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शादी का कार्ड बनवाते समय रखें इन वास्तु नियमों का ध्यान

शादी से जुड़ी हर एक बात पर न सिर्फ ज्योतिषीय दृष्टि से ध्यान देना चाहिए बल्कि वास्तु नियमों का भी पालन करना चाहिए। ठीक ऐसे ही शादी के कार्ड से जुड़े भी कुछ वास्तु नियम हैं।  
Updated:- 2023-12-28, 13:54 IST
vastu tips for wedding card

Wedding Card Vastu: हिन्दू धर्म में यूं तो सभी संस्कार महत्वपूर्ण माने जाते हैं लेकिन विवाह संस्कार सभी संस्कारों में अधिक विशेष इसलिए है क्योंकि इस संस्कार के बाद व्यक्ति के नए जीवन की शुरुआत होती है और विवाह रूपी जिम्मेदारियों का व्यक्ति निर्वाहन करता है। 

यही कारण है कि शादी से जुड़ी हर एक बात पर न सिर्फ ज्योतिषीय दृष्टि से ध्यान देना चाहिए बल्कि वास्तु नियमों का भी पालन करना चाहिए। ठीक ऐसे ही शादी के कार्ड से जुड़े कुछ वास्तु नियम हैं जिनका पालन करने से न तो वास्तु दोष लगता है न ही शादी में बाधा आती है। 

ज्योतिषाचार्य राधाकांत वत्स ने हमें बताया कि शादी के कार्ड को सबसे पहले श्री गणेश को अर्पित किया जाता है। ऐसे में अगर शादी के कार्ड में वास्तु से संबंधित कोई गलती होती है तो ऐसा कार्ड श्री गणेश को मान्य नहीं होता है। तो चलिए जानते हैं वेडिंग कार्ड के वास्तु नियम। 

कैसा होना चाहिए शादी का कार्ड? (How Should Wedding Card be?)

shadi ke card ke liye vastu niyam

वास्तु शास्त्र के अनुसार, वेडिंग कार्ड पर भूल से भी गणेश जी की फोटो न बनवाएं। ऐसा इसलिए क्योंकि शादी हो जाने के बाद वेडिंग कार्ड लोग कूड़े में फेंक देते हैं या फिर पेड़ के नीचे रख आते हैं। ऐसे में श्री गणेश की फोटो उसपर होना उनका अपमान है। 

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कभी भी वेडिंग कार्ड त्रिकोण या पत्तों के आकार में नहीं होना चाहिए। ट्रायंगल के आकार वाला वेडिंग कार्ड नकारात्मकता को खींचता है तो वहीं, पत्ते के आकार वाला वेडिंग कार्ड शुभ नहीं माना जाता है। मान्यता है कि देवों को ऐसी पत्रिका स्वीकार्य नहीं। 

वास्तु शास्त्र में बताया गया है कि जिस वेडिंग कार्ड का आकार चौकोर होता है, उस वेडिंग कार्ड को सबसे अधिक शुभ माना जाता है क्योंकि ऐसा कहा जाता है कि शादी के चौकोर कार्ड के चार कोनों पर सुख, समृद्धि, शांति एवं सौभग्य का वास होता है।  

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वास्तु शास्त्र के अनुसार, शादी के कार्ड पर दूल्हा-दुल्हन की फोटो भूल से भी नहीं लगानी चाहिए। ऐसा इसलिए क्योंकि दूल्हा-दुल्हन के चित्र बनाने या दूल्हा-दुल्हन के प्रतीक रूप बनाने से नजर दोष का खतरा मंडराता है। जोड़ी को नजर लग सकती है। 

shadi ke card ke liye vastu tips

शादी का कार्ड कभी भी काले या भूरे रंग का नहीं होना चाहिए। पीले रंग का शादी का कार्ड बहुत शुभ माना जाता है। इसके अलावा, लाल रंग का कार्ड भी अच्छा होता है। शादी के कार्ड में हमेश सुगन्धित कागज़ का प्रयोग करना चाहिए या सुगंध डालनी चाहिए।

 

आप भी इस लेख में दी गई जानकारी के माध्यम से यह जान सकते हैं कि शादी का कार्ड बनवाते समय किन वास्तु नियमों का पालन करना चाहिए। अगर हमारी स्टोरीज से जुड़े आपके कुछ सवाल हैं, तो वो आप हमें आर्टिकल के नीचे दिए कमेंट बॉक्स में बताएं। हम आप तक सही जानकारी पहुंचाने का प्रयास करते रहेंगे। अगर आपको ये स्टोरी अच्छी लगी है, तो इसे शेयर जरूर करें। ऐसी ही अन्य स्टोरी पढ़ने के लिए जुड़ी रहें हरजिंदगी से। 

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