आपकी जानकारी के लिए बता दें कि कास पठार यूनेस्को के विश्व प्राकृतिक धरोहर में भी शामिल है। अगर आप प्राकृतिक सुंदरता और वनस्पतियों के मनोरम दृश्यों को देखना चाहते हैं, तो यहां ज़रूर पहुंचें।
इसे भी पढ़ें:Travel Tips: रूपकुंड झील को क्यों कहा जाता है कंकालों की झील
भिलार वॉटर फॉल पॉइंट

कास पठार घूमने के बाद भिलार वॉटर फॉल पॉइंट एक बेहतरीन जगह है। ये झरना बरसात से लेकर सर्दियों के मौसम तक सैलानियों को बेहद ही आकर्षित करता है। इस झरने के आसपास मौजूद हरियाली और अनेकों प्रकार के पेड़-पौधे और फूल यक़ीनन आपका मन मोह लेंगे। झरने के साथ-साथ ये जगह एक व्यू पॉइंट के रूप में भी प्रसिद्ध है। सूर्यास्त और सूर्योदय के दौरान इस जगह के आसपास के नज़रों को देखने के बाद यक़ीनन प्रकृति में खो जाने का मन करेगा।
टेबल लैंड

एशिया में इससे लंबा कोई पठार नहीं है। जी हां, एशिया के सबसे लंबे पठार पर घूमने का एक अलग ही मज़ा है। लगभग 95 एकड़ में फैली ये जगह सूर्योदय और सूर्यास्त के मनोरम दृश्य के लिए पुरे महाराष्ट्रा में फेमस है। इस जगह आप घुड़सवारी से लेकर ट्रेकिंग, आर्केड गेम जैसी कई गतिविधियों का भी लुत्फ़ उठा सकते हैं। इस जगह को मुख्य रूप में पिकनिक के लिए खूब पसंद की जाती है। यहां आप पैराग्लाइडिंग भी कर सकते हैं।
इसे भी पढ़ें:चलिए जानते हैं 9वीं शताब्दी में निर्मित सन टेम्पल ओसियां के बारे में
राजपुरी गुफाएं

प्राचीन काल से महाराष्ट्र और इसके आसपास की जगहें कई गुफाओं के लिए आज भी प्रसिद्ध है। पंचगनी हिल स्टेशन से कुछ ही दूरी पर मौजूद राजपुरी गुफाएं पांडवों से सम्बंधित है। जी हां, कहा जाता है कि वनवास के दौरान पांडवों ने इन्हीं गुफाओं में कुछ दिन रुकने का आश्रय लिया था। ये गुफा कई पवुत्र कुंडों से घिरी हुई है, जो सैलानियों के लिए पवित्र भी है। पौराणिक मान्यता है कि इस कुंड का पानी कई रोगों को आसानी से ठीक कर देता है।
अगर आपको यह लेख अच्छा लगा हो तो इसे शेयर जरूर करें व इसी तरह के अन्य लेख पढ़ने के लिए जुड़ी रहें आपकी अपनी वेबसाइट हरजिन्दगी के साथ।
Image Credit:(@blog.abhibus.com,es.cloudinary.com)
हमारा उद्देश्य अपने आर्टिकल्स और सोशल मीडिया हैंडल्स के माध्यम से सही, सुरक्षित और विशेषज्ञ द्वारा वेरिफाइड जानकारी प्रदान करना है। यहां बताए गए उपाय, सलाह और बातें केवल सामान्य जानकारी के लिए हैं। किसी भी तरह के हेल्थ, ब्यूटी, लाइफ हैक्स या ज्योतिष से जुड़े सुझावों को आजमाने से पहले कृपया अपने विशेषज्ञ से परामर्श लें। किसी प्रतिक्रिया या शिकायत के लिए, compliant_gro@jagrannewmedia.com पर हमसे संपर्क करें।