हमारे देश में महिलाएं अक्सर हड्डियों और जोड़ों के दर्द से जूझती नजर आती हैं। यह भी सच है कि भारत में ऑस्टियोअर्थराइटिस के मरीजों की संख्या इतनी ज्यादा है कि यह दुनिया में अर्थराइटिस की राजधानी के तौर पर जाना जाने लगा है। एक आंकड़े के अनुसार देश में साल 2025 तक इससे पीड़ित मरीजों की संख्या 60 मिलियन तक पहुंच जाएगी। लेकिन सबसे चिंताजनक बात यह है कि भारत में पुरुषों से ज्यादा महिलाएं अर्थराइटिस की शिकार हैं। 

हेल्दी डाइट से मिलता है रिलीफ

अगर आप भी अर्थराइटिस की समस्या से जूझ रही हैं तो आपको इसके लिए स्ट्रेस लेने की जरूरत नहीं है। एक नई स्टडी में यह बात सामने आई है कि ऑस्टियोअर्थराइटिस में पालक, ब्रोकोली, पत्तागोभी और अजमोद का सेवन विशेष रूप से फायदेमंद है। ब्रिटेन की सरे यूनिवर्सिटी की इस ताजातरीन स्टडी में यह बात सामने आई है कि इन सब्जियों के सेवन से हड्डी और जोड़ों के दर्द में राहत महसूस होती है। इस स्टडी के दौरान शोधकर्ताओं ने 60 से ज्यादा इंटरनेशनल स्टडीज को एनालाइज किया और वे इस नतीजे पर पहुंचे कि पालक, ब्रोकोली, पत्तागोभी और अजमोद को अपनी डाइट में रेगुलर बेसिस पर शामिल करने से शरीर को पर्याप्त ऊर्जा मिलती है। इससे हड्डियों और मांसपेशियों में होने वाली टूट-फूट को ठीक करने में मदद मिलती है।

joint pain in

वजन पर रखें काबू

अगर आपका वजन ज्यादा है तो आपकी ऑस्टियोअर्थराइटिस की प्रॉब्लम और भी ज्यादा बढ़ सकती है। अगर आपका वेट ज्यादा हो तो इससे बोन्स और मसल्स पर एक्स्ट्रा प्रेशर पड़ता है। दरअसल एक्स्ट्रा वेट आपके हिप्स, घुटनों, एड़ी और पैरों पर काफी प्रेशर डालता है। इससे कार्टिलेज घिस जाने और जोड़ों में दर्द और सूजन बढ़ने की आशंका पैदा हो जाती है।  

लीड रिसर्चर प्रोफेसर अली मोबाशेरी ने चेतावनी दी कि अगर आप ओवरवेट हैं, ड्रिक और स्मोक भी बहुत ज्यादा करते हैं तो आप डाइट में बदलाव लाकर भी बीमारी ठीक होने की उम्मीद नहीं कर सकते।' अच्छी डाइट लेने और रेगुलर एक्सरसाइज दोनों से ही इस प्रॉब्लम में काफी रिलीफ महसूस होता है।

आंकड़े भी इस बात की तस्दीक करते हैं कि स्मोकिंग और हैवी ड्रिंकिंग से शरीर का मेटाबॉलिज्म प्रभावित होता है, जिससे शरीर में जलन और बीमारी होने की आशंका बढ़ जाती है।