बचपन में एक-दूसरे के खिलौने चुराने से लेकर बड़े होकर हर छोटी-बड़ी मुश्किल में साथ खड़े होने तक, भाई-बहन का रिश्ता जिंदगी का सबसे खास होता है। पेरेंट्स के बाद यही एक ऐसा रिश्ता है जो हमारे साथ जिंदगी भर के लिए बना रहता है, लेकिन कई बार उम्र बढ़ने के साथ-साथ इस रिश्ते में भी दूरियां आने लगती हैं।
आपसी गलतफहमियां, पैसों या जिम्मेदारियों को लेकर बहस और शिकायतें इतना बढ़ जाती हैं कि बातचीत भी बंद हो जाती है। ऐसे ही समय में रिश्ते को टूटने से बचाने और सालों पुरानी कड़वाहट को दूर करने के लिए आज सिबलिंग थेरेपी (Sibling Therapy) काफी पॉपुलर हो रही है। इसका पूरा फोकस सिर्फ और सिर्फ भाई-बहन के बीच के रिश्ते को सुलझाने पर होता है। आज हम आपको इसी थेरेपी के बारे में जानकारी दे रहे हैं। आइए जानते हैं-
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Sibling Therapy क्या होती है?
आपको बता दें कि सिबलिंग थेरेपी असल में फैमिली थेरेपी का ही एक पार्ट है। इसका पूरा फोकस भाई-बहन के रिश्ते में मिठास घोलना होता है। जब आपस की बातचीत पूरी तरह बंद हो जाए या बात-बात पर झगड़े होने लगें, तब यह थेरेपी दोनों को एक साथ बिठाकर मन की कड़वाहट निकालने और प्यार बढ़ाने का काम करती है।
भाई-बहन के रिश्ते में दूरियां क्यों बढ़ने लगती हैं?
ऐसा होता है कि जैसे-जैसे समय बीतता जाता है, तो जिंदगी में कई बदलाव आते हैं। ऐसे में इसका असर रिश्तों पर भी पड़ता है। अक्सर भाई-बहनों के बीच इन वजहों से दूरियां आने लगती हैं-
- बचपन की जलन या एक-दूसरे से मुकाबला करने की आदत बड़े होने पर भी बने रहना।
- सौतेले भाई-बहनों के बीच प्यार न होना।
- पेरेंट्स की जिम्मेदारी किसी एक पर ही आना।
- परिवार में किसी भी कारण बातचीत का बंद होना।
Sibling Therapy कैसे रिश्ते को बेहतर बनाने में मदद करती है?
जागरण में छपी एक खबर के मुताबिक, यह थेरेपी भाई-बहन को सुरक्षित माहौल देती है। यहां वे बिना डरे अपने दिल की बात कह पाते हैं। जैसे- जो बातें सालों से मन में दबी हैं, उन्हें कह पाना। इससे दोनों के बीच बचपन जैसी बॉन्डिंग होने लगती है। एक-दूसरे की मजबूरियों समझ में आती हैं।
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भाई-बहनों के बीच बातचीत सुधारने में थेरेपी की क्या भूमिका है?
कई बार हम अपने भाई या बहन से बात तो करना चाहते हैं, लेकिन समझ नहीं आता है कि शुरुआत कैसे करें। ऐसे में यह थेरेपी अपना काम करती है। यहां कोई किसी को गलत साबित करने नहीं बैठता है बल्कि अपनी फीलिंग्स को सही तरीके से एक्सप्रेस कर पाता है।
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Disclaimer: यह लेख केवल सामान्य जानकारी और जागरूकता के लिए लिखा गया है। अगर आपके या आपके परिवार में रिश्तों को लेकर गंभीर तनाव है, तो किसी एक्सपर्ट काउंसलर या थेरेपिस्ट से सलाह जरूर लें।
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Source- https://www.apa.org/monitor/2022/03/feature-sibling-relationships
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