बच्चे के जन्म के साथ ही उसका ईमेल अकाउंट बनाना और उस पर रोज एक मेमोरी भेजना आज की डिजिटल दुनिया का एक शानदार आइडिया है। बॉलीवुड अभिनेत्री आलिया भट्ट ने भी अपनी बेटी राहा के लिए यही तरीका अपनाया है, जिससे उनके बचपन का हर खूबसूरत लम्हा डिजिटल रूप में सुरक्षित हो रहा है। अगर आप भी अपने बच्चे के बचपन को हमेशा के लिए संजोना चाहते हैं, तो यह तरीका आपके लिए भी बेस्ट साबित हो सकता है। जानते हैं ये एक छोटा सा ईमेल हैक कैसे आका रिश्ता और स्ट्रॉन्ग कर सकता है? जानते हैं आगे...
आलिया भट्ट वाला ईमेल का तरीका आपको क्यों अपनाना चाहिए?
भागदौड़ भरी जिंदगी में हाथों से डायरी लिखना या फोटो एल्बम बनाना हर किसी के लिए संभव नहीं हो पाता। आलिया भट्ट का यह ईमेल वाला हैक बेहद मॉडर्न है।
- इसमें समय और अनुशासन की कोई बंदिश नहीं होती। आप जब चाहें, अपने फोन से तुरंत एक ईमेल भेज सकते हैं।
- यह पूरी तरह से फ्री है और इसके लिए किसी महंगे ऐप या स्टोरेज सब्सक्रिप्शन की जरूरत नहीं पड़ती।
- सबसे खास बात यह है कि यह एक 'लाइव मेमोरी बुक' की तरह काम करता है, जो वक्त के साथ अपने आप अपडेट होती रहती है।
- जब आपका बच्चा 15 या 18 साल का होगा, तब आप उसे इस ईमेल का पासवर्ड देकर एक ऐसा डिजिटल टाइम कैप्सूल सौंप सकते हैं, जिसकी कीमत दुनिया के किसी भी तोहफे से बड़ी होगी।
बच्चे को भेजे जाने वाले ईमेल में क्या-क्या सहेजें?
इस ईमेल अकाउंट को सिर्फ संदेशों तक सीमित न रखें। इसमें अपने बच्चे की दिनचर्या और खास पलों से जुड़ी हर छोटी-बड़ी बात शामिल कर सकते हैं:
- तस्वीरें और छोटी वीडियो क्लिप्स: बच्चे की पहली मुस्कान, पहली बार चलना या कोई फनी हरकत कैप्चर करना।
- ऑडियो क्लिप्स: उनकी तोतली आवाज में बोले गए शब्द, पहली बार बोले गए नाम या उनका हंसना।
- छोटी-छोटी डायरी एंट्री: किसी खास पारिवारिक ट्रिप का अनुभव या उस दिन बच्चे ने क्या नया सीखा।
- माता-पिता की भावनाएं: उस वक्त एक पेरेंट के तौर पर आप कैसा महसूस कर रहे थे, आपकी क्या उम्मीदें और प्यार भरे विचार थे।
बच्चों के नाम ईमेल अकाउंट बनाने के प्रमुख फायदे
डिजिटल मेमोरी बनाने के अलावा इसके कई फायदे भी हैं-
- बच्चा जब बड़ा होगा, तब तक उसके नाम के सिंपल ईमेल एड्रेस खत्म हो चुके होंगे। जन्म के समय ही अकाउंट बनाने से उसे एक क्लीन और प्रोफेशनल यूजरनेम मिल जाता है।
- फोन या हार्ड ड्राइव खराब हो सकती है, लेकिन क्लाउड (जैसे जीमेल) पर मौजूद डेटा सालों-साल सुरक्षित रहता है।
- सालों पुरानी किसी खास तारीख या घटना को ढूंढना ईमेल सर्च बार के जरिए सेकंडों का काम बन जाता है।
ईमेल के जरिए माता-पिता और बच्चे का रिश्ता कैसे मजबूत होता है?
यह केवल यादें सहेजने का माध्यम नहीं है, बल्कि यह पीढ़ियों के बीच इमोशनल कनेक्शन का काम करता है।
- जब बच्चा बड़ा होकर इन ईमेल्स को पढ़ेगा, तो उसे एहसास होगा कि उसके माता-पिता ने उसके बचपन के हर पल को कितनी शिद्दत से संजोया है।
- बच्चा यह देख पाएगा कि जब वह छोटा था, तब उसके माता-पिता किस दौर से गुजर रहे थे और उनके विचार क्या थे। इससे उनके बीच का सम्मान और प्यार कई गुना बढ़ जाता है।
- यह तरीका बच्चे को यह यकीन दिलाता है कि वह अपने जन्म के पहले दिन से ही अपने माता-पिता के दिल के करीब रहा है।
निष्कर्ष
आलिया भट्ट का यह ईमेल हैक आज के डिजिटल युग में अपने बच्चे को दिया जाने वाला सबसे अनमोल और भावुक उपहार है। तस्वीरें धुंधली पड़ सकती हैं और यादें धुंधला सकती हैं, लेकिन ईमेल पर दर्ज हर शब्द और तस्वीर आपके बच्चे के बचपन को हमेशा के लिए ताजा रखेगी।
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Images: magnific/instagram (Alia Bhatt)
