प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना (PMGKAY) गरीब और आर्थिक रूप से कमजोर लोगों के लिए बनाई गई है। यह जरूरतमंद परीवारों को राशन उपलब्ध करवाती है, जिससे उनके लिए परिवार पालना आसान हो पाता है। हालांकि, भले ही सरकार की तरफ से यह योजना सालों से चल रही है, लेकिन फिर भी आम लोगों तक पूरी तरह से इसका फायदा नहीं पहुंच पाता। आज भी कई लोग इस योजना का फायदा नहीं उठा पा रहे, क्योंकि कभी उनका नाम लिस्ट से कट जाता है, तो कभी राशन की लंबी लाइन में लगने के बाद भी राशन नहीं मिल पाता। ऐसे में इस योजना को और सफल बनाने के लिए सरकार नए-नए कदम उठाती रहती है। हाल ही में, सरकार की तरफ से इस योजना के तहत नए नियम लागू किए गए हैं। इस नियम से आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को फायदा होगा या नुकसान?, इसके बारे में हम आपको विस्तार से बताएंगे। 

नया राशन नियम क्यों लाया गया?

ऐसे कई लोग हैं, जो अभी भी राशन योजना में अपना नाम लिखवाने के लिए धक्के खा रहे हैं। ऐसे में नए नियम की बात सुनकर उनके मन में और भी कई सवाल उठने लगे हैं। अगर आप भी परेशान हो रही हैं, तो चिंता न करें। दरअसल, सरकार ने SARTHAK-PDS योजना जारी कर दी है, जिससे जरूरतमंदों को राशन मिलना आसान हो जाएगा। 

  • इस योजना में सुधार की इसलिए जरूरत है, ताकि राशन चोरी पर रोक लगाई जा सके।
  • इससे पब्लिक डिस्‍ट्रीब्‍यूशन सिस्‍टम (PDS) यानी राशन व्यवस्था मजबूत होगी और जरूरतमंद परिवार को राशन के लिए यहां-वहां भटकने की जरूरत नहीं पड़ेगी।

राशन जल्दी मिलेगा

अगर आप भी राशन योजना में अपना नाम लिखवाने जा रही हैं, तो अब आपको आपके राज्य में राशन मिलने में परेशानी नहीं होगी। ऐसा इसलिए, क्योंकि सरकार राज्यों को आर्थिक मदद देगी। इससे राशन राज्य के गोदामों से आसानी से दुकानों तक पहुंच पाएगा और लोगों को राशन के लिए इंतजार नहीं करना होगा। इससे आपको महीने की शुरुआत में राशन मिलने में देरी नहीं होगी।

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राशन दुकानदारों को फायदा

इससे राशन की दुकानों को भी फायदा मिलेगा। इसमें सुधार होने से राशन डिस्‍ट्रीब्‍यूशन में गड़बड़ी कम होगी। राज्यों की राशन दुकानों को स्टोरेज के लिए यूज किया जा सकेगा, जिससे उन्हें भी फायदा होगा।

जल्दी ही राशन टेक्‍नोलॉजी बेस्‍ड भी हो जाएगा। इससे राशन कब कहां पहुंचा, कितना राशन बांटा गया और कहां राशन स्टोर किया गया है, इसकी पूरी जानकारी डिजिटल रूप में भी उपलब्ध होगी।। स्‍मार्ट डिवाइस और ट्रांसपैरेंसी टूल इसमें शामिल किए जाएंगे, जिससे राशन की चोरी नहीं होगी और ब्‍लैक मार्केटिंग कम होगी।