14वीं सदी से चली आ रही जरकन ज्वेलरी की क्या है कहानी? 'मतारा डायमंड' से है रिश्ता

जरकन (Zircon) एक बहुत ही खूबसूरत रत्न है। यह सदियों से अपनी चमक, ट्रांसपैरेंसी और खूबसूरत रंगों से हर किसी का दिल जीतता आया है। बिना रंग वाले जरकन को मतारा डायमंड भी कहा जाता है, जो असली हीरे जैसा लुक देता है। इसकी खास बात यह है कि आपको बजट में ही हीरे जैसी दिखने वाली ज्वेलरी मिल जाती है।
जरकन के इतिहास की बात करें तो यह लगभग 4.4 अरब साल पुराना है और यह दुनिया के सबसे पुराने मिनरल्स में से एक है। यूरोप से लेकर अमेरिका तक, गहने बनाने वाले कारीगर इसे हमेशा से बहुत पसंद करते आए हैं। ऐसे में हम आपको अपने इस लेख में इसके बारे में विस्तार से जानकारी दे रहे हैं। आइए जानते हैं-
Image Credit- Pinterest/Shop LC
जरकन का इतिहास क्या है?
आपको बता दें कि जरकन शब्द अरबी भाषा के जार (सोना) और जुम (रंग) से मिलकर बना है, जिसका मतलब फारसी में जरगुन यानी सोने जैसा रंग होता है। 6वीं सदी में ग्रीक के लोगों ने सबसे पहले इसका इस्तेमाल शुरू किया था। शुरुआत में इसे किस्मत चमकाने वाला ताबीज माना जाता था, जो अच्छी नींद और सुख-समृद्धि लाता है। फिर 14वीं सदी के बाद जब इसे तराशकर गहनों में लगाया जाने लगा, तो यह हार, ब्रूच और अंगूठियों की शान बन गया।
यह भी पढ़ें- Jhumka History: 2000 साल से भी पुराना है झुमके का फैशन, जानें इसकी पूरी कहानी
बताया जाता है कि नीला जरकन विक्टोरियन दौर में बहुत छाया हुआ था, तो वहीं ग्रे जरकन को शोक के मौकों पर पहना जाता था। 1896 में हीरों की खदान मिलने से पहले सफेद जरकन को ही हीरे की जगह इस्तेमाल की जाती थी।
कैसे बदलता है जरकन का रंग?
माना जाता है कि इस पत्थर को जब 800 से 1000 डिग्री सेल्सियस तक गर्म किया जाता है, तो इसकी चमक और रंग बहुत निखर जाती हैं। जैसे-
- भूरा जरकन गर्म करने पर सफेद या नीले रंग में बदल जाता है।
- गर्म करके बनाए गए सफेद जरकन को मतारा डायमंड या स्पार्कलाइट्स कहते हैं।
- नीले रंग वाले जरकन को स्टारलाइट्स कहा जाता है।
इसके अलग-अलग रंगों के ट्रेड नाम भी हैं। जैसे पीले-नारंगी को जेसिंथ, लाल को हायसिंथ, हरे को लिगर और भूरे को सिनेमन कहते हैं।
- दुनिया का लगभग 37 प्रतिशत सबसे बेहतरीन जरकन अकेले ऑस्ट्रेलिया से आता है।
- श्रीलंका, थाईलैंड और कंबोडिया में भी जरकन पाया जाता है।
Image Credit- Pinterest/etsy UK
जरकन ज्वेलरी बनाने का तरीका
इतना सब जानने के बाद आप इसे बनाने का तरीका भी जानना चाहती होंगी। बता दें कि जरकन से सुंदर गहने बनाने के लिए कारीगर कई स्टेप्स फॉलो करते हैं। जैसे-
- सबसे पहले कंप्यूटर या हाथ से डिजाइन बनाकर 3D प्रिंट निकाला जाता है।
- फिर मोम पर डिजाइन उकेरा जाता है और सांचे में पिघला हुआ सोना या मेटल डालकर गहने का ढांचा तैयार करते हैं।
- मेटल को घिसकर साफ किया जाता है।
- इसके बाद इसमें जरकन के पत्थरों को मजबूती से सेट किया जाता है।
- आखिरी में चमकाने के लिए पॉलिश की जाती है।
यह भी पढ़ें- कुंदन जैसी दिखती है पर दाम में है सस्ती, गुजरात की ऐतिहासिक 'पच्चीकम ज्वेलरी' के बारे में जानें
जरकन का धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व
जरकन का धार्मिक महत्व भी बहुत है। भारतीय ज्योतिष में जरकन को शुक्र ग्रह का रत्न माना जाता है, जो सुख-समृद्धि और ज्ञान बढ़ाता है। कालिदास के ग्रंथ 'मेघदूत' में भी हरे जरकन का जिक्र किया गया है। इसके अलावा, सितंबर में जन्मे लोगों के लिए यह बर्थस्टोन है, वहीं दिसंबर में जन्मे लोग नीला जरकन पहनते हैं।
अगर आपको ये स्टोरी अच्छी लगी है, तो इसे शेयर जरूर करें। ऐसी ही अन्य स्टोरी पढ़ने के लिए जुड़ी रहें हरजिंदगी से।
Image Credit- Pinterest/Jewels by Fatima Khan/fashion desing
- जरकन ज्वेलरी को 'हीरे का बजट विकल्प' क्यों माना जाता है?
- बिना रंग वाला जरकन (जिसे मतारा डायमंड भी कहते हैं) दिखने में बिल्कुल असली हीरे जैसी चमक देता है, लेकिन इसकी कीमत हीरे के मुकाबले काफी कम होती है।
- क्या सच में गर्म करने पर जरकन का रंग बदल जाता है?
- जी हां, जब भूरे रंग के जरकन को 800 से 1000 डिग्री सेल्सियस तक गर्म किया जाता है, तो वह सफेद (मतारा डायमंड) या नीले रंग (स्टारलाइट) में बदल जाता है।
- ज्योतिष के हिसाब से जरकन पहनना क्यों शुभ माना जाता है?
- भारतीय ज्योतिष में जरकन को शुक्र ग्रह का रत्न माना गया है। मान्यता है कि इसे पहनने से जीवन में सुख-समृद्धि, ज्ञान और आकर्षण बढ़ता है।
हमारा उद्देश्य अपने आर्टिकल्स और सोशल मीडिया हैंडल्स के माध्यम से सही, सुरक्षित और विशेषज्ञ द्वारा वेरिफाइड जानकारी प्रदान करना है। यहां बताए गए उपाय, सलाह और बातें केवल सामान्य जानकारी के लिए हैं। किसी भी तरह के हेल्थ, ब्यूटी, लाइफ हैक्स या ज्योतिष से जुड़े सुझावों को आजमाने से पहले कृपया अपने विशेषज्ञ से परामर्श लें। किसी प्रतिक्रिया या शिकायत के लिए, compliant_gro@jagrannewmedia.com पर हमसे संपर्क करें।