नाखून चबाना एक आम आदत हो सकती है जो स्वाभाविक रूप से बड़े होने तक ठीक हो जाती है। लेकिन कई बार बच्चों की ये आदत किसी समस्या का कारण भी बन सकती है। इस आदत से उनमें कई तरह की समस्याएं जैसे पेट खराब होना, पेट में कीड़े होना, उंगलियों और नाखूनों के आस-पास की स्किन का खराब होना आदि।  किसी भी समस्या से बचने के लिए बच्चों में इन आदतों को छुड़ाना जरूरी है। आइए डर्मेटोलॉजिस्ट विप्लव कांबले से जानें बच्चों में नाखून चबाने के कारणों और इससे बचने के उपायों के बारे में। 

बच्चों में नाखून चबाने के कारण

nail biting reason

चिंता, तनाव और आराम जैसे विभिन्न कारणों से बच्चे अपने नाखून चबाने लगते हैं। कुछ आम कारण जैसे पढ़ाई में ध्यान न दे पाना या फिर टीवी देखने में ध्यान केंद्रित करना जैसे कारणों से भी बच्चे नाखून चबाने लगते हैं। आइए जानें बच्चों में नाखून चबाने के मुख्य कारणों के बारे में -

आराम के लिए

बचपन में नवजात शिशु और बच्चे एक आत्म-सुखदायक क्रिया के रूप में अपना अंगूठा चूसते हैं जो कि एक स्वाभाविक बात है। जब वे खेल रहे होते हैं या अकेले होते हैं तो यह क्रिया उन्हें आराम प्रदान करती है। नाखून चबाना अंगूठा चूसने का एक रूप है जो बच्चों के बड़े होने पर विकसित होता है। इसलिए बच्चे और यहां तक कि किशोर भी अपने नाखूनों को दांतों से काटते हैं क्योंकि इससे उन्हें आराम मिलता है।

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किसी काम में बोरियत

जब बच्चे किसी बात से ज्यादा ऊब जाते हैं या उनका मन किसी काम में नहीं लगता है तब वो नाखून काटते हैं। यह तब भी देखा जा सकता है जब वे किसी गतिविधि में शामिल नहीं होते हैं और उनके हाथ खाली होते हैं जैसे कि टीवी देखने या क्लास अटेंड करने के दौरान।

तनाव को दूर करने के लिए

stress relief

घर या स्कूल में ऐसी स्थितियां जो तनाव या चिंता का कारण बन सकती हैं, बच्चों में नाखून चबाने की आदत को विकसित कर देती हैं। बहुत सारी तनावपूर्ण स्थितियां हैं जो बच्चों को चिंतित कर सकती हैं जैसे:परिवार के सदस्यों या माता-पिता के बीच लड़ाई, पढ़ाई के दौरान ध्यान न लगा पाना आदि।  

आनुवंशिकी

इस बात की भी काफी हद तक संभावना है कि आपकी आदतें आपके जीन के माध्यम से आपके बच्चों तक पहुंच जाएं। यदि आप बचपन में अपने नाखून काटते थे, तो संभावना है कि आपके बच्चे भी अपने नाखून काट सकते हैं।

एक बच्चे में नाखून काटने की आदत को कैसे रोकें 

बच्चे की चिंता को समझें 

यदि आप देखते हैं कि आपका बच्चा अधिक बार अपने नाखून काटता है, जब वह तनाव में होता है या स्कूल बदलने, अलग जगह पर जाने या परिवार के भीतर लड़ाई झगड़ों जैसे मुद्दों के बारे में चिंतित होता है, तो उससे बात करने के लिए समय निकालें। एक अच्छा समय खोजें जब वह सही मूड में हो और उन चीजों पर चर्चा करने के लिए उससे जुड़ें जिनके बारे में वह चिंतित हो सकता है।

उनके नाखूनों को नियमित रूप से ट्रिम करें

trimming nails

बच्चों के नाखूनों को ट्रिम करना उन्हें डेंटन से काटने की उनकी इच्छा को कम करने का एक अच्छा तरीका हो सकता है। हर हफ्ते बच्चे के नाखूनों को क्लिप और फाइल करें, ताकि कोई खुरदुरा किनारा न हो जो उन्हें इसे कुतरने के लिए प्रेरित करे। (रात में नाखून काटना शुभ या अशुभ)

उनके लिए कोई अन्य विकल्प चुनें 

उनकी चिंता और बेचैनी को दूर करने के लिए उन्हें कुछ और विकल्प दें। चिंता को दूर करने के लिए स्ट्रेस बॉल बहुत अच्छी होती है। इसे अपने हाथों से घुमाने से बच्चों को आराम करने का बेहतर तरीका मिल सकता है। इसके अलावा आप बच्चों को अन्य किसी प्रतिक्रिया में व्यस्त रखें जैसे पज़ल सॉल्व करना आदि। और परियोजनाएँ जो उनके हाथों को व्यस्त रखती हैं, एक और अच्छा विकल्प है।

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उन्हें इस गलत आदत की जानकारी दें 

नाखून काटने जैसी आदतें ज्यादातर अचेतन होती हैं। आपके बच्चे को ज्यादातर समय पता नहीं चलेगा कि वे ऐसा कर रहे हैं और इसलिए जब आप उन्हें रोकने के लिए चिल्लाते हैं तो हैरान हो जाते हैं। बच्चे से बात करें कि उन्हें नाखून काटने का क्या कारण है और जब वे ऐसा करते हैं तो उन्हें इसकी याद दिलाने के लिए अन्य तरीके सुझाएं। 

डॉक्टर की सलाह दें 

यदि आपके बच्चे की ये आदत ज्यादा बढ़ जाए तो डॉक्टर की सलाह लें और डॉक्टरी परामर्श पर अमल करें। कई बार डॉक्टर बच्चों की इस समस्या से राहत पाने के लिए कुछ दवाओं की सलाह भी दे सकता है। 

एक्सपर्ट के बताए इन उपायों से आप बच्चों में नाखून चबाने की आदत से काफी हद तक राहत पा सकती हैं और उन्हें कई अन्य बीमारियों से भी बचा सकती हैं। 

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Image Credit: freepik