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ऋषिकेश के त्रिवेणी में होने वाली संध्या आरती है बेहद खास, जानें महत्व

ऋषिकेश में स्थित त्रिवेणी घाट पर होने वाली संध्या आरती का विशेष महत्व है। आइए इसके बारे में विस्तार से जानते हैं। 
Updated:- 2024-12-17, 08:00 IST
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उत्तराखंड का ऋषिकेश न केवल अपने धार्मिक महत्व के लिए बल्कि अपनी प्राकृति की सुंदरता के लिए भी दुनिया भर में प्रसिद्ध है। ऋषिकेश के प्रमुख पर्यटक स्थलों में से एक, त्रिवेणी घाट, धर्म और पर्यटन का एक बेहद खास संगम है। यह घाट हिंदू धर्म में तीन पवित्र नदियों - गंगा, यमुना और सरस्वती के संगम स्थल के रूप में माना जाता है। इस आस्था के कारण, लाखों श्रद्धालु हर रोज इस घाट पर आते हैं और पवित्र जल में स्नान करते हैं। सुबह का समय यहां विशेष रूप से शांत और आध्यात्मिक होता है जब भक्त गंगा आरती में भाग लेते हैं। इतना ही नहीं त्रिवेणी घाट पर होने वाली आरती मानों में साक्षात भगवान शिव की उपस्थिति होती है। आइए इस लेख में ज्योतिषाचार्य पंडित अरविंद त्रिपाठी से विस्तार से जानते हैं।

त्रिवेणी घाट पर होने वाली संध्या आरती का महत्व

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त्रिवेणी घाट पर गंगा, यमुना और सरस्वती तीनों नदियों का संगम होता है। इन तीनों नदियों का धार्मिक महत्व बहुत अधिक है। माना जाता है कि इन नदियों में स्नान करने से पाप धुल जाते हैं और मोक्ष की प्राप्ति होती है। त्रिवेणी घाट की संध्या आरती सिर्फ प्रसिद्ध ही नहीं, बल्कि एक पवित्र अनुभव भी होता है। शाम ढलते ही जब गंगा मां की आरती होती है, तो ऐसा लगता है कि सारी दुनिया एक पल के लिए ठहर जाती है। हर तरफ मंत्रों की गूंज और दीपों की झिलमिलाहट होती है। देश-विदेश से लोग इस पवित्र नदी के तट पर आकर अपनी आत्मा को शांत करते हैं। मान्यता है कि इस आरती के दौरान गंगा मां अपने भक्तों पर विशेष कृपा बरसाती हैं।

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धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, ऐसा कहा जाता है कि त्रिवेणी घट पर आरती करने से व्यक्ति को जीवन में सुख-समृद्धि की प्राप्ति होती है और सकारात्मक ऊर्जा का भी संचार होता है। इसके अलावा आपको यहां आकर ऐसा महसूस होगा। जैसे भगवान शिव साक्षात आकर अपने भक्तों पर कृपा बरसा रहें हों।

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त्रिवेणी घाट पर दीपदान करने का महत्व

त्रिवेणी घाट पर दीपदान करने से भक्तों पर देवी-देवताओं की कृपा बनी रहती है। साथ ही व्यक्ति को आत्मिक और मानसिक शांति की भी अनुभूति होती है। साथ ही व्यक्ति को ग्रहदोष से भी छुटकारा मिल सकता है।

Image Credit- HerZindagi

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