पेंटिंग करना लगभग हर बच्चे को पसंद होता है। छोटे बच्चों को इससे नई-नई चीजें सीखने का मौका मिलता है। इसमें फर्क बस इतना है, बच्चा किताब खोलकर नई-नई चीजें नहीं सीखता, बल्कि वह वह अपनी भावनाओं को बिना शब्दों के व्यक्त करना सीखता है। पेंटिंग करते समय वह खुद अपनी पसंद के अनुसार कलर का चयन करता है। उसके सामने बहुत सारे रंग होते हैं, जिसमें वह पहचान करके कलर भरता है। आज के इस आर्टिकल में हम आपको बताएंगे कि पेंटिंग किसी भी बच्चे के ग्रो के लिए फायदेमंद क्यों है?

पेंटिंग से बच्चों को क्या-क्या सीखने को मिलता है?

आजकल माता-पिता को लगता है कि पेंटिग करने में बच्चा केवल समय बर्बाद कर रहा है, लेकिन यह पूरी तरह से सच नहीं है। अगर आप चाहती हैं कि आपका बच्चा पढ़ाई में अच्छा करे और छोटी उम्र से ही नई-नई चीजें सीखे, तो उसे पेंटिंग के जरिए नई-नई चीजें सीखा सकती हैं।

1- एकाग्रता और ऑब्जर्वेशन

पेंटिंग करते हुए बच्चों का दिमाग यहां-वहां नहीं भटकता। वह फोकस करके कलर भरते हैं। इससे वह मोबाइल, टीवी और अलग-अलग तरह की चीजों से दूर होकर फोकस करना सीखते हैं। रंग भरते हुए कहीं बाहर न निकल जाए, कितने हिस्से में कौन सा रंग भरना है, यह सब वह ऑब्जर्वेशन करके ही सीखता है।

फायदा

  • इससे बच्चे में धैर्य बनता है। वह हर चीज की तुरंत मांग नहीं करता। धीरे-धीरे रंग भरने से वह धैर्य करना सीखता है।
  • इससे बच्चे में ऑब्जर्वेशन भी अच्छा होता है। पेंटिग के जरिए वह फूल, पेड़, पक्षी या घर को देखकर उसका चित्र बनाता है। वह समझ पाता है कि इन चीजों में अंतर क्या है?
  • पेंटिग करने से बच्चा हर छोटी-छोटी चीजों को नोटिस करना सीखता है।

2- पेंटिंग से बच्चों की सोचने की क्षमता बढ़ती है

जब आप खाली पेपर बच्चे के सामने रखते हैं, तो बच्चे को खुद सोचना होता है कि वह कौन सा रंख इसमें भरे। बच्चे के दिमाग में बहुत सारी चीजें चलती रहती है। जिस तरह से आप दुनिया को देखते हैं, बच्चा उस तरह नहीं सोचता, इसलिए वह अपने हिसाब से रंग भरता है। वह अपनी मर्जी से घर बनाता है, पेड़ बनाता है और सूरज बनाता है। पेंटिंग बच्चे को आजादी सिखाती है, जिससे वह अपनी सोच के हिसाब से कुछ भी बना सकता है। यही चीज उसे आगे आकर हिम्मत देती है।

फायदा

  • इससे बच्चा आने वाले समय में केवल एक चीज के बारे में नहीं सोचता, वह परेशानी आने पर नए-नए तरीके खोजता है।
  • जब बच्चा रंगों से खेलता है, तो वह सही और गलत चीजों की पहचान करना सीखता है।
  • कौन सा रंग कहां भरा जाएगा और किस चीज का रंग क्या है, यहीं से उसे सीख मिलती है।

3-पेंटिंग से बच्चे समस्या का समाधान करना सीखते हैं

पेंटिंग करते समय बहुत सारी समस्या आती है। कभी रंग बाहर निकल जाता है, तो कई गलत रंग भर दिया जाता है। ऐसे समय में वह खुद सोचता है कि अब क्या किया जाए। अगली बार वह फिर कोशिश करता है, ताकि रंग बाहर न निकले। इससे उसके अंदर Problem Solving की शुरुआत होती है।

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फायदा

  • पेंटिंग से बच्चा गलत करने पर हार नहीं मानता, वह फिर से कोशिश करता है।
  • वह ब्रश पकड़ना, पेंसिल चलाना और लाइन बनाना भी पेंटिग से ही सीखता है।

इसलिए अगर आपका बच्चा पेंटिंग करना पसंद करता है, तो उसे रोकने के बजाय उसे सही से गाइड करें। पेंटिंग के जरिए ही उसे कई चीजें सीखाने की कोशिश करें।

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Image Credit- magnific