By Priyanka 26 February 2021 www.herzindagi.com

विटामिन बी
के फायदे

हेल्‍दी रहने के लिए कई तरह के विटामिन्‍स और मिनरल्‍स की जरूरत होती है। इनमें से एक है विटामिन बी-कॉम्‍प्‍लेक्‍स जो आपको कई बीमारियों से दूर रखता है।

# इम्यूनिटी करें मजबूत

अगर आप अपनी इम्‍यूनिटी को मजबूत करना चाहती हैं तो विटामिन बी से भी भरपूर फूड्स अपनी डाइट में शामिल करें। इसके साथ ही फोलेट, जिसे विटामिन बी के रूप में भी जाना जाता है वह भी इम्‍यूनिटी को बढ़ावा देता है।

# हेल्दी ब्रेन

फोलिक एसिड और विटामिन बी 12 डिप्रेशन का उपचार करने में मदद करते हैं। विटामिन-बी चिंता और तनाव को दूर करने में मदद करता है।

# एनीमिया का इलाज

विटामिन बी 12 की कमी से एनीमिया का सबसे आम रूप हो सकता है जिसे पेरिनेमिया एनीमिया कहा जाता है। इस तरह के एनीमिया में पर्याप्त हेल्‍दी रेड ब्‍लड सेल्‍स की कमी हो जाती है।

# बढ़ाएं आंखों की रोशनी

बी-कॉम्प्लेक्स विटामिन की कमी को दोषपूर्ण दृष्टि से जोड़ा जाता है। विटामिन बी 12 की कमी से ऑप्टिक न्यूरोपैथी की समस्‍या भी हो सकती है। इसलिए हेल्दी आंखों के लिए डाइट में विटामिन बी से भरपूर फूड्स को शामिल करें।

# स्वस्थ रहेगा पाचन तंत्र

सिरोसिस और हेपेटाइटिस सहित लीवर रोगों के कई मामलों में विटामिन बी 12 की कमी देखी गई। विटामिन बी 5 (पैंटोथेनिक एसिड) कब्ज की समस्‍या को कम कर सकता है। डाइजेशन पर बी विटामिन के विभिन्न लाभ पाए गए हैं।

# हार्मोनल हेल्थ

बी-कॉम्प्लेक्स विटामिन एस्ट्रोजन के मेटाबॉलिज्‍म और एक्टिविटी में शामिल होता है। विटामिन बी 6 पिट्यूटरी हार्मोन के विनियमन से जुड़ा हुआ है।

# माइग्रेन से राहत

विटामिन बी-2 के सप्‍लीमेंट बड़ों और बच्‍चों दोनों में माइग्रेन से राहत देने में मदद करते हैं। यह बिना किसी साइड इफेक्‍ट के माइग्रेन के हमलों की आवृत्ति और अवधि को कम कर सकते हैं।

# हेल्‍दी प्रेग्‍नेंसी

विटामिन बी 9 शिशुओं में जन्म दोषों को रोकने के लिए जाना जाता है। विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार, प्रेग्‍नेंसी के दौरान विटामिन बी 6 भी प्रमुख भूमिका निभाता है। यह प्रेग्नेंसी के दौरान होने रिस्क को कम करने में मदद करता है।

# दिल रहेगा हेल्दी

विटामिन बी की कमी से ऊर्जा भंडार कम हो सकता है जो हृदय की विफलता के रोगियों में मायोकार्डियल डिसफंक्शन से जुड़ा हुआ है। विटामिन बी 1 की कमी से बेरीबेरी हो सकता है, एक बीमारी जो नसों की सूजन और बाद में दिल की विफलता होती है।