आज के समय में भले ही भारत में में महिलाओं की स्थिति समय के साथ बेहतर हुई है, लेकिन फिर भी ऐसी कई महिलाएं हैं, जिसे अपने कानूनी अधिकारों, सरकारी सुविधाओं और सुरक्षा संबंधी प्रावधानों के बारे में नहीं पता। शिक्षा, रोजगार और सामाजिक जागरूकता होने के बाद भी उन्हें नहीं पता कि घरेलू हिंसा, दहेज प्रताड़ना, यौन उत्पीड़न और छेड़छाड़ जैसे मुद्दों पर कैसे आवाज उठाई जाती है। कई महिलाओं को लगता है कि इसके बारे में जानने और सही कानूनों की जानकारी के लिए शायद उन्हें पैसे देने पड़ेंगे, लेकिन ऐसा नहीं है। आज के इस आर्टिकल में हम गुरुग्राम की एडवोकेट डॉ. अंजू रावत नेगी से जानेंगे कि महिलाएं फ्री में कानूनी सलाह कहां से ले सकती हैं?

महिलाएं कहां से ले सकती हैं मुफ्त कानूनी सलाह?

भारत में कई सरकारी और अर्ध-सरकारी संस्थाएं ऐसी हैं, जो महिलाओं को बिना किसी फीस के कानूनी सलाह की सुविधा देती हैं। इसका सबसे बड़ा कारण महिलाओं को सही जानकारी देना और उन्हें उनके अधिकारों से परिचित कराना है। साथ ही, अगर उनके साथ कुछ गलत हुआ है, तो कैसे अपने लिए आवाज उठाना है? इसके बारे में भी बताता है। 

1- जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (District Legal Services Authority - DLSA)

यह एक ऐसी कानूनी संस्था है, जो समाज के गरीब और कमजोर लोगों के लिए काम करती है। यह लोगों को फ्री में कानूनी सलाह भी देती है और वकील दिलाने में भी मदद करती है, ताकि वह अपनी मदद कर सकें। यहां आप परिवार, संपत्ति, घरेलू हिंसा, भरण-पोषण और अन्य मामलों में कानूनी सलाह लेने आ सकती हैं।

DLSA में सलाह लेने कब जाएं?

एडवोकेट डॉ. अंजू रावत बताती हैं कि अगर आपके साथ कोई बड़ी घटना घटी है और जब कानूनी अधिकारों के बारे में आपको जानकारी चाहिए हो, तब आपको यहां जाना चाहिए।
इसके अलावा जब आर्थिक स्थिति ठीक न हो और आपके पास निजी वकील रखने के भी पैसे न हो।

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2- NALSA से संपर्क करें

नालसा (राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण) कानूनी मदद और फ्री सलाह देने के लिए होता है। अगर आप पुलिस के पास भी शिकायत दर्ज करवा चुकी हैं, लेकिन आपको कहीं से कोई मदद नहीं मिल रही, तो आप इनसे मदद ले सकती हैं। इसके लिए एक टोल फ्री नंबर भी जारी किया गया है। जिन महिलाओं को थाने से भी मदद नहीं मिल रही, वह 15100 नंबर पर कॉल कर अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं। इसके अलावा लोगों को अगर किसी भी मामले में कानूनी सलाह चाहिए, तो भी वह इस नंबर पर संपर्क करके सलाह मांग सकते हैं।

NALSA से संपर्क कब करें?

घरेलू हिंसा, संपत्ति विवाद, मजदूरी, वृद्धावस्था पेंशचेक बाउंस, बाल अधिकार, महिला उत्पीड़न या अनुसूचित जाति जैसे किसी भी मुद्दों पर कानूनी सलाह या मदद के लिए संपर्क कर सकते हैं।

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महिलाएं इस बात को समझें कि निःशुल्क कानूनी सलाह हरप्महिला का अधिकार है। सही समय पर सही कानूनी जानकारी मिलने से आप अपनी मदद कर सकती हैं। इसके लिए आपको किसी और के आगे झुकने की जरूरत नहीं पड़ती। इसलिए प्रत्येक महिला को इन संस्थाओं की जानकारी रखनी चाहिए और आवश्यकता पड़ने पर बिना किसी चिंका के उनसे सलाह लेनी चाहिए।

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Image Credit : magnific, dr.  anju rawat