हम सभी ट्रेन से ट्रैवल जरूर करते हैं। जब हम स्टेशन पर अपनी ट्रेन का इंतजार करते हैं तो और भी कई ट्रेनों को वहां से गुजरते हुए देखते हैं। ऐसे में आपने कभी न कभी तो ध्यान दिया ही होगा कि ट्रेन के आखिरी कोच पर पीछे बड़ा सा X लिखा होता है। आमतौर पर लोग इसे सिर्फ एक निशान ही समझते हैं, लेकिन इसका कनेक्शन रेलवे की सुरक्षा से होता है।

यह निशान यात्रियों के लिए नहीं, बल्कि रेलवे के कर्मचारियों और स्टेशन पर तैनात अधिकारियों के लिए होता है। इसकी मदद से यह पता चलता है कि पूरी ट्रेन सुरक्षित तरीके से गुजर चुकी है। आइए जानते हैं कि ट्रेन के आखिरी डिब्बे पर X क्यों लिखा जाता है, इसका क्या मतलब होता है और अगर यह निशान दिखाई न दे, तो क्या होता है?

ट्रेन के आखिरी डिब्बे पर X क्यों लिखा होता है?

ट्रेन के आखिरी डिब्बे पर बना X का साइन इस बात का संकेत होता है कि यही ट्रेन का आखिरी कोच है। इसका मतलब है कि पूरी ट्रेन बिना किसी डिब्बे के छूटे स्टेशन से गुजर चुकी है। यह एक अहम सुरक्षा का संकेत होता है, जिससे रेलवे कर्मचारियों को तुरंत जानकारी मिल जाती है कि ट्रेन पूरी है।

यह भी पढ़ें- 1 ट्रेन, 7 दिन का सफर और 8 टाइम जोन... दुन‍िया के सबसे लंबे रेल रूट के बारे में क‍ितना जानती हैं आप?

यह निशान किसके लिए होता है?

बहुत से लोगों को लगता है कि यह यात्रियों के लिए बनाया जाता है, लेकिन ऐसा नहीं है। असल में यह निशान स्टेशन मास्टर, गार्ड, सिग्नल स्टाफ और दूसरे रेलवे कर्मचारियों के लिए होता है। जब ट्रेन किसी स्टेशन से गुजरती है, तो कर्मचारी आखिरी डिब्बे पर बने X को देखकर यह सुनिश्चित करते हैं कि ट्रेन का कोई हिस्सा पीछे नहीं छूटा है।

 

अगर X दिखाई न दे तो क्या होता है?

अगर किसी ट्रेन के आखिरी डिब्बे पर X का निशान नहीं दिखता है, तो रेलवे इसे नॉर्मल नहीं मानता है। ऐसी कंडीशन में यह आशंका हो सकती है कि ट्रेन का कोई डिब्बा रास्ते में अलग हो गया है या कोई दूसरी टेक्निकल प्रॉब्लम की वजह से यह समस्या हुई है। ऐसे में रेलवे कर्मचारी तुरंत कंट्रोल रूम को इंफॉर्म करते हैं और तुरंत इसकी जांच शुरू की जाती है।

यह भी पढ़ें- 2 घंटे से ज्यादा लेट हुई राजधानी या शताब्दी, तो IRCTC देगी मुफ्त खाना; जानें नियम

LV बोर्ड का क्या मतलब है?

अगर आपने ध्यान दिया हो, तो कई ट्रेनों के आखिरी डिब्बे पर LV लिखा एक छोटा बोर्ड भी लगा होता है। LV का पूरा मतलब Last Vehicle है, यानी यह ट्रेन का आखिरी डिब्बा है। यह भी X की तरह एक सुरक्षा का संकेत होता है और रेलवे कर्मचारियों को यह बताता है कि पूरी ट्रेन गुजर चुकी है।

आखिरी डिब्बे पर लाल लाइट क्यों होती है?

आपने एक चीज यह भी नोटिस की होगी कि रात के समय आखिरी डिब्बे पर लाल रंग की टेल लाइट या ब्लिंकिंग रेड लाइट भी जलती रहती है। इसका काम भी यही है कि यह ट्रेन का आखिरी डिब्बा है।

यह भी पढ़ें- ट्रेन में ऐसे तय होते हैं सीट नंबर, इस ट्रिक से आप भी कर लेंगी पहचान

क्या हर ट्रेन में यह निशान होता है?

आमतौर पर इंडियन रेलवे की पैसेंजर्स ट्रेनों में आखिरी डिब्बे पर X या उसके साथ LV का संकेत जरूर लगाया जाता है। दिन में X और रात में लाल टेल लाइट से यह पता लग जाता है कि ट्रेन पूरी तरह सुरक्षित तरीके से गुजर चुकी है।

तो अगर आपको अभी तक इसके बारे में जानकारी नहीं थी, तो हमने आपको विस्तार से सब कुछ बता दिया है। साथ ही अगर आपको ये स्टोरी अच्छी लगी है, तो इसे शेयर जरूर करें। ऐसी ही अन्य स्टोरी पढ़ने के लिए जुड़ी रहें हरजिंदगी से।

Image Credit- Freepik/Ixigo