मां बनाना दुनिया का सबसे अच्‍छा अनुभव है। लेकिन प्रेग्‍नेंसी में महिलाओं को अपनी डाइट का खास ध्‍यान रखना चाहिए। जी हां महिलाओं को प्रेग्‍नेंसी में अच्‍छी और बैलेंस डाइट लेनी चाहिए। क्‍योंकि सही पोषण मां की हेल्‍थ और होने वाले बच्‍चे के विकास दोनों के लिए बेहद जरूरी होता है। ऐसे में डायबिटीज से ग्रस्‍त प्रेग्‍नेंट के लिए डाइट और भी ज्‍यादा चिंता का विषय बन जाता है। सही समय पर और बैलेंस डाइट लेने से प्रेग्‍नेंट के ग्लूकोज लेवल को बहुत अधिक या बहुत कम होने से रोका जा सकता हैं। अच्छी तरह से भोजन करने से भी इंसुलिन की जरूरत से बचने में मदद मिलती हैं। इसके अलावा प्रेग्‍नेंट कुछ फूड्स को अपनी डाइट में शामिल कर डायबिटीज को आसानी से कंट्रोल कर सकते हैं।

इस बारे में जानने के लिए हमने न्यूट्रिशनिस्ट मेघा मुखीजा से बात की तब उन्‍होंने हमें बताया कि ''हालांकि प्रेग्‍नेंसी में हम महिलाओं को कुछ भी खाने से मना नहीं करते है। थोड़ा-थोड़ा सब कुछ खाने के लिए कहते हैं। क्‍योंकि महिलाओं को प्रेग्‍नेंसी के दौरान कुछ खास चीजों को खाने की क्रेविंग बहुत ज्‍यादा होती है। लेकिन फिर भी प्रेग्‍नेंसी में डायबिटीज को कंट्रोल में रखने के लिए महिलाएं को अपनी डाइट का ध्‍यान रखना चाहिए और कुछ चीजों को डाइट में शामिल करना चाहिए। ताकी वह आसानी से इस क्रेविंग और डायबिटीज को कंट्रोल कर सकें। न्यूट्रिशनिस्ट मेघा मुखीजा: 2016 से Health Mania में चीफ डा‍इटीशियन और फाउंडर है।

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10 बादाम रोजाना लें
almonds for diabetes inside

युं तो बादाम हर किसी की हेल्‍थ के लिए बहुत अच्‍छा होता है। लेकिन क्‍या आप जानती हैं कि ये प्रेग्‍नेंसी में आपके ब्‍लड शुगर को भी कंट्रोल में रखता है। आपका जब भी स्‍नैक्‍स खाने का मन करें तो आप 10 बादाम खा सकती हैं। जी हां बिस्‍कुट और चिप्‍स खाने से इसमें मौजूद कार्बोहाइड्रेट शुगर को बढ़ा सकता है। लेकिन नट्स में मौजूद लो कार्बोहाइड्रेट शुगर को कंट्रोल में रखते हैं। बादाम को "लो ग्लाइसेमिक इंडेक्स फूड" भी माना जाता है। इंसुलिन लेवल के ना बढ़ने से डायबिटीज होने का खतरा कम हो जाता है।

 

सलाद को करें शामिल

प्रेग्‍नेंसी में डायबिटीज को कंट्रोल करने का सबसे अच्‍छा तरीका सलाद है। जी हां खाने में रोटी और सब्‍जी में मौजूद कार्बोहाइड्रेट के कारण ग्‍लाइसेमिक इंडेक्‍स बढ़ जाता है। (ग्लाइसेमिक इंडेक्स (GI) वह माप है, जिससे पता लगाया जाता है कि किसी खाने की चीज में मौजूद कार्बोहाइड्रेट कितनी देर में ग्लूकोज बनता है और फिर उससे ब्लड शुगर लेवल बढ़ता है), जिससे ब्‍लड शुगर लेवल बढ़ने लगता हैं। लेकिन सलाद खाने से ग्‍लाइसेमिक इंडेक्‍स स्‍लो हो जाता है और खाने को पचाने में समय लगता है। जिससे आसानी से ब्‍लड शुगर कंट्रोल में रहता है। 

अंडे भी है फायदेमंद
diabetes in pregnancy inside 

अंडे को भी प्रेग्‍नेंट महिला को अपनी डाइट में शामिल करना चाहिए। इससे डायबिटीज को कंट्रोल में किया जा सकता है। अंडे को आप अपने खाने में या स्‍नैक्‍स के रूप में शामिल कर सकती हैं। इसमें भी कार्बोहाइड्रेट की मात्रा बहुत कम होती है। साथ ही अंडे में प्रोटीन, कैल्शियम और ओमेगा-3 फैटी जैसे पोषक तत्व पाए जाते हैं। इसके अलावा अंडे में कोलीन नामक तत्‍व पाया जाता है जो बच्‍चे के ब्रेन विकास बहुत जरूरी होता है। जी हां कोलीन एक ऐसा न्‍यूट्रीएंट है जो ब्रेन को सिग्‍नल देने का काम करता है। जो मेटाबॉलिक पाथवेज के लिए जरूरी होता है और न्यूरोट्रांसमीटर की तरह काम करता है। इससे मेमोरी अच्छी होती है। 

दही का कमाल 

दही से भी आप प्रेग्‍नेंसी में डायबिटीज को आसानी से कंट्रोल कर सकती हैं। जी हां दही में प्रोबायोटिक होता है ये हमारी आंत में रहने वाले मित्र बैक्टीरिया हैं और हमारी हेल्‍थ के लिये बेहद फायदेमंद हैं। ये बैक्टीरिया भोजन को पचाने, कोलेस्ट्रॉल के लेवल को कम करने, पोषक तत्वों को सोखने और इम्‍यूनिटी को बढ़ाने में मददगार साबित होते हैं। प्रोबायोटिक को अच्छा बैक्टीरिया माना जाता है।

चिया सीड्स का जादू
chia seeds for diabetes inside

डायबिटीज से परेशान प्रेग्‍नेंट के लिए खाने में फाइबर युक्‍त चीजों को शामिल करना बेहद फायदेमंद होता है और चिया सीड्स में फाइबर की मात्रा बहुत ज्‍यादा होती है। फाइबर आपके पेट को भरा हुआ रखता है, आसानी से पचता है और आपके पेट को भी साफ़ बनाए रखने में मदद करता है। साथ ही इसमें ओमेगा-3 फैटी एसिड और कैल्शियम भी भरपूर मात्रा में होता है। चिया सीड्स में खाने से आप डायबिटीज को कंट्रोल में रख सकती है।

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फाइबर वाले राजमा
kidney beans for diabetes inside

आपको शायद सुनने में थोड़ा अजीब लग रहा होगा कि भला राजमा कैसे? क्‍योंकि इसे खाने से पेट में गैस बनता है। इसलिए इसे प्रेग्‍नेंसी में खाने के लिए मना किया जाता है। लेकिन मेघा मुखिजा का कहना हैं कि अगर आप इसे सही तरीके से इस्‍तेमाल करती हैं यानि आठ घंटे भिगोकर फिर उबालकर इस्‍तेमाल करती हैं तो इसके नुकसान नहीं फायदे होते हैं और ये आपके डायबिटीज को भी कंट्रोल में रखता है। रेड किडनी बीन्स में ग्लाइसेमिक इन्डेक्स कम होता है और ऐसे फूड्स विटामिन और फाइबर युक्त होते हैं, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि ये पूरी तरह से ब्लड ग्लूकोज लेवल को कंट्रोल में कर लेते हैं। रेड किडनी बीन्स में कम प्रोटीन, अच्छे क्वालिटी का कार्बोहाइड्रेड और फाइबर प्रचुर मात्रा में पाया जाता है, जो डायबिटीज को आसानी से कंट्रोल में करता है। इसमें बहुत अधिक मात्रा में एंटीऑक्‍सीडेंट होते हैं जो शुगर रोगी के ब्‍लड से इंसुलीन को सोख लेता है।

अगर आप भी प्रेग्‍नेंट हैं और डायबिटीज से परेशान हैं तो इन फूड्स को अपनी डाइट में शामिल कर आप आसानी से अपनी डायबिटीज को कंट्रोल में रख सकती हैं।

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