आभूषण पहनना हिंदू परंपरा का एक बड़ा हिस्सा है। शादी हो या फिर अन्य कोई अवसर, गहने पहनने का अपना एक अलग ही महत्त्व है। दुल्हन की खूबसूरती में चार चाँद लगाना और खूबसूरती से उसे संवारने का काम गहने ही करते हैं। आपने अक्सर शादीशुदा महिलाओं को पैरों में बिछिया और पायल पहने हुए देखा होगा।

आमतौर पर महिलाएं सोने के गहने पहनना पसंद करती हैं लेकिन पैरों की पायल हो या बिछिया, हमेशा चांदी की ही पहनी जाती है। वैसे आभूषण पहनने का कारण महिलाओं की सुंदरता को बढ़ाना है, लेकिन हमारी परंपरा और प्रथाओं के पीछे के अंतर्निहित कारणों को देखा जा सकता है। हमारी हिंदू मान्यताओं के अनुसार कमर के नीचे सोने के आभूषण नहीं पहनने चाहिए। इसी मान्यता को आगे बढ़ाते हुए आपने अक्सर घर के बुजुर्गों को ये कहते सुना होगा कि पैरों में पायल और बिछिया सोने के न पहनें। जाने माने वास्तु कंसलटेंट और ज्योतिषी आचार्य मनोज श्रीवास्तव बता रहे हैं इनके कारणों के बारे में 

क्या हैं वैज्ञानिक कारण 

jewellery inside

इस प्रथा के पीछे कई मान्यताओं से हटकर एक वैज्ञानिक कारण यह है कि सोने के आभूषण शरीर को गर्म रखते हैं, जबकि चांदी शीतलता प्रदान करती है इसलिए चांदी के आभूषण शरीर को ठंडा रखने का काम करते हैं। इस प्रकार, कमर के ऊपर सोना और कमर से नीचे चांदी पहनने से हमारे शरीर का तापमान संतुलित रहता है जिससे कई बीमारियों से छुटकारा मिलता है। 

इसे जरूर पढ़ें: इस दिवाली चांदी के गहनों और बर्तनों की चमक वापस लाने के लिए फॉलो करें ये 6 आसान टिप्स

Recommended Video

ऐसे आभूषण पहनने से ऊर्जा सिर से पैरों की तरफ और पैरों से सिर की तरफ फ्लो होती है। वहीं अगर सिर और पांव दोनों में ही गोल्ड ज्वेलरी पहन ली जाए तो इससे शरीर में सामान ऊर्जा का फ्लो होगा इससे शरीर को नुकसान पहुंच सकता है और कई बीमारियां हो सकती हैं। 

क्या हैं ज्योतिषीय कारण

anklet

पांव और टांग का जॉइंट जिसमे पायल पहनी जाती है, केतु का स्थान होता है। अगर केतु में शीतलता नहीं हो तो वो हमेशा नकारात्मक सोच के साथ क्लेश वाली बात ही करेगा।  इसलिए सहनशक्ति बढाने के लिए चांदी की पायजेब पहनना सबसे ज्यादा ज़रूरी है। 

क्या हैं धार्मिक कारण  

anklet

धार्मिक मान्यतानुसार भगवान विष्णु को सोना अत्यंत प्रिय हैं क्योंकि सोना लक्ष्मी जी का स्वरुप होता है। इसीलिए सोने को शरीर के निचले हिस्सों में जैसे पैरों में, पायल और बिछिया पहनना भगवान् विष्णु सहित समस्त देवताओं का अपमान  होता है। 

इसे जरूर पढ़ें: बिछिया पहनने से पति के साथ आपकी भी बढ़ेगी लाइफ

अन्य लाभ 

anklet

  • महिलाओं को यदि पैरों की हड्डियों में दर्द की समस्या है तो वो चांदी की पायल पहन सकती हैं क्योंकि पायल पैरों में रगड़कर हड्डियों और जोड़ों के दर्द में राहत दिलाती है। 
  • इससे शरीर में रक्त संचार अच्छी तरह से होता है जिसकी वजह से महिलाओं से जुड़ी कई समस्याओं में लाभ मिलता है। 
  • वहीं चांदी की बिछिया पहनने से मासिक धर्म नियमित रहते हैं। बिछिया पैरों में एक्यूप्रेशर का भी काम करती है। 
  • पायल में लगे घुंघरुओं की खनक घर में पॉज़िटिव एनर्जी का संचार करती है। 

इन्हीं कारणों से सोने के गहनों को कभी भी पैरों में नहीं पहनना चाहिए क्योंकि जब आप पैरों में चांदी के गहने पहनती हैं और पूरे शरीर में सोने के आभूषण धारण करती हैं तो मां लक्ष्मी की कृपा आप पर बनी रहती है।  

अगर आपको यह लेख अच्छा लगा हो तो इसे शेयर जरूर करें व इसी तरह के अन्य लेख पढ़ने के लिए जुड़ी रहें आपकी अपनी वेबसाइट हरजिन्दगी के साथ।