पैसों की वजह से रिश्तों में बढ़ रही है कड़वाहट? एक्सपर्ट से जानें खर्चीले पार्टनर के साथ कैसे करें प्लानिंग

कहते हैं कि प्यार से पेट नहीं भरता, लेकिन यह भी सच है कि पैसों की दिक्कतें अच्छे-भले प्यार को जड़ से खत्म कर सकती है। जब एक पार्टनर फ्यूचर के लिए पाई-पाई जोड़ना चाहता है और दूसरा आज में जीने और खर्च करने का शौकीन होता है, तो टकराव होना एक आम बात है। अगर आपके घर में भी बजट को लेकर बहस होती है, तो रिश्ते को बैलेंस करना आना चाहिए। ऐसे में इनके बारे में पता होना जरूरी है। आज का हमारा लेख इसी विषय पर है। आज हम आपको अपने इस लेख के माध्यम से बताएंगे कि आपके रिश्ते और बैंक बैलेंस दोनों को कैसे सुरक्षित रखें? इसके लिए हमने कोच और हीलर, लाइफ अल्केमिस्ट, साइकोथेरेपिस्ट डॉ. चांदनी तुगनैत (Dr. Chandni Tugnait) से भी बात की है। जानते हैं इस लेख के माध्यम से...
कपल्स के बीच पैसों को लेकर क्यों झगड़ा होता है?
ज्यादातर झगड़ों की जड़ पैसा नहीं, बल्कि उसे खर्च करने का नजरिया होता है। हर व्यक्ति की मनी पर्सनैलिटी अलग होती है। जिसने बचपन में तंगी देखी है, वह बचत को सुरक्षा मानता है, जबकि जिसने अभाव नहीं देखा, वह खर्च करने को खुशी मानता है।

अक्सर कपल्स अपने खर्चों या कर्ज के बारे में एक-दूसरे को अंधेरे में रखते हैं, जिससे भरोसे की कमी होने लगती है। अगर केवल एक पार्टनर कमा रहा है, तो कभी-कभी खर्च करने वाले को बुरा जैसा महसूस कराया जाता है, या कमाने वाले को लगता है कि सारा कंट्रोल उसके हाथ में होना चाहिए।
इसे भी पढ़ें -पार्टनर को नींद आती है जल्दी और आप 'नाइट आउल'? ऐसे बिठाएं अपनी लाइफस्टाइल में तालमेल
खर्चीले पार्टनर के साथ स्थिति को कैसे संभालें?
जब आप बजट पर चर्चा करें, तो तुमने इतने पैसे उड़ा दिए के बजाय हमें साथ मिलकर बचत बढ़ानी चाहिए जैसे शब्दों का इस्तेमाल करें।
ऐसे पैसे तय करें, जिसे खर्च करने के लिए किसी से पूछने की जरूरत न हो। इससे खर्चीले पार्टनर को अपनी आजादी महसूस होगी और बचत करने वाले को सुरक्षा।

अपने पार्टनर को समझाएं कि बचत करना केवल कंजूसी नहीं है, बल्कि एक सेफ फ्यूचर बीमा है।
स्मार्ट फाइनेंशियल प्लानिंग टिप्स
अपनी कुल आय का 50% घर की जरूरतों (किराया, बिल) पर, 30% इच्छाओं (घूमना, बाहर खाना) पर और कम से कम 20% जरूरी बचत या निवेश में डालें। यह नियम बजट को संतुलित रखता है।
एक्सपर्ट सलाह देते हैं कि कपल्स को तीन बैंक अकाउंट रखने चाहिए, एक जॉइंट अकाउंट घर के शेयर खर्चों के लिए, और दो अलग-अलग पर्सनल अकाउंट। इससे दोनों को अपनी पर्सनल पसंद पर खर्च करने की आजादी मिलती है और झगड़े कम होते हैं।
इसे भी पढ़ें -पति का मायके वालों से है खिंचाव? इन 4 आसान तरीकों से बढ़ाएं उनके बीच का प्यार और सम्मान
अगर आपको यह स्टोरी अच्छी लगी है, तो इसे शेयर जरूर करें। ऐसी ही अन्य स्टोरी पढ़ने के लिए जुड़ी रहें हरजिंदगी से।
Images: Freepik/shutterstock
हमारा उद्देश्य अपने आर्टिकल्स और सोशल मीडिया हैंडल्स के माध्यम से सही, सुरक्षित और विशेषज्ञ द्वारा वेरिफाइड जानकारी प्रदान करना है। यहां बताए गए उपाय, सलाह और बातें केवल सामान्य जानकारी के लिए हैं। किसी भी तरह के हेल्थ, ब्यूटी, लाइफ हैक्स या ज्योतिष से जुड़े सुझावों को आजमाने से पहले कृपया अपने विशेषज्ञ से परामर्श लें। किसी प्रतिक्रिया या शिकायत के लिए, compliant_gro@jagrannewmedia.com पर हमसे संपर्क करें।