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Paush Purnima 2025: कब है पौष पूर्णिमा? जानें पूजा एवं स्नान-दान का मुहूर्त और महत्व

पौष पूर्णिमा का महत्व ज्यादा माना जाता है क्योंकि इस तिथि पर मां लक्ष्मी अपनी अष्ट सिद्धियों को जागृत करती हैं और पृथ्वी पर भ्रमण करते हुए व्यक्ति को धन-धान्य प्रदान करती हैं। इसी कारण से पौष पूर्णिमा के दिन मां लक्ष्मी की पूजा का विशेष विधान माना गया है।  
Editorial
Updated:- 2025-01-07, 17:13 IST

हिन्दू धर्म में 12 पूर्णिमा तिथियों का उल्लेख मिलता है जिनका न सिर्फ अपना एक महत्व है बल्कि हर पूर्णिमा तिथि पर ग्रहों का विशेष प्रभाव भी नजर आता है। इन्हीं पूर्णिमा तिथ्यों में से एक है पौष माह की पूर्णिमा। पौष पूर्णिमा का महत्व और भी माना जाता है क्योंकि इस तिथि पर मां लक्ष्मी अपनी अष्ट सिद्धियों को जागृत करती हैं और पृथ्वी पर भ्रमण करते हुए व्यक्ति को धन-धान्य प्रदान करती हैं। इसी कारण से पौष पूर्णिमा के दिन मां लक्ष्मी की पूजा का विशेष विधान माना गया है। ऐसे में आइये जानते हैं ज्योतिषाचार्य राधाकांत वत्स से कि इस साल कब पड़ रही है पौष पूर्णिमा, क्या है इस दिन पूजा एवं स्नान-दान का शुभ मुहूर्त और महत्व।

पौष पूणिमा 2025 कब है?

paush purnima 2025 ka muhurat

पौष पूर्णिमा तिथि का आरंभ 13 जनवरी, दिन सोमवार को सुबह 5 बजकर 25 मिनट से हो रहा है। वहीं, इसका समापन 14 जनवरी, दिन मंगलवार को रात 3 बजकर 56 मिनट पर होगा। ऐसे में उदया तिथि के अनुसार, पौष पूर्णिमा की पूजा 13 जनवरी को की जाएगी।

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पौष पूणिमा 2025 शुभ मुहूर्त

paush purnima 2025 ki tithi

पौष पूर्णिमा के दिन यानी कि 13 जनवरी को ब्रह्म मुहूर्त सुबह 5 बजकर 27 मिनट से 6 बजकर 21 मिनट तक है। वहीं, अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12 बजकर 9 मिनट से 12 बजकर 51 मिनट तक है। गोधुली मुहूर्त शाम 5 बजकर 42 मिनट से 6 बजकर 9 मिनट तक है।

रवि योग का निर्माण इस दिन सुबह 7 बजकर 15 मिनट से 10 बजकर 38 मिनट तक है। विजय मुहूर्त दोपहर 2 बजकर 15 मिनट से 2 बजकर 57 मिनट तक रहने वाला है। राहुकाल का समय इस दिन सुबह 8 बजकर 34 मिनट से सुबह 9 बजकर 53 मिनट तक है।

ऐसे में पौष पूर्णिमा के दिन स्नान-दान के लिए ब्रह्म मुहूर्त का समय शुभ रहेगा। इस समय में स्नान-दान करने से अक्षय पुण्यों की प्राप्ति होगी। वहीं, मां लक्ष्मी की प्रातः पूजा के लिए अभिजीत मुहूर्त एवं संध्या पूजा के लिए गोधुली मुहूर्त उत्तम रहेगा। मां लक्ष्मी प्रसन्न होंगी।

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पौष पूणिमा 2025 महत्व

paush purnima 2025 ka mahatva

पौष पूर्णिमा के दिन पवित्र नदी में स्नान और जरूरतमंदों में दान करने से सुख-समृद्धि का घर में आगमन होता है। मां लक्ष्मी प्रसन्न होती हैं और अपनी कृपा बरसाती हैं। वहीं, मां लक्ष्मी की पूजा से घर में धन-संपदा आती है। घर की आर्थिक स्थिति में सुधार होने लगता है।

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