क्या आप भी घर के मंदिर में रखती हैं गुरु और भगवान की फोटो एक साथ? जानें कितना सही या गलत है ऐसा करना

वास्तु शास्त्र में घर के मंदिर से जुड़े कई महत्वपूर्ण नियम बताये गए हैं जिनका पालन करना आवश्यक है ताकि वास्तु दोष न लगे। इसी कड़ी में यह भी बताया गया है कि घर के मंदिर में क्या रखना चाहिए और क्या नहीं, घर के मंदिर में कैसी और कितनी प्रतिमाएं देवी-देवताओं की रखनी चाहिए या नहीं, घर का किस दिशा में होना चाहिए या नहीं आदि। ठीक ऐसे ही, ज्योतिषाचार्य राधाकांत वत्स ने हमें बताया कि अक्सर कई लोग घर के मंदिर में भगवान की प्रतिमा के साथ गुरु की फोटो भी रख देते हैं, लेकिन क्या ऐसा करना सही है। आइये जानते हैं इस बारे में हमारे एक्सपर्ट से।
घर के मंदिर में गुरु और भगवान की फोटो एक साथ रखने से क्या होता है?
हिंदू धर्म में गुरु को ब्रह्मा, विष्णु और महेश के समान माना गया है। उन्हें ज्ञान का दाता और ईश्वर तक पहुंचने का मार्गदर्शक कहा जाता है। पुराणों में भी गुरु को ईश्वर का साक्षात रूप बताया गया है। इसलिए, जब आप गुरु की तस्वीर भगवान के साथ रखते हैं तो यह दर्शाता है कि आप गुरु को भी उसी श्रद्धा और सम्मान से देखते हैं जैसे भगवान को। ऐसे में गुरु और भगवान की फोटो को एक साथ घर के मंदिर में रखना शुभ होता है।

गुरु हमें आध्यात्मिक ज्ञान देते हैं और भगवान तक पहुंचने का रास्ता दिखाते हैं। मंदिर ज्ञान और भक्ति का केंद्र होता है। गुरु और भगवान की तस्वीरें एक साथ रखने से मंदिर में ज्ञान और भक्ति दोनों का वातावरण बनता है जिससे सकारात्मक ऊर्जा बढ़ती है। गुरु और भगवान दोनों से ही हमें आशीर्वाद मिलता है। उनकी तस्वीरें एक साथ होने से घर में मौजूद नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है और घर में शुभता का प्रवेश होता है।
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ऐसा माना जाता है कि घर के मंदिर में भगवन और गुरु की प्रतिमा एक साथ होने से घर के सदस्यों के जीवन में सुख-समृद्धि बनी रहती है और परिवार के लोगों को स्वतः ही मुश्किलों से बाहर निकलने का समाधान मिल जाता है। गुरु और भगवान की फोटो घर के मंदिर में एक साथ रखने के कुछ नियम भी हैं जिनका ध्यान रखना आवश्यक है तभी यह शुभता का सूचक सिद्ध होगा नहीं तो दुष्प्रभाव घर में देखने को मिल सकता है।

हमेशा भगवान की तस्वीर या मूर्ति को गुरु की तस्वीर से थोड़ा ऊपर रखना चाहिए। इसका कारण यह है कि गुरु हमें भगवान तक पहुंचने का मार्ग दिखाते हैं, लेकिन भगवान स्वयं परम सत्ता हैं। यह सम्मान का प्रतीक है। वास्तु के अनुसार, मंदिर में भगवान के दाहिनी ओर गुरु की तस्वीर रखना शुभ माना जाता है। दाहिनी दिशा को पुरुष तत्व और प्रतिष्ठा का प्रतीक माना जाता है। इससे समाज में आपकी कीर्ति अधिक बढ़ती है।
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image credit: herzindagi
- क्या घर के मंदिर में एक ही भगवान की 2 फोटो या प्रतिमा रख सकते हैं?
- घर के मंदिर में एक ही भगवान की दो तस्वीरें या मूर्तियां रखने से बचना चाहिए।
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