40 की उम्र के बाद महिलाओं की हेल्‍थ में कई बदलाव आने लगते हैं। खासकर मेनोपॉज के बाद मसल्‍स और हड्डियों की ताकत पहले के मुकाबले तेजी से कम हो सकती है। ऐसे में खुद को फिट रखना और रोज थोड़ा समय एक्सरसाइज के लिए निकालना जरूरी है, लेकिन जब बात स्ट्रोक यानी ब्रेन स्ट्रोक से बचाव की आती है, तो अक्सर मन में सवाल आता है कि योगा करना ज्यादा फायदेमंद है, रोज वॉकिंग करनी चाहिए या फिर वेट ट्रेनिंग शुरू करनी चाहिए?

क्या इनमें से कोई एक एक्सरसाइज स्ट्रोक का खतरा कम करने में सबसे ज्यादा मदद करती है? इस बारे में डॉ. शिव कुमार आर (हेड और सीनियर कंसल्टेंट-न्यूरोलॉजी, मणिपाल हॉस्पिटल, सरजापुर रोड) ने जरूरी बातें बताई हैं। आइए इसके बारे में जानते हैं-

महिलाओं को भी है स्ट्रोक का ज्यादा खतरा

डॉ. शिव कुमार आर ने बताया कि अक्सर लाेगों को लगता है कि स्ट्रोक का ज्यादा पुरुषों में ही ज्यादा होता है, लेकिन ऐसा नहीं है। महिलाएं भी इसकी चपेट में ज्यादा आती हैं। भारत में 50 साल और उससे ज्यादा उम्र के लोगों पर हुए एक सर्वे में 1.6 फीसदी महिलाओं ने बताया कि उन्हें स्ट्रोक हो चुका है। पिछले 30 सालों में महिलाओं में स्ट्रोक के मामले बढ़ने की रफ्तार 131.1 फीसदी रही, जबकि पुरुषों में यह बढ़ोतरी 107.5 फीसदी थी। हाई ब्लड प्रेशर और डायबिटीज जैसी समस्याएं भी इस खतरे को लगभग दोगुना करती हैं।

image credit- shutterstock

वॉकिंग: शुरुआत करने का सबसे आसान तरीका

अगर आपने पहले कभी एक्सरसाइज नहीं की है, तो रोज पैदल चलना एक बेस्ट ऑप्शन है। इसके लिए न जिम की जरूरत है और न ही किसी इक्विपमेंट की। इसके लिए-

  • हफ्ते में पांच दिन करीब 30 मिनट तेज स्पीड में वॉक करें।
  • इससे ब्लड प्रेशर, ब्लड शुगर और कोलेस्ट्रॉल कंट्रोल में रहेगा।

वेट ट्रेनिंग: हफ्ते में दो दिन जरूर करें

40 की उम्र के बाद और खासकर मेनोपॉज के बाद महिलाओं की मांसपेशियों और हड्डियों की ताकत तेजी से कम होने गलती है। ऐसे में वेट ट्रेनिंग काम आती है। इसके लिए लाइट वेट डंबल, रेजिस्टेंस बैंड या अपने शरीर के वजन से की जाने वाली एक्सरसाइज कर सकती हैं। हफ्ते में दो दिन ऐसी एक्सरसाइज करने से मांसपेशियों और हड्डियों को मजबूत बनाए रखने में मदद मिलती है। इससे वजन और ब्लड शुगर दोनों ही बैलेंस रहते हैं।

image credit- shutterstock

योगा: ज्वाइंट्स और स्ट्रेस के लिए अच्छा

योगा करने से शरीर में फ्लेक्सिबिलिटी और बैलेंस बनाए रखने में मदद मिलती है। यह ज्वाइंट्स पर ज्यादा दबाव डाले बिना एक्सरसाइज करने का तरीका है। साथ ही योगा स्ट्रेस और घबराहट कम करने में भी मदद करती है। हालांकि, स्ट्रोक से बचाव के लिए सिर्फ योगा पर निर्भर रहना सही नहीं है। वॉकिंग और वेट ट्रेनिंग जैसी एक्टिविटी के साथ योगा करना ज्यादा सही रहेगा।

image credit- shutterstock

40 के बाद महिलाओं के लिए कौन सी एक्सरसाइज है नंबर-1?

डॉ. शिव कुमार आर के मुताबिक, स्ट्रोक से बचाव के लिए कोई एक एक्सरसाइज सबसे बेहतर नहीं है। तीनों का अपना अलग काम है। इसलिए महिलाओं को अपनी रूटीन में इन तीनों को जगह देनी चाहिए।

  • हफ्ते के ज्यादातर दिनों में 30 मिनट तेज वॉक करें।
  • हफ्ते में दो दिन वेट ट्रेनिंग करें।
  • योगा को तनाव कम करने के लिए शामिल करें।

एक्सरसाइज के साथ इन बातों का भी रखें ध्यान

स्ट्रोक से बचने के लिए सिर्फ एक्सरसाइज करना काफी नहीं है। ब्लड प्रेशर और ब्लड शुगर की नियमित जांच कराएं, खाने में नमक कम रखें और तंबाकू से दूर रहें। अगर दिल की धड़कन अनियमित रहती है, तो समय पर डॉक्टर को दिखाएं।

स्ट्रोक के इन लक्षणों को न करें नजरअंदाज

अगर आपको इनमें से कोई एक लक्षण भी नजर आए, तो तुरंत एक्सपर्ट से सलाह लेना जरूरी है। जैसे-

  • चेहरे का एक तरफ लटक जाना।
  • एक हाथ में अचानक कमजोरी आना।
  • बोलने में परेशानी होना या आवाज लड़खड़ाना।

अगर आपको ये स्टोरी अच्छी लगी है, तो इसे शेयर जरूर करें। ऐसी ही अन्य स्टोरी पढ़ने के लिए जुड़ी रहें हरजिंदगी से।

Image Credit- Magnific